यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 30, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Jammu Kashmir News: जमानत पर छूटे आतंकी के मददगार को लगाया गया GPS ट्रैकर, अब हर मूवमेंट पर नजर रखेगी पुलिस
जम्मू कश्मीर (Jammu Kashmir News) में आतंकी गतिविधियों पर लगाम लगाने के लिए पुलिस ने जीपीएस ट्रैकर का इस्तेमाल शुरू किया है। अब इस डिवाइस से पुलिस आतं ...और पढ़ें

HighLights
- आतंकियों के मददगार को लगाया गया जीपीएस ट्रैकर
- मुदस्सर फैयाज को वर्ष 2022 में पकड़ा गया था
- ऐसा करने वाली जम्मू कश्मीर पुलिस देश का पहला पुलिस संगठन
राज्य ब्यूरो, श्रीनगर। बड़गाम में जमानत पर छूटे आतंकियों के मददगार मुदस्सिर फैयाज को पुलिस ने शनिवार को रिहा कर दिया,लेकिन जीपीएस ट्रैकर लगाने के बाद। जम्मू कश्मीर पुलिस ने जमानत पर छूटने वाले आतंकियों, आतंकियो के मददगारों और अवैध नशीले पदार्थों के कारोबारियों की निगरानी के लिए उन्हें जीपीएस ट्रैकर लगाने की व्यवस्था शुरु की है।
लश्कर-ए-तैयबा के लिए करता था काम
ऐसा करने वाली जम्मू कश्मीर पुलिस देश का पहला पुलिस संगठन है। पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि मुदस्सर फैयाज को वर्ष 2022 में पकड़ा गया था। उसके पास से हथियार व अन्य साजो सामान मिला था।
वह लश्कर-ए-तैयबा और उसके हिट स्क्वॉड कहे जाने वाले द रजिस्टेंस फ्रंट टीआरएफ के आतंकियों के लिए काम करता था। उसने श्रीनगर,बडगाम और पुलवामा में कई आतंकी वारदातों में शामिल आतंकियों को मदद की थी।
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हर गतिविधि पर नजर रखेगी पुलिस
उसके खिलाफ गैर कानूनी गतिविधियों की रोकथाम अधिनियम के तहत चाडूरा पुलिस स्टेशन में विभिन्न मामले दर्ज हैं। उसने अपनी जमानत के लिए अदालत में याचिका दायर की थी। अदालत ने उसकी याचिका को स्वीकार कर लिया और उसे जीपीएस ट्रैकर लगाने की शर्त के साथ जमानत दी।
प्रवक्ता ने बताया कि मुदस्सर फैयाज की एक टांग में जीपीएस ट्रैकर लगाया गया है। इस ट्रैकर की मदद से पुलिस को पता चलता रहेगा कि वह कहां आजा रहा है। अगर वह संबधित थाना क्षेत्र या अपने शहर से बाहर जाएगा तो पुलिस को उसी समय उसकी सही स्थिति का पता चलेगा।