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    जुड़ी गांव के मजदूर की लाचारी: पहचान पत्र के अभाव में पढ़ाई से महरूम हुईं बेटियां, सरकारी लाभों से भी वंचित

    Updated: Sat, 01 Aug 2026 08:46 PM (IST)

    पोटका के जुड़ी गांव निवासी अजीत गोप का परिवार पहचान पत्रों के अभाव में गंभीर संकट में है, जिससे उनकी चार बेटियां शिक्षा से वंचित हैं और सरकारी योजनाओं ...और पढ़ें

    परिवार में किसी भी सदस्य का आधार कार्ड, राशन कार्ड, बैंक खाता या पैन कार्ड नहीं बन सका है।

    परिवार में किसी भी सदस्य का आधार कार्ड, राशन कार्ड, बैंक खाता या पैन कार्ड नहीं बन सका है।

    HighLights

    1. पहचान पत्रों के अभाव में अजीत गोप का परिवार संकट में।

    2. प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी ने बच्चियों के नामांकन का निर्देश दिया।

    संवाद सूत्र, पोटका। पूर्वी सिंहभूम जिले के पोटका प्रखंड अंतर्गत जुड़ी गांव निवासी ईंट-भट्ठा मजदूर अजीत गोप का परिवार आवश्यक पहचान पत्रों के न होने से गंभीर संकट का सामना कर रहा है। 
     
    परिवार में किसी भी सदस्य का आधार कार्ड, राशन कार्ड, बैंक खाता या पैन कार्ड नहीं बन सका है। इस प्रशासनिक लापरवाही का सबसे दुखद असर उनकी चार मासूम बेटियों की शिक्षा पर पड़ा है।
     

    आधार के बिना स्कूल में नहीं मिला दाखिला

    पहचान पत्र के अभाव में अजीत गोप की चार बेटियों रूपाली (15), शिवानी (8), जयंती (6) और जमुना (5) का दाखिला जुड़ी मध्य विद्यालय में नहीं हो सका, जिससे वे शिक्षा के मौलिक अधिकार से वंचित हैं। 
     
    पीड़ित पिता ने बताया कि ईंट-भट्ठे में मजदूरी कर वे परिवार का पेट पालते हैं। घाटशिला और पोटका के आधार केंद्रों के कई बार चक्कर लगाने के बाद भी बच्चों के कार्ड नहीं बन सके। 
     
    आधार न होने से राशन कार्ड और बैंक खाता भी नहीं खुल पा रहा है, जिससे उन्हें किसी सरकारी योजना का लाभ नहीं मिल रहा। सामाजिक कार्यकर्ता पीयूष गोस्वामी ने परिवार की बदहाली पर चिंता जताते हुए प्रशासन से बच्चों का तत्काल स्कूल में नामांकन कराने, आधार कार्ड बनवाने और उन्हें जनकल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने की मांग की है।


    प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी (BEEO) तनजीत कौर ने कहा कि विषय उनके संज्ञान में आ गया है। उन्होंने जुड़ी मध्य विद्यालय के प्रधानाध्यापक को निर्देश दिया है कि सभी बच्चियों का शीघ्र नामांकन सुनिश्चित किया जाए, ताकि उनकी पढ़ाई में कोई बाधा न आए।