Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    जमशेदपुर में बीएलओ के घर-घर सत्यापन से बढ़ा महिला पंजीकरण, पुरुषों के मुकाबले 6673 अधिक महिलाएं

    Updated: Thu, 06 Aug 2026 01:41 PM (IST)

    पूर्वी सिंहभूम जिले में महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों से 6673 अधिक हो गई है, जो विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान का परिणाम है। ...और पढ़ें

    जिले में केवल बहरागोड़ा विधानसभा क्षेत्र ही अपवाद है, जहां पुरुषों की संख्या महिलाओं से अधिक है।

    जिले में केवल बहरागोड़ा विधानसभा क्षेत्र ही अपवाद है, जहां पुरुषों की संख्या महिलाओं से अधिक है।

    HighLights

    1. पूर्वी सिंहभूम में 6,673 अधिक महिला मतदाता दर्ज।

    2. पांच विधानसभा क्षेत्रों में महिला मतदाताओं का वर्चस्व।

    3. बीएलओ के घर-घर सत्यापन से पंजीकरण बढ़ा।

    जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। लोकतंत्र के महापर्व में पूर्वी सिंहभूम जिले की महिला शक्ति ने पुरुषों को पीछे छोड़ दिया है। जिला निर्वाचन विभाग द्वारा जारी विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रारूप मतदाता सूची के अनुसार, जिले में पुरुष मतदाताओं की तुलना में महिला मतदाताओं की कुल संख्या अधिक दर्ज की गई है।

    जिले में 6,673 अधिक महिला मतदाता 

    नई प्रारूप मतदाता सूची के अनुसार, जिले में कुल मतदाताओं की संख्या 15,11,805 है। इनमें महिला मतदाताओं की संख्या 7,59,206 दर्ज की गई है, जबकि पुरुष मतदाताओं की संख्या 7,52,533 है। 
     
    इस प्रकार जिले में पुरुषों के मुकाबले 6,673 अधिक महिला मतदाता पंजीकृत हैं। इसके अतिरिक्त सूची में 66 थर्ड जेंडर (तृतीय लिंग) मतदाता भी शामिल हैं।
     

    छह में से 5 विधानसभा क्षेत्रों में महिलाओं का वर्चस्व 

    जिले के कुल छह विधानसभा क्षेत्रों में से पांच में महिला मतदाताओं की संख्या पुरुषों से अधिक है:    

    •     पोटका: 1,30,003 पुरुष और 1,33,823 महिला मतदाता।
    •     जुगसलाई: 1,44,023 पुरुष और 1,44,093 महिला मतदाता।
    •     जमशेदपुर पूर्वी: 1,14,945 पुरुष और 1,16,106 महिला मतदाता।
    •     जमशेदपुर पश्चिमी: 1,38,894 पुरुष और 1,40,145 महिला मतदाता।


    जिले में केवल बहरागोड़ा विधानसभा क्षेत्र ही अपवाद है, जहां पुरुषों की संख्या महिलाओं से अधिक है। यहां 1,12,375 पुरुष मतदाताओं की तुलना में 1,10,052 महिला मतदाता पंजीकृत हैं।

    जागरूकता अभियानों का दिखा असर

    विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के दौरान ग्रामीण और शहरी इलाकों में महिलाओं के पंजीकरण पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया था।

    बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) द्वारा घर-घर जाकर किए गए सत्यापन और व्यापक जागरूकता अभियानों के कारण महिला पंजीकरण में यह ऐतिहासिक वृद्धि संभव हो सकी है।

    खबरें और भी