यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 18, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
जम्मू-कश्मीर में सरकार बनने के 2 दिन बाद आतंकियों की कायराना हरकत, शोपियां में बिहार के मजदूर की गोली मारकर हत्या
Jammu Kashmir News जम्मू-कश्मीर में नई सरकार बनने के दो दिन बाद ही आतंकियों ने एक और नापाक हरकत को अंजाम दिया है। दक्षिण कश्मीर के शोपियां जिले में शु ...और पढ़ें

HighLights
- जम्मू-कश्मीर में नई सरकार के गठन के दो दिन बाद आतंकी वारदात
- अज्ञात नंबर से फोन आने पर काम पर निकला था बिहार निवासी अशोक
- सुरक्षाबलों ने आतंकियों की तलाश के लिए अभियान तेज कर दिया है
राज्य ब्यूरो, श्रीनगर। जम्मू-कश्मीर में नई सरकार के सत्तासीन होने के दो दिन बाद आतंकियों ने नापाक हरकत की। दक्षिण कश्मीर के शोपियां में शुक्रवार को बिहार के एक श्रमिक की आतंकियों ने गोली मारकर हत्या कर दी। श्रमिक का शव झाडि़यां से बरामद किया गया है। सुरक्षाबल आतंकियों की तलाश में जुट गए हैं।
पुलिस उस अज्ञात फोन नंबर को भी खंगाल रही है, जिससे फोन पर बात करने के बाद श्रमिक सुबह घर से निकला था। बता दें कि दक्षिण कश्मीर में इस वर्ष किसी अन्य प्रदेश के नागरिक की हत्या की यह चौथी घटना है। अन्य राज्यों से कश्मीर में बड़ी संख्या में राजमिस्त्री, बढ़ई, धान काटने का काम करने लोग आते हैं।
जानकारी के अनुसार, जेनपोरा के वनडाना मल्हौरा में सुबह नौ बजे स्थानीय लोगों ने सड़क के पास झाडि़यों में एक शव देखा। उन्होंने उसी समय पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने जब मौके पर जाकर देखा तो मृतक के शरीर पर गोलियों के दो निशान थे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल पहुंचाया।
अशोक चौहान के रूप में हुई मृतक की पहचान
मृतक की पहचान अशोक चौहान निवासी काठिया जिला बांका, बिहार के रूप में हुई है। वह जेनपोरा से कुछ दूरी पर अरवनी संगम में रहता था। पेशे से श्रमिक अशोक के साथियों ने बताया कि सुबह साढ़े सात-आठ बजे उसे एक फोन आया था। फोन करने वाले ने उसे कथित तौर पर मक्की की कटाई के लिए बुलाया था।
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वह कटाई वाली मक्की के खेत देखने निकला था और उसके बाद उसका फोन स्विच ऑफ हो गया। उसी समय उसकी तलाश शुरू की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। इस बीच पता चला कि वनडाना मल्हौरा में उसका शव देखा गया है।
एक पुलिस अधिकारी के अनुसार, अशोक की जिस तरह से हत्या हुई है, उसे आतंकी वारदात कहा जा सकता है, लेकिन उसे फोन पर किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा बुलाना और फिर उसका शव मिलना कई सवाल पैदा करता है। इन सभी बिंदुओं को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है।
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घटनास्थल का एफएसएल टीम ने भी मुआयना किया है। उसने भी वहां से कुछ सुराग जांच के लिए जमा किए हैं। संदिग्ध तत्वों की भी निशानदेही कर पूछताछ के लिए तलब किया है। उसके मोबाइल फोन की भी जांच की जा रही है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी जानकारी के लिए उनके साथ सहयोग करें।
इस वर्ष हुए हमले
- 8 अप्रैल: शोपियां के पदपावन इलाके में आतंकी हमले में दिल्ली का एक टैक्सीचालक गंभीर रूप से जख्मी हुआ।
- 17अप्रैल: जबलीपोरा, बिजबेहाड़ा अनंतनाग में बिहार के राजा शाह को आतंकियों ने मौत के घाट उतारा।
- 18 मई: यन्नर पहलगाम में आतंकी हमले में जयपुर निवासी तबरेजऔर उसकी पत्नी फराह खान आतंकी हमले में गंभीर रूप से जख्मी हुए।
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