यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 25, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Himachal News: 'नीति आयोग की बैठक का बहिष्कार करना दुर्भाग्यपूर्ण...', सुक्खू सरकार के फैसले पर बोले जयराम ठाकुर
हिमाचल प्रदेश सरकार ने नीति आयोग की बैठक (NITI Aayog Meeting) का बहिष्कार कर दिया है। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने अब सुक्खू सरकार पर निशाना साधा ह ...और पढ़ें

HighLights
- देशवासियों के हित में काम करती है केंद्र सरकार: जयराम
- महत्वपूर्ण मीटिंग को बॉयकॉट करने के निर्देश देना निराशाजनक: जयराम ठाकुर
जागरण संवाददाता, शिमला। पूर्व मुख्यमंत्री व नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर (Jairam Thakur) ने नीति आयोग की बैठक (NITI Aayog Meeting) का बहिष्कार करने के फैसले को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। राजनीति से प्रेरित होकर मुख्यमंत्री प्रदेश के हितों के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। 27 जुलाई को होने वाली बैठक की अध्यक्षता प्रधानमंत्री द्वारा की जानी है, इसमें वित्तमंत्री भी प्रमुख रूप से उपस्थित रहेंगी।
केंद्र सरकार गंभीरता से करती है विचार: जयराम ठाकुर
इस बैठक के माध्यम से सरकार द्वारा प्रदेश के हितों के लिए अधिक से अधिक वित्तीय सहायता और परियोजनाओं को दिए जाने के संबंध में प्रदेश सरकार के सामने अपना पक्ष रख सकती है। इन मांगों पर केंद्र सरकार गंभीरता से विचार करती है।
मुख्यमंत्री द्वारा ऐसी महत्वपूर्ण मीटिंग का राजनीति से प्रेरित होकर बहिष्कार करना प्रदेश के हित में नहीं है। इस तरह की राजनीति हमेशा प्रदेश के विकास के लिए हानिकारक होती है। प्रदेश के हितों से समझौता करके राजनीति नहीं की जा सकती है।
मीटिंग को बॉयकॉट करना निराशाजनक: जयराम ठाकुर
नीति आयोग की बैठक का बहिष्कार करने के फैसले की जितनी निंदा की जाए उतनी कम है। मुख्यमंत्री को इस बैठक में शामिल होकर हिमाचल के हितों से जुड़ी परियोजनाओं के लिए सहयोग मांगा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश के विकास के मुद्दों को राजनीति से अलग रखना चाहिए। कांग्रेस हाई कमान द्वारा नीति आयोग की महत्वपूर्ण मीटिंग को बॉयकॉट करने के निर्देश देना निराशाजनक है।
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हिमाचल में दिव्यांगों के साथ हो रहा अन्याय: जयराम ठाकुर
नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सचिवालय के पास अपनी मांगों को लेकर सचिवालय जा रहे दृष्टिबाधित छात्रों से बलप्रयोग किए जाने की घटना को अत्यंत शर्मनाक बताया। दृष्टिबाधित छात्रों के साथ बलप्रयोग बताता है कि सरकार हर मोर्चे पर नाकाम है।
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अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से सचिवालय जाना क्या अपराध हो गया है। जो इस तरह के बल प्रयोग की नौबत आ गई है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी पूरे देश में न्याय की बात करते हैं लेकिन हिमाचल में हर वर्ग के साथ हो रहे अन्याय पर अपनी आंखें मूंद ली हैं।