झारखंड में मछली बंटवारे को लेकर मर्डर: धर्मेंद्र को डैम में धक्का देकर चले गए दोस्त, लौटकर देखा तो मिली लाश
छतरपुर पुलिस ने देवगन डैम में धर्मेंद्र राम के शव मिलने के मामले का खुलासा कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मछली के बंटवारे को लेकर हुए विवाद में आ ...और पढ़ें
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आरोपियों के साथ पुलिस। फोटो जागरण
HighLights
छतरपुर पुलिस ने धर्मेंद्र राम हत्याकांड का खुलासा किया।
मछली बंटवारे के विवाद में धक्का देने से हुई मौत।
दो आरोपी अशोक पासवान और सुदेश भुइंया गिरफ्तार।
संवाद सूत्र, छतरपुर (पलामू)। छतरपुर थाना की पुलिस ने क्षेत्र के देवगन डैम के किनारे 1 अगस्त को संदिग्ध परिस्थितियों में मिले धर्मेंद्र राम के शव के मामले का पुलिस ने खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, मछली पकड़ने के दौरान जाल लगाने और मछली के बंटवारे को लेकर हुए विवाद में धर्मेंद्र राम को उसके साथियों ने धक्का दे दिया, जिससे वह डैम के पानी में गिर गया और डूबने से उसकी मौत हो गई।
अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) प्रशांत कुमार ने शावर बताया कि मामले में देवगन निवासी अशोक पासवान (48) और तिलहरवा टोला निवासी सुदेश भुइंया (56) को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
उन्होंने बताया कि 1 अगस्त को देवगन डैम के किनारे धर्मेंद्र राम का शव बरामद हुआ था। मृतक की पत्नी रानी देवी के लिखित आवेदन पर छतरपुर थाना कांड संख्या 123/26 के तहत प्राथमिकी दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया। जांच के दौरान दोनों आरोपियों की संलिप्तता सामने आई, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया।
धक्का देकर गिराया फिर चिंता होने पर वापस लौटे
पूछताछ में दोनों आरोपित ने पुलिस को बताया कि वे धर्मेंद्र राम के साथ डैम में जाल लगाकर मछली पकड़ने गए थे। इसी दौरान मछली के बंटवारे को लेकर तीनों के बीच विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर उन्होंने धर्मेंद्र को धक्का दे दिया, जिससे वह संतुलन खोकर डैम के पानी में गिर गया।
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पुलिस के अनुसार, घटना के बाद दोनों आरोपित वहां से चले गए। कुछ दूर जाने पर उन्हें धर्मेंद्र की चिंता हुई तो वे वापस लौटे। धर्मेंद्र दिखाई नहीं देने पर अशोक पासवान पानी में उतरा और उसे तलाश कर बाहर निकाला। दोनों ने मिलकर उसे बाहर निकाला, लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
एसडीपीओ ने बताया कि घटना के बाद दोनों आरोपी घबरा गए और किसी को जानकारी दिए बिना अपने-अपने घर चले गए। अनुसंधान और साक्ष्यों के आधार पर दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया।
छापेमारी दल में एसडीपीओ प्रशांत कुमार, छतरपुर थाना प्रभारी सौरभ चौबे, पुलिस अवर निरीक्षक धनंजय कुमार गोप तथा रिजर्व गार्ड के जवान शामिल थे।
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