पाकुड़ के आमतल्ला में बनेगा ड्रेन, किसानों को मिलेगी राहत
पाकुड़ के आमतल्ला में खेत जाने वाली सड़क पर पानी जमा होने से किसानों को हो रही परेशानी दूर करने के लिए ड्रेन और कलभट का निर्माण शुरू हो गया है। ...और पढ़ें
-1777271798761_m.webp)
पाकुड़ में बनेगा ड्रेन। (जागरण)
HighLights
आमतल्ला में खेत सड़क पर पानी जमाव की समस्या।
मुखिया आसिफ अली हादी ने ड्रेन निर्माण शुरू कराया।
15वें वित्त आयोग की राशि से हो रहा है कार्य।
संवाद सहयोगी, पाकुड़। सदर प्रखंड के सीतापहाड़ी पंचायत अंतर्गत आमतल्ला मस्जिद के निकट खेत जाने वाली सड़क पर लंबे समय से पानी बहने के कारण ग्रामीणों और किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
स्थिति यह थी कि लोगों का आवागमन बाधित हो गया था और खासकर किसानों को खेत तक पहुंचने में काफी दिक्कतें झेलनी पड़ रही थी।
परेशानी को देखते हुए ग्रामीणों ने पंचायत के मुखिया ऑफिस अली हादी से उक्त स्थल पर ड्रेन और कलभट निर्माण की मांग की थी, ताकि सड़क पर बह रही पानी की समस्या का स्थायी समाधान हो सके।
ग्रामीणों का कहना था कि इस स्थान पर जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण हर समय सड़क पर पानी जमा रहता है, जिससे आवागमन मुश्किल हो जाता है।
ग्रामीण नजफुल शेख, रियाजोद्दीन शेख, मिनारूल शेख, नुरसलाम शेख, सैयरूल शेख, मंटू शेख, खैरूल आलम, आनिकुल शेख, जायरूल शेख, फुलटू शेख और सिलोन शेख ने बताया कि आमतल्ला मस्जिद के पास लंबे समय से कलभट और ड्रेन की जरूरत महसूस की जा रही थी।
इस संबंध में मुखिया को पूर्व में भी जानकारी दी गई थी, लेकिन इसके बजाय कौशरमाठ में पुलिया निर्माण का कार्य शुरू कर दिया गया, जिसका ग्रामीणों ने विरोध किया।
ग्रामीणों ने बताया कि उन्होंने पुलिया निर्माण को कौशरमाठ स्थित नाली में ही कराने की मांग को लेकर स्पेशल डिविजन में शिकायत भी की थी। विरोध और शिकायत के बाद अब मुखिया फंड से आमतल्ला मस्जिद के पास ही ड्रेन और कलभट निर्माण का कार्य शुरू कराया गया है।
ग्रामीणों का कहना है कि ड्रेन निर्माण होने से सड़क पर पानी का बहाव नियंत्रित होगा और किसानों को खेतों तक आने-जाने में सुविधा मिलेगी।
खासकर बरसात के मौसम में अब उन्हें कीचड़ और जल-जमाव की समस्या से राहत मिलने की उम्मीद है। इधर पंचायत के मुखिया आसिफ अली हादी ने बताया कि किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए यह कार्य कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि 15वें वित्त आयोग की राशि से ड्रेन और कलभट निर्माण कराया जा रहा है।