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    न शौचालय, न पानी : टेल्को में बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रहे 600 से अधिक दुकानदार और हजारों ग्राहक

    Updated: Tue, 04 Aug 2026 01:18 AM (IST)

    जमशेदपुर के टेल्को स्थित खड़ंगाझार बाजार में 600 से अधिक दुकानदारों और हजारों ग्राहकों को बुनियादी सुविधाओं की कमी का सामना करना पड़ रहा है। ...और पढ़ें

    मानगो में न सार्वजनिक शौचालय है, न पीने के पानी की व्यवस्था और न ही बेहतर सफाई या जलनिकासी की सुविधा।

    मानगो में न सार्वजनिक शौचालय है, न पीने के पानी की व्यवस्था और न ही बेहतर सफाई या जलनिकासी की सुविधा।

    HighLights

    1. शौचालय, पेयजल और सफाई का गंभीर अभाव।

    2. कचरे के ढेर और अव्यवस्थित पार्किंग से परेशानी।

    3. हाईमास्ट लाइट न होने से सुरक्षा चिंताएं।

    जागरण संवाददाता, जमशेदपुर। टेल्को स्थित खड़ंगाझार बाजार की पहचान क्षेत्र के सबसे पुराने और सबसे बड़े व्यावसायिक केंद्र के रूप में होती है। 
     
    करीब 600 से अधिक दुकानों वाले इस बाजार में रोजाना हजारों लोग खरीदारी करने पहुंचते हैं, लेकिन सुविधाओं के नाम पर स्थिति बेहद चिंताजनक है। 
     
    नाली, सफाई, पेयजल, शौचालय और पार्किंग जैसी बुनियादी सुविधाओं के अभाव में व्यापारी और आम नागरिक रोज परेशान हो रहे हैं।
     
    सोमवार को दैनिक जागरण के ‘जागरण आपके द्वार’ कार्यक्रम के दौरान स्थानीय दुकानदारों, टेंपो चालकों और आम लोगों ने प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के सामने अपनी समस्याएं खुलकर रखीं। 
     
    स्थानीय लोगों का कहना है कि चुनाव के समय बड़े-बड़े वादे किए जाते हैं, लेकिन चुनाव बीतते ही कोई सुध लेने नहीं आता। महिलाओं को सार्वजनिक शौचालय न होने से सबसे ज्यादा असहजता का सामना करना पड़ता है। 
     
    वहीं, दुकानदारों को गंदगी, जाम, कचरे के अंबार और अव्यवस्थित पार्किंग से हर दिन जूझना पड़ता है। लोगों ने मांग की है कि इस बड़े बाजार को आधुनिक सुविधाओं से लैस कर एक आदर्श बाजार का रूप दिया जाए।
     

    खड़ंगाझार बाजार की 5 प्रमुख समस्याएं:

    1.     शौचालय व पेयजल का अभाव: सार्वजनिक शौचालय और पीने के पानी की व्यवस्था न होने से महिलाओं, बुजुर्गों और दूर-दराज से आने वाले ग्राहकों को भारी परेशानी होती है।
    2.     सफाई व जल निकासी की कमी: पक्की नाली और नियमित सफाई न होने से गंदा पानी सड़कों पर बहता है।
    3.     कचरे का अंबार: कचरा निस्तारण की उचित व्यवस्था न होने से बीमारी और संक्रमण (डेंगू, मलेरिया) फैलने का खतरा हमेशा बना रहता है।
    4.     पार्किंग व टेंपो स्टैंड नहीं: सड़कों पर बेतरतीब खड़े वाहनों के कारण दिनभर ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रहती है।
    5.     हाईमास्ट लाइट का न होना: शाम ढलते ही बाजार के कई हिस्से अंधेरे में डूब जाते हैं, जिससे असामाजिक तत्वों का डर रहता है।

        

    बाजार का नाम बड़ा है, लेकिन सुविधाएं शून्य हैं। सबसे पहले महिलाओं व ग्राहकों के लिए शौचालय और पेयजल की व्यवस्था होनी चाहिए।  

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    गणेश दास, स्थानीय निवासी

    नाली और नियमित कचरा उठाव न होने से पूरे बाजार में दुर्गंध रहती है, जिससे हमारा व्यापार भी बुरी तरह प्रभावित हो रहा है।  

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    मो. शाहजहां उर्फ तारा, व्यापारी

    शाम होते ही अंधेरा छा जाता है। बाजार में तुरंत हाईमास्ट लाइट लगाई जानी चाहिए ताकि देर शाम तक ग्राहक सुरक्षित होकर खरीदारी कर सकें।  

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    सोमनाथ राय उर्फ सिंटू, स्थानीय दुकानदार

    प्रशासन, जनप्रतिनिधि और स्थानीय निकाय मिलकर खड़ंगाझार बाजार के समग्र विकास के लिए एक मास्टर प्लान बनाएं और इसे मॉडल मार्केट का दर्जा दें।

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      रवि शंकर पांडे, व्यापारी