Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    झारखंड में JPSC प्रकरण पर सियासत गर्म, बैरिकेडिंग पर रुकी भाजपा; कांग्रेस का भी जोरदार पलटवार

    Updated: Thu, 23 Jul 2026 02:00 AM (IST)

    भाजपा ने झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के विरोध में रांची में कांग्रेस कार्यालय का घेराव करने का प्रयास किया। ...और पढ़ें

    कांग्रेस कार्यालय का घेराव करने पहुंची बीजेपी। (जागरण)

    कांग्रेस कार्यालय का घेराव करने पहुंची बीजेपी। (जागरण)

    HighLights

    1. भाजपा ने भर्ती अनियमितताओं के खिलाफ कांग्रेस कार्यालय घेराव का प्रयास किया।

    2. पुलिस ने बैरिकेडिंग कर प्रदर्शनकारियों को कांग्रेस भवन से दूर रोका।

    3. प्रदर्शन से रांची में यातायात व्यवस्था चरमराई, स्कूल बसें फंसीं।

    जागरण संवाददाता, रांची। झारखंड में भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं और जेपीएससी प्रकरण को लेकर बुधवार को राजधानी का राजनीतिक माहौल गर्म रहा।

    भारतीय जनता पार्टी ने प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद आदित्य साहू के नेतृत्व में कांग्रेस के प्रदेश कार्यालय का घेराव करने का आह्वान किया, लेकिन भारी पुलिस बल और कई स्तर की बैरिकेडिंग के कारण कार्यकर्ता कांग्रेस भवन तक नहीं पहुंच सके। 

    हल्की बारिश के बीच रांची विश्वविद्यालय के समीप ही उन्हें रोक दिया गया। इसके बाद भाजपा के वरिष्ठ नेताओं में बाबूलाल मरांडी, आदित्य साहू, दीपक प्रकाश, रविंद्र राय सहित सैकड़ों कार्यकर्ता करीब डेढ़ घंटे तक वहीं धरने पर बैठकर राहुल गांधी, कांग्रेस और राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते रहे।

    दूसरी ओर, बैरिकेडिंग के दूसरी तरफ कांग्रेस कार्यालय के बाहर कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता भी बड़ी संख्या में जुट गए। उन्होंने भाजपा के विरोध में नारे लगाए।

    दोनों दलों के कार्यकर्ता आमने-सामने रहे और लगातार आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा। हालांकि बीच में पुलिस बल मुस्तैद रहा और किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति नहीं बनने दी।

    यातायात व्यवस्था चरमराया, स्कूल बसें फंसी

    दोपहर करीब दो बजे शुरू हुआ विरोध-प्रदर्शन करीब चार घंटे तक शहर की यातायात व्यवस्था पर भारी पड़ा। जेपीएससी कार्यालय से लेकर कांग्रेस भवन तक पूरे इलाके में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे।

    अल्बर्ट एक्का चौक से कचहरी तक पांच स्थानों पर बैरिकेडिंग कर वाहनों की आवाजाही रोक दी गई। इसका सबसे अधिक असर स्कूली बच्चों पर पड़ा। कई स्कूल बसें लंबे समय तक जाम में फंसी रहीं, जबकि आम लोगों को भी वैकल्पिक मार्गों का सहारा लेना पड़ा।

    खबरें और भी

    प्रदर्शन के दौरान हल्की बारिश होती रही, लेकिन भाजपा कार्यकर्ता डटे रहे। पुलिस अधिकारी और जवान लगातार स्थिति को नियंत्रित करने में लगे रहे।

    शहर की रफ्तार थमी, स्कूली बच्चे सबसे अधिक परेशान 

    विरोध-प्रदर्शन का असर राजधानी की यातायात व्यवस्था पर साफ दिखाई दिया। कांग्रेस भवन, जेपीएससी कार्यालय, रांची विश्वविद्यालय, कचहरी चौक और अल्बर्ट एक्का चौक के आसपास लंबा जाम लग गया।

    कई मार्गों को डायवर्ट करना पड़ा। स्कूली बसें घंटों जाम में फंसी रहीं, जिससे बच्चों और अभिभावकों को काफी परेशानी हुई। कार्यालय से लौटने वाले लोगों को भी लंबी दूरी पैदल तय करनी पड़ी।

    भाजपा ने कांग्रेस से मांगा जवाब

    प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि पिछले छह वर्षों में कांग्रेस समर्थित सरकार के कार्यकाल में जेपीएससी, जेएसएससी-सीजीएल, उत्पाद सिपाही, शिक्षक नियुक्ति समेत लगभग हर बड़ी भर्ती परीक्षा विवादों में रही।

    पेपर लीक और अनियमितताओं ने लाखों युवाओं के भविष्य को संकट में डाल दिया, लेकिन कांग्रेस और राहुल गांधी इस पूरे मामले पर चुप्पी साधे हुए हैं।

    उन्होंने कहा कि यदि सरकार ईमानदार है तो उसे 14वीं जेपीएससी सहित सभी विवादित भर्ती परीक्षाओं की सीबीआई जांच कराने में कोई आपत्ति नहीं होनी चाहिए।

    भाजपा युवाओं के साथ मजबूती से खड़ी है और भर्ती घोटालों के खिलाफ जिला से लेकर प्रखंड स्तर तक आंदोलन जारी रखेगी।

    आदित्य साहू ने आरोप लगाया कि राज्य में भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के बजाय भ्रष्टाचार और दलालों को संरक्षण दिया गया है।

    जेपीएससी घोटाले का मास्टरमाइंड मुख्यमंत्री आवास में : बाबूलाल

    नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया कि पिछले छह वर्षों में जेपीएससी और जेएसएससी जैसी संस्थाएं भ्रष्टाचार का केंद्र बन गई हैं।

    उन्होंने कहा कि राज्य सरकार की ओर से कराई जा रही सीआईडी जांच केवल औपचारिकता है और असली दोषियों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है।

    उन्होंने कहा कि जेपीएससी घोटाले का असली मास्टरमाइंड मुख्यमंत्री आवास में बैठा है और सरकार उसे बचाने में लगी है। उन्होंने मांग की कि जेपीएससी के तत्कालीन अध्यक्ष तथा उनके पूरे कार्यकाल में हुई नियुक्तियों और निर्णयों की जांच सीबीआई से कराई जाए।

    मरांडी ने कहा कि अब लीपापोती से काम नहीं चलेगा और दोषियों को बेनकाब करना होगा।

    जवाब में कांग्रेस भी डटी, बारिश में घंटों किया प्रदर्शन 

    भाजपा के कांग्रेस कार्यालय घेराव कार्यक्रम के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भी मोर्चा संभाले रखा। कांग्रेस कार्यालय के सामने सैकड़ों कार्यकर्ता लगातार बारिश में भीगते हुए घंटों तक डटे रहे और भाजपा के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

    इस दौरान कार्यकर्ताओं ने चंदा चोर वापस जाओ, छात्रों की हत्यारी सरकार शर्म करो और धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो जैसे नारे लगाए।

    झारखंड प्रदेश कांग्रेस के मीडिया प्रभारी राकेश सिन्हा ने कहा कि भाजपा यह भ्रम निकाल दे कि कांग्रेस कार्यालयों का घेराव कर वह पार्टी की आवाज दबा सकती है।

    उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेताओं ने आजादी की लड़ाई में जेलें भरी हैं और लोकतंत्र की रक्षा के लिए बलिदान दिया है। भाजपा की धमकियों और राजनीतिक नौटंकी से कांग्रेस का कोई भी कार्यकर्ता पीछे हटने वाला नहीं है।

    प्रदर्शन में सुनील सहाय, लाल किशोर नाथ शाहदेव, एम. तौसीफ, सोनल शांति, सुरेंद्र सिंह, आभा सिन्हा, राकेश सिन्हा, राजन वर्मा, विजय शंकर नायक, राजेश सिन्हा 'सनी', अख्तर अली, प्रो. उदय प्रकाश, शाहबाज अहमद सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

    यह भी पढ़ें- JPSC में महासंग्राम! सुरक्षा घेरा तोड़ जेपीएससी मुख्यालय पहुंचे सैकड़ों युवा, 30 मिनट के घेराव से थर्राया प्रशासन