विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

Dhanbad Elephant Attack: पलमा गांव में हाथियों ने मचाया उत्पात, घर तोड़े और फसल रौंदी; 70 हजार रुपये भी गुम

Published: Mon, 21 Sep 2026 09:30 PM (IST)

Elephant Attack in Dhanbad:धनबाद के पश्चिमी टुंडी प्रखंड के पलमा गांव में हाथियों के झुंड ने जमकर उत्पात मचाया, जिससे कई घर क्षतिग्रस्त हुए और फसलें बर्बाद हो गईं।

पलमा गांव में क्षतिग्रस्त कच्चे घर और हाथी झुंड। (फोटो जागरण)

पलमा गांव में क्षतिग्रस्त कच्चे घर और हाथी झुंड। (फोटो जागरण)

HighLights

  1. पलमा गांव में हाथियों के झुंड ने जमकर उत्पात मचाया।

  2. हाथियों ने कई घरों को क्षतिग्रस्त किया और फसलें रौंद दीं।

  3. किसान बाबूजान मुर्मू के 70 हजार रुपये गुम हो गए।

जागरण संवाददाता/टुंडी। धनबाद के पश्चिमी टुंडी प्रखंड के पलमा गांव में रविवार की रात हाथियों के झुंड ने जमकर उत्पात मचाया। गांव में घुसकर घरों को क्षतिग्रस्त किया और फसलों को रौंद दिया। हमले में किसान बाबूजान मुर्मू के घर में रखे 70 हजार रुपये भी गुम हो गए।

पश्चिमी टुंडी के मनियाडीह थाना क्षेत्र के पलमा गांव में रविवार की रात करीब आठ बजे पहाड़ से उतरे जंगली हाथियों के झुंड ने जमकर उत्पात मचाया। हाथियों ने करीब आधा दर्जन घरों को क्षतिग्रस्त कर दिया, कई लोगों की चहारदीवारी तोड़ दी तथा खेतों में लगी मकई व धान की फसल खाकर और पैरों तले रौंदकर बर्बाद कर दी।

बाबूजान ने बेटी की शादी के लिए रखे थे 70 हजार रुपये 

अचानक हाथियों के गांव में घुसने से ग्रामीणों में अफरातफरी मच गई। लोग घरों से निकलकर इधर-उधर भागते रहे। बाबूजान मुर्मू ने बेटी की शादी के लिए घर के अंदर मिट्टी से बने चावल रखने वाले डेहरी (बर्तन) में 70 हजार रुपये छिपाकर रखे थे।

हाथियों ने हमले के दौरान डेहरी को तोड़कर चावल खा लिया। इसके अंदर रुपये भी रखे थे। हाथियों के जाने के बाद बाबूजान मुर्मू ने रुपये खोजे, लेकिन नहीं मिले। इससे बाबूजान मुर्मू परेशान हो उठे।

सूचना मिलते ही वन विभाग की मशालची टीम मौके पर पहुंची और हाथियों को गांव से बाहर निकालने में जुट गई। वन विभाग के अनुसार, हाथियों का झुंड दो हिस्सों में बंट गया है।

घने जंगल और झाड़ियों के कारण हाथियों को नियंत्रित कर सही दिशा में ले जाना चुनौती बना हुआ है। ग्रामीणों के अनुसार, गिरिडीह, पीरटांड़ व डुमरीटांड़ क्षेत्र में भी हाथियों को रोकने के प्रयास किए जा रहे हैं।

इससे हाथियों का झुंड आगे बढ़ने के बजाय फिर टुंडी की ओर लौटकर अलग-अलग दिशाओं में फैल रहा है। हाथियों ने मां कांती एग्रो के मालिक पारसनाथ चौधरी की चहारदीवारी तोड़कर फसल को नुकसान पहुंचाया। वहीं बेनीलाल बेसरा, टीकाराम मुर्मू, अभिषेक बेसरा व सूरज मुर्मू समेत कई ग्रामीणों के घरों को क्षति पहुंची।

सोनेत संथाल समाज के केंद्रीय कोषाध्यक्ष सह झामुमो नेता रतिलाल टुडू ने डीएफओ विकास पालिवार से फोन पर बात कर धनबाद और गिरिडीह वन विभाग के अधिकारियों के बीच समन्वय बनाकर हाथियों को सुरक्षित दिशा में खदेड़ने का आग्रह किया।

यह भी पढ़ें- धनबाद के ग्रामीण इलाकों में लंपी का प्रकोप: एक हजार मवेशी संक्रमित, 10 बछड़ों की मौत से दहशत में पशुपालक

यह भी पढ़ें- धनबाद को हाथियों के खौफ से मिलेगी राहत, टुंडी में 5 KM तक लगेगी सोलर फेंसिंग; छूते ही लगेगा झटका

 

टुंडी के पलमा में 30 हाथियों का झुंड विचरण कर रहा है। हाथियों ने कुछ ग्रामीण परिवार के लोगों की सामग्री का नुकसान किया है। नुकसान का आकलन करके ग्रामीणों को मुआवजा देंगे। जिन परिवार के चावल का नुकसान हाथियों से हुआ है, उनको सोमवार को चावल की खेप भेज दी गई है। उचित मुआवजा भी आकलन के आधार पर दिया जाएगा। वहीं, क्यूआरटी टीम के लोग हाथियों के झुंड पर पैनी नजर रख रहे हैं।

-

विकास पालीवाल, डीएफओ, धनबाद

देश और दुनिया की ताजा खबरों के लिए Hindi News देखें। Live Cricket Score , IPO Listings, Shiv Chalisa, राशिफल और दुर्गा चालीसा पर अन्य जानकारी पाएं।