यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 05, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
जम्मू-कश्मीर में कुछ बड़ा होने वाला है? सियासी हलचल तेज होने के बीच क्या बोले CM उमर अब्दुल्ला
अनुच्छेद 370 के निरस्तीकरण की वर्षगांठ से पहले जम्मू कश्मीर में विभाजन की अफवाहें फैल गईं। लोगों में चर्चा थी कि क्या 5 अगस्त 2025 को जम्मू को अलग राज ...और पढ़ें

HighLights
- विभाजन की अफवाहों से कश्मीर में हलचल |
- उमर अब्दुल्ला की शांति बनाए रखने की अपील |
- पूर्व डीजीपी ने अफवाहों पर ध्यान न देने को कहा |
राज्य ब्यूरो, श्रीनगर। अनुच्छेद 370 के निरस्तीकरण की छह वर्ष पूरे होने के एक दिन पहले सोमवार को लखनपुर से लेकर कुपवाड़ा तक जम्मू-कश्मीर ( Article 370 abrogation Anniversary)के एक और विभाजन को लेकर अफवाहों का बाजार गर्म रहा।
जहां देखो वहीं लोग पूछते नजर आए कि पांच अगस्त 2025, मंगलवार को जम्मू कश्मीर का फिर विभाजन होगा और जम्मू को एक अलग राज्य का दर्जा दिया जाएगा, लेकिन कश्मीर केंद्रित प्रदेश रहेगा।
इन अफवाहों को उस समय और भी बल मिला, जब प्रशासन ने एहतियात के तौर पर ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर समेत वादी के विभिन्न इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई।
स्थिति का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला को भी इस स्थिति पर लोगों को शांत रहने की अपील करते हुए अपने एक्स हैंडल पर बताना पड़ा कि ऐसा कुछ नहीं होने जा रहाहै। मैं पूरी ईमानदारी से कहूंगा कि कल कुछ नहीं होगा - सौभाग्य से कुछ बुरा नहीं होगा, लेकिन दुर्भाग्य से कुछ सकारात्मक भी नहीं होगा।
पांच अगस्त को हटाया गया था आर्टिकल 370
उल्लेखनीय है कि पांच अगस्त 2019 को केंद्र ने अनुच्छेद 370 के निरस्तीकरण के लिए जम्मू कश्मीर पुनर्गठन अधिनियम को संसद में लाया था।
इसके आधार पर जम्मू कश्मीर को दो केंद्र शासित प्रदेशों जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में पुनर्गठित किया गया। जम्मू कश्मीर में सभी केंद्रीय कानून लागू हो गए। जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा देने का यकीन दिलाया गया है, लेकिन अभी यह मिला नहीं है।
इस बीच,आज पूरे प्रदेश में अफवाहें चल पड़ी कि पांच अगस्त 2025 ,मंगलवार केा जब जम्मू कश्मीर पुनर्गठन अधिनियम के छह वर्ष पूरे होने जा रहे हैं, जम्मू कश्मीर का एक बार फिर विभाजन होगा और इस बार जम्मू को एक अलग पूर्ण राज्य का दर्जा दिया जाएगा। कश्मीर को केंद्र शासित प्रदेश ही रहने दिया जाएगा।
पूर्व डीजीपी का भी आया बयान
अफवाहों से लोगों में फैल रही उत्तेजना को देखते हुए जम्मू कश्मीर पुलिस के पूर्व महानिदेशक एसपी वैद ने अपने एक्स हैंडल पर लिखा मोदी सरकार पांच अगस्त को कुछ योजना बना रही है? हो सकता है। हो सकता है न हो।
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मोदी सरकार अपने पत्ते छुपाकर रखने के लिए जानी जाती है, यानी अगर कुछ होता भी है तो कोई नहीं जानता कि आगे क्या होने वाला है। आइए, अफवाहों या घबराहट में फैलाए गए फारवर्ड पर ध्यान न दें। केवल आधिकारिक सूत्रों पर ही भरोसा करें। शांत रहें, सतर्क रहें। जय हिंद। इससे स्थिति शांत होने के बजाय अफवाहों ने और जेार पकड़ लिया।