यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 19, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Uzair Khan: कैसे परिवार में गुमसुम रहने वाला उजैर बन गया लश्कर का कमांडर, पढ़ें आतंकी की पूरी कहानी
परिवार में गुमसुम रहने वाला उजैर कब लश्कर का खौफनाक स्वयंभू कमांडर बन गया यह पड़ोसियों को भी पता नहीं चल पाया। वह एक दिन अपनी दादी और चाचा को काम के ल ...और पढ़ें

HighLights
- एक दिन अपनी दादी-चाचा को काम के लिए जाने की बात कहकर निकला था उजैर
- कोकरनाग का रहने वाला उजैर खान जुलाई 2022 में आतंकी माना था
- उजैर की एक रिश्तेदार ने बताया कि उसके पिता ने दो शादियां की थी
नवीन नवाज, श्रीनगर। Anantnag Encounter: कुख्यात लश्कर कमांडर उजैर (Uzair khan) और उसके साथी आतंकी के मारे जाने के साथ अनंतनाग के कोकरनाग में चल रही मुठभेड़ समाप्त हो गई है। परिवार में गुमसुम रहने वाला उजैर कब लश्कर का खौफनाक स्वयंभू कमांडर बन गया, यह पड़ोसियों को भी पता नहीं चल पाया। उसके बाद वह कश्मीर में कई निर्दोष लोगों का खून बहाने की साजिश में शामिल रहा।
वह एक दिन अपनी दादी और चाचा को काम के लिए जाने की बात कहकर निकला था पर बाद में उसके आतंक की राह पर जाने की खबर आई। उसके चाचा और पड़ोसी पारिवारिक कलह को जिम्मेवार बता रहे हैं पर उजैर निर्दोष और मासूम लोगों का खून बहाने में जुटा रहा। वह सुरक्षाबलों पर ग्रेनेड हमले में भी शामिल रहा है।
लश्कर के मुखौटा संगठन टीआरएफ में शामिल हो गया
कोकरनाग का रहने वाला उजैर खान जुलाई 2022 में आतंकी माना था। जब वह घर से निकला कि वह सोनमर्ग में निर्माणाधीन इमारत में बिजली के काम के लिए जा रहा है। उसके बाद उसका फोन स्विच ऑफ हो गया। घर पर पुलिस पहुंची तो पता चला कि वह लश्कर के मुखौटा संगठन टीआरएफ में शामिल हो चुका था।
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उजैर खान के एक पड़ोसी ने बताया कि उसके पिता गांव के दूसरे छोर में अपनी दूसरी पत्नी संग रहते हैं पर उजैर अपनी दादी और चाचा के साथ पुस्तैनी घर में रहता था। सौतेली मां और पिता से उसकी कभी नहीं बनी। उजैर के पिता का नाम बशीर अहमद खान है।
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उजैर के पिता की दो शादियां हुईं
उजैर की एक रिश्तेदार ने बताया कि उसके पिता ने दो शादियां की थी। उसके पिता ने उजैर की मां को उस समय तलाक दिया था जब वह छह-सात माह का था। तलाक के कुछ समय बाद ही उजैर की मां की मौत हो गई। जलशक्ति विभाग में कार्यरत बशीर अहमद खान ने फरीदा जान से की।
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उजैर कई बार अपने ननिहाल में रहता तो कई बार 0दोस्तों के साथ। कुछ वर्ष पहले पिता ने उसे अपने घर से बाहर निकाल दिया। उजैर ने किसी तरह से अपने रिश्तेदारों और दोस्तों के घरों में रहकर 12वीं पास की। इसके बाद उसने पालीटेक्नीक कालेज में इलेक्ट्रिकल में डिप्लोमा किया और अपना काम करने लग गया। बाद में दादी उसे अपने साथ ले गई।
उजैर की सौतेली मां बोली लोग हमें बदनाम कर रहे हैं
उजैर की सौतेली मां फरीदा जान ने इन आरोपों से इन्कार करते हुए कहा कि यहां लोग हमें बदनाम कर रहे हैं। मैने उसे और उसके भाई अपने सगे बच्चों से ज्यादा प्यार से पाला है। उजैर के कारण ही मेरे पति केा उसके भाइयों ने पुश्तैनी संपत्ति में से हिस्सा नहीं दिया। अगर उजैर हमारे पास रहता तो वह आज जिंदा होता।