विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 26, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Una: शिव भगवान पर 'अभद्र' टिप्पणी करने वाले डॉक्टर को 14 दिन की न्यायिक हिरासत, हिंदू संगठन ने की थी शिकायत

By Jagran NewsEdited By: Nidhi Vinodiya
Updated: Wed, 26 Jul 2023 04:45 PM (IST)

Objectionable comment on Lord Shiva case भगवान शिव जी पर अभद्र टिप्पणी करने वाले डॉक्टर को अदालत में पेश किया गया जिसके बाद डाॅक्टर को 14 दिनों की न्य ...और पढ़ें

शिव भगवान पर 'अभद्र' टिप्पणी करने वाले डॉक्टर को 14 दिन की न्यायिक हिरासत, हिंदू संगठन ने की थी शिकायत
शिव भगवान पर 'अभद्र' टिप्पणी करने वाले डॉक्टर को 14 दिन की न्यायिक हिरासत, हिंदू संगठन ने की थी शिकायत

HighLights

  1. भगवान शिव पर अभद्र टिप्पणी करने वाले डाॅक्टर को 14 दिन की न्यायिक हिरासत।
  2. सोशल मीडिया पर भगवान शिव जी को लेकर की थी आपत्तिजनक बातें।
  3. भगवान शिव और शिवलिंग पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने के बाद डॉक्टर की हाईकोर्ट द्वारा अग्रिम जमानत खारिज हुई थी।

ऊना, संवाद सहयोगी। भगवान शिव जी पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले डॉक्टर को सदर पुलिस ने बुधवार को अदालत में पेश किया। जहां पर अदालत ने उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा है। सोशल मीडिया में हिंदुओं के आराध्य भगवान शिव जी और शिवलिंग पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने वाले डॉक्टर की हाईकोर्ट द्वारा अग्रिम जमानत खारिज होने के बाद मेहतपुर पुलिस ने मंगलवार देर रात आरोपित डॉक्टर नदीम अख्तर को उसके रक्कड़ कॉलोनी स्थित आवास से गिरफ्तार किया था।

14 दिन की न्यायिक हिरासत

पुलिस ने बुधवार को आरोपित डॉक्टर नदीम अख्तर को ऊना की सीजेएम कोर्ट में पेश किया। जहां कोर्ट ने इसे आठ अगस्त तक 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिये।

आरोपित को सजा दिलाने तक उनका संघर्ष जारी

वहीं मुख्य शिकायतकर्ता एवं व्यापार मंडल मेहतपुर- बसदेहड़ा (रजि) के प्रधान सुभाष ऐरी ने अदालत के इस निर्णय को ऐतिहासिक बताया है। उन्होंने कहा कि आरोपित को सजा दिलाने तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि सत्य की जीत हुई है। सनातन धर्म पर अंगुली उठाने वालों का यही परिणाम होना था। उन्होंने इस संघर्ष से जुड़े हिंदू एकता मंच के सभी पदाधिकारियों व सदस्यों को बधाई दी है।

धर्म के खिलाफ बोलने वालों को सलाखों के पीछे भेजना है

उन्होंने कहा कि हिंदू धर्म के खिलाफ बोलने वालों को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा चाहे वह किसी भी धर्म का क्यों ना हो। उन्होंने कहा कि हिमाचल जैसे शांत प्रदेश में अशांति फैलाने का एक विशेष समुदाय का यह सोचा समझा षड्यंत्र है। जिसके तहत ऐसे लोग हिंदू देवी देवताओं के खिलाफ अभद्र भाषा का प्रयोग करते हैं और देव भूमि हिमाचल के शांत माहौल को बिगाड़ने का कार्य कर रहे हैं। हाईकोर्ट ने हिंदुओं के पक्ष में यह फैसला सुना कर हमारी आस्था और विश्वास को और सुदृढ़ किया है।

ये था मामला…

सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर तीन जून को भगवान शिव जी और शिवलिंग पर डॉक्टर नदीम अख्तर ने आपत्तिजनक टिप्पणी कर दी थी। जिस पर हिंदू संगठन भड़क उठे और मैहतपुर पुलिस थाने में आरोपित डॉक्टर नदीम अख्तर के खिलाफ शिकायत दर्ज करवा दी। इसके अलावा व्यापार मंडल, हिंदू एकता मंच सहित अन्य धार्मिक संगठनों ने आरोपित डॉक्टर नदीम अख्तर की गिरफ्तारी को लेकर मोर्चा खोल दिया और धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। 

26 जून को मिली थी अग्रिन जमानत 

वही आरोपित डॉक्टर अग्रिम जमानत के लिए हाईकोर्ट चला गया। जहां पर 16 जून को अदालत ने उसे 26 जून तक अग्रिम जमानत दे दी। इसके बाद 26 जून को सुनवाई के दौरान अदालत ने फैसला सुरक्षित रख लिया। सोमवार को करीब एक माह के बाद माननीय अदालत ने अहम फैसला सुनाते हुए आरोपित डॉक्टर नदीम अख्तर की जमानत रद कर दी। इसके बाद मंगलवार देर रात पुलिस ने आरोपित को अरेस्ट किया था।