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हिमाचल में मानसून ने तबाह किए 477 घर, 1237 करोड़ का नुकसान; सप्ताहभर कैसा रहेगा मौसम?

By Digital Desk Edited By: Rajesh Sharma
Published: Sat, 05 Sep 2026 12:05 PM (IST)

हिमाचल प्रदेश में मानसून कमजोर पड़ गया है, अगले सात दिनों तक भारी बारिश की कोई चेतावनी नहीं है। हालांकि, ...और पढ़ें

हिमाचल प्रदेश में मानसून की तबाही में 477 घर ध्वस्त हुए हैं। जागरण आर्काइव

हिमाचल प्रदेश में मानसून की तबाही में 477 घर ध्वस्त हुए हैं। जागरण आर्काइव

HighLights

  1. मानसून कमजोर, अगले सात दिन भारी बारिश की चेतावनी नहीं।

  2. 477 घर ध्वस्त, 1237 करोड़ का नुकसान, 267 मौतें।

  3. 92 सड़कें, 44 ट्रांसफार्मर, 25 पेयजल योजनाएं प्रभावित।

राज्य ब्यूरो, शिमला। हिमाचल प्रदेश में मानसून कमजोर हो गया है। बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम वर्षा दर्ज की गई। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार, राहत की बात यह है कि आगामी 7 दिनों 5 से 11 सितंबर तक प्रदेश में किसी भारी वर्षा की कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है। 

पूरे सीजन में 144 पक्के और 333 कच्चे कुल 477 मकान पूरी तरह ध्वस्त हुए, जबकि 1,068 घर आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुए हैं। प्रशासन द्वारा प्रभावित क्षेत्रों में सड़कों, पानी और बिजली की सेवाओं को बहाल करने के लिए युद्धस्तर पर कार्य किया जा रहा है।

1237 करोड़ का नुकसान, 267 मौतें

राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की 30 जून से 4 सितंबर 2026 तक की रिपोर्ट के अनुसार  मानसून से संबंधित विभिन्न प्राकृतिक आपदाओं (भूस्खलन, बाढ़, बादल फटना आदि) में 108 लोगों की अकाल मृत्यु हो चुकी है, जबकि सड़क हादसों में 159 लोगों की जान गई है।

लोक निर्माण विभाग, जल शक्ति विभाग, बिजली बोर्ड और निजी संपत्ति का कुल  1237.15 करोड़ से अधिक का नुकसान दर्ज किया जा चुका है।

92 सड़कें और 44 बिजली ट्रांसफार्मर प्रभावित

राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र की रिपोर्ट के अनुसार मानसूनी वर्षा और भूस्खलन के कारण बुनियादी ढांचे को लगातार नुकसान पहुंचा है। राज्यभर में कल शाम बंद सड़कों की संख्या 87 थी, जो आज बढ़कर 92 हो गई है। अकेले मंडी जिले में 47, कुल्लू में 22, कांगड़ा में 8, सिरमौर में 5, ऊना में 4, सोलन में 3, शिमला में 2 और लाहुल-स्पीति में 1 सड़क बाधित है।

बिजली व पानी

राज्य में 44 बिजली ट्रांसफार्मर ठप हैं, जिनमें से मंडी में 23, कुल्लू में 11 और शिमला में 10 ट्रांसफार्मर प्रभावित हैं। इसके अलावा प्रदेश की 25 पेयजल योजनाएं ठप पड़ी हैं जिनमें हमीरपुर में 17, सोलन में 3, चंबा में 3 और शिमला में 2 शामिल हैं।  

बीते 24 घंटों में कहां कितनी बारिश

बीते चौबीस घंटों में धर्मशाला (कांगड़ा) में सर्वाधिक 30.2 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। इसके अलावा बिलासपुर के  बीबीएमबी में 21.4 मिलीमीटर, ऊना के रायपुर मैदान में 18, चंबा के जोत में 12.6 और पालमपुर में 12 मिलीमीटर वर्षा हुई।

केलंग से ठंडा स्थान

सबसे गर्म स्थान बिलासपुर 32.5 डिग्री जबकि सबसे ठंडा स्थान केलंग का न्यूनतम तापमान 11 डिग्री रहा। 

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