Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    अमरनाथ यात्रा 2026 से पहले सुरक्षा सख्त, पाकिस्तान की नई साजिश का मिला अलर्ट; पंजाब-जम्मू बॉर्डर पूरी तरह सील

    By Ajay Kumar Edited By: Rahul Sharma
    Updated: Sat, 09 May 2026 05:19 PM (IST)

    पंजाब के जालंधर धमाकों के बाद कठुआ में हाई अलर्ट जारी किया गया है। पंजाब पुलिस ने जम्मू-कश्मीर पुलिस को आईएसआई की साजिश और संभावित हमलों के प्रति सतर् ...और पढ़ें

    बमियाल से कीड़िया गंडयाल तक बढ़ी चौकसी, 24 घंटे हथियारों के साथ मुस्तैद जवान।

    बमियाल से कीड़िया गंडयाल तक बढ़ी चौकसी, 24 घंटे हथियारों के साथ मुस्तैद जवान।

    HighLights

    1. कठुआ में जालंधर धमाकों के बाद हाई अलर्ट।

    2. पंजाब पुलिस ने आईएसआई साजिश की सूचना दी।

    3. माधोपुर, लखनपुर सीमा पर सुरक्षा बढ़ाई गई।

    जागरण संवाददाता, कठुआ। पंजाब के जालंधर में धमाकों के बाद कठुआ में हाई अलर्ट जारी किया गया है। विशेष तौर पर प्रवेश द्वार लखनपुर और पंजाब को कठुआ से जोड़ने वाले सभी बार्डर पर। पंजाब पुलिस की ओर से बाकायदा जम्मू कश्मीर पुलिस को आगाह किया गया है कि पंजाब में होने वाले धमाकों के पीछे पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई का हाथ था और आईएसआई इसी तरह की नापाक हरकत को कठुआ में भी अंजाम दे सकता है।

    लिहाजा वे सतर्क रहें। वहीं पंजाब पुलिस के अधिकारियों और कठुआ पुलिस के अधिकारियों की एक संयुक्त टीम ने शुक्रवार देर रात माधोपुर नाके और लखनपुर नाके पर संयुक्त रूप से जांच की। जहां तैनात पुलिस कर्मियों से कहा गया कि वे सतर्क रहें। आने जाने वाले संदिग्ध लोगों पर नजर रखें। किसी भी तरह की जानकारी को आपस में तत्काल साझा करें, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके। पंजाब पुलिस के आगाह करने के बाद कठुआ के बमियाल बार्डर, कीड़िया गंडयाल, लखनपुर समेत अन्य जगहों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।

    पुलिस कर्मियों को कहा गया है कि वह 24 घंटे हथियारों और तकनीकी उपकरणों के साथ चौकस रहें, ताकि किसी भी तरह की वारदात से निपटा जा सके। बता दें कि तीन महीनों के बाद श्री अमरनाथ यात्रा भी शुरू होने जा रहा है। इसके पहले पंजाब में धमाके और पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी किसी ने किसी आतंकी साजिश को अंजाम देने की फिराक में है। ताकि यात्रा में खलल डाला जा सके। हालांकि सुरक्षा एजेंसियां इसे लेकर सतर्क हैं।

    बौखलाहट में है आईएसआई, आतंकी संगठनों पर दबाव

    बताते चलें कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद पाकिस्तान से संचालित आतंकी संगठन कठुआ में किसी बड़ी आतंकी वारदात को अंजाम नहीं दे पाए हैं। एक वर्ष में आतंकी वारदातें तो दूरी सीमा पार से आतंकियों की घुुसपैठ का भी कोई सफल प्रयास नहीं हो पाया है। इससे पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई पूरी तरह से बौखलाहट में है। इसी बौखलाहट में आतंकी संगठनों जैश ए मोहम्मद और लश्श्रके तैइबा पर दबाव बनाया जा रहा है कि वे किसी भी तरह कठुआ समेत जम्मू कश्मीर में आतंकी हमलों को अंजाम दें।

    खबरें और भी

    पाकिस्तानी आतंकियों की संख्या न के बराबर

    बता दें कि कठुआ के ऊपरी क्षेत्रों में एक वर्ष पहले 5 से 6 पाकिस्तानी आतंकियों की मौजूदगी थी। जिनका अब खात्मा हो चुका है। यह आतंकी कठुआ से लेकर उधमपुर, भद्रवाह,, किश्तवाड़ तक सक्रिय थे। अब कोई आतंकी मौजूद नहीं है। सह भी एक कारण है कि पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई को गतिविधयों चलाने में आतंकी नहीं मिल रहे। जबकि जम्मू कश्मीर का स्थानीय आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन अब पूरी तरह से दम तोड़ चुका है।