यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 13, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
हिमाचल सरकार टूरिस्ट की हेल्थ का रखेगी ध्यान, होटलों में पंचकर्म और योग प्रशिक्षक होंगे नियुक्त
हिमाचल (Himachal Pradesh) में पर्यटकों की सुविधाओं और मानसिक शारीरिक स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार होटलों में पंचकर्म और योग प्रशिक्षक नियुक्त करने ...और पढ़ें

शिमला, राज्य ब्यूरो: कोरोना काल शुरू होते ही देश के महानगरों को छोड़कर सैकड़ों लोग हिमालय की गोद में पहुंचे थे। ऐसे लोग बहुराष्ट्रीय कंपनियों के लिए वर्क फ्रॉम होम शांत पहाड़ों में करते थे। कोरोना काल गुजरने के बाद प्रदेश में पर्यटकों की आमद बढ़ी है और लोग परिवार के साथ यहां पर आ रहे हैं। इसी को लेकर राज्य सरकार ने केरल की तर्ज पर होटलों में पंचकर्म और योग प्रशिक्षक नियुक्त करने का निर्णय लिया है।
देशी-विदेशी नागरिक मानसिक और शारीरिक तौर पर होंगे मजबूत
प्रदेश सरकार ने केरल की तर्ज पर सार्वजनिक क्षेत्र के होटलों में पंचकर्म और योग की सुविधा विकसित करने का निर्णय लिया है। जिससे विदेशों और देश के कई भागों से आने वाले पर्यटक मानसिक और शारीरिक तौर पर मजबूत होकर लौटें। इसके लिए आयुष विभाग की ओर से राज्य पर्यटन विकास निगम को पत्र लिखा गया है कि पंचकर्म प्रशिक्षिकों की आवश्यकता से अवगत करवाएं।
पर्यटकों की मांग पर दी जाएंगी सुविधाएं
तीन सप्ताह पहले शुरू हुई मंडे मीटिंग में मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने होटलों में नई सुविधाएं शुरू करने के दिशा-निर्देश दिए थे। ऐसा माना जा रहा है कि राजधानी शिमला में निगम के होटलों में ये सुविधा शुरू हो सकती है। इसी तरह से कुल्लू-मनाली, धर्मशाला, चंबा और अन्य होटलों में भी पर्यटकों की मांग अनुसार सुविधाएं प्रदान की जाएंगी।
आयुष विभाग के सचिव राजीव शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री के निर्देशों के तहत पर्यटन विकास निगम के होटलों में पंचकर्म, स्पा और योग की सुविधा शुरू करने के बारे में लिखा है। जैसे ही पर्यटन विकास निगम की ओर से होटलों में आयुष गतिविधियां शुरू करने की मांग की जाएगी,आयुष विभाग प्रशिक्षित योगाचार्य, पंचकर्म विशेषज्ञ और चिकित्सक भी देगा।
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पंचकर्म और योग के लिए आयुष विभाग से करेंगे मांग
राज्य पर्यटन विकास निगम के प्रबंध निदेशक अमित कश्यप ने कहा कि हमें आयुष की तरफ से ऐसा पत्र प्राप्त हुआ है, ऐसी संभावनाएं तलाशी जा रही हैं। जहां पर आयुष से जुड़ी गतिविधियां पर्यटकों के लिए शुरू की जा सकें। शीघ्र ही आयुष विभाग को पंचकर्म, स्पा, योग प्रशिक्षकों की मांग के संबंध में लिखा जाएगा।