Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 25, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Exclusive: 'आदिवासी कल्याण योजनाओं पर काम नहीं करते अधिकतर राज्य', केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा से खास बातचीत

    By Jagran NewsEdited By: Mohit Tripathi
    Updated: Sat, 25 Nov 2023 08:17 PM (IST)

    जनजातीय मामलों के केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा का कहना है कि पिछड़ेपन का दंश झेल रहे विलुप्तप्राय आदिवासी समुदायों पर पूर्ववर्ती सरकारों ने कभी ध्यान ...और पढ़ें

    केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा से खास बातचीत। (जागरण फोटो)
    केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा से खास बातचीत। (जागरण फोटो)

    HighLights

    1. आदिवासी कल्याण योजनाओं पर काम नहीं करते अधिकतर राज्य : अर्जुन मुंडा।
    2. राज्यों को बनाना चाहिए टीएसपी एक्ट ताकि जनजातीय योजनाओं के लिए हो बजट प्रविधान।
    3. पूर्व की सरकारों ने विलुप्त हो रहे जनजातीय समुदायों पर कभी ध्यान हीं नहीं दिया।

    प्रदीप सिंह, रांची। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बीते 15 नवंबर को भगवान बिरसा बिरसा मुंडा की जयंती के मौके पर देशभर के 75 विलुप्त हो रहे आदिवासी समुदाय के लिए 24 हजार करोड़ रुपये की महत्वाकांक्षी योजना की घोषणा की। इसे आदिवासी जनजाति न्याय अभियान का नाम दिया गया है।

    अभियान को आरंभ करने के बाद पिछड़ेपन का दंश झेल रहे आदिवासी समुदाय के भीतर भी सर्वाधिक चुनौतियों का सामना कर रहे विलुप्तप्राय जनजातियों की ओर देशभर का ध्यान गया है। जनजातीय मामलों के केंद्रीय मंत्री अर्जुन मुंडा इस स्थिति के लिए पूर्व की सरकारों को जिम्मेदार ठहराते हैं।

    टीएसपी एक्ट बनाने की जरूरत 

    उनका स्पष्ट कहना है कि आदिवासी कल्याण योजनाओं पर कुछ प्रांतों को छोड़कर ज्यादातर राज्य काम ही नहीं करते हैं। राज्यों में आदिवासी उप-योजना (टीएसपी) एक्ट बनाना चाहिए, ताकि जनजातीय कल्याण के लिए योजनाओं का बजट प्रविधान हो और काम भी सुनिश्चित हो सके।

    विलुप्त हो रहे आदिवासी समुदाय...

    दैनिक जागरण के साथ बातचीत में उन्होंने कहा कि ओडिशा में ऐसे कई विलुप्त हो रहे आदिवासी समुदाय हैं, जो जनजातीय की सूची तक में दर्ज नहीं हैं। यह देश की व्यवस्था पर प्रश्नचिन्ह खड़े करता है।

    खबरें और भी

    उन लोगों को तो यह भी पता नहीं है कि संविधान उनको ताकत देता है। इन जनजातीय समुदायों ने कभी आरक्षण का लाभ नहीं लिया। इनका डेटा इकट्ठा करने की कभी कोशिश नहीं की गई।

    आदिवासियों के लिए समर्पित योजना

    पहली बार प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के निर्देश पर एक आदिवासियों के लिए समर्पित परियोजना तैयार की गई है। इसके लिए तीन बिंदु हैं। शिक्षा से जोड़ने के लिए इन समुदायों के बच्चों का नजदीकी एकलव्य मॉडल विद्यालय में सीधे नामांकन होगा।

    इनके स्वास्थ्य का डाटाबेस तैयार होगा, जो ऑनलाइन सूचना उपलब्ध कराएगा। इससे नजदीक से नजदीक स्वास्थ्य केंद्र पर इनका उपचार हो सकेगा। इसके अलावा. उनके रहने के स्थान तक बिजली, पानी, सड़क, संचार सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी।

    Bihar News: औरंगाबाद में ग्रामीण विकास मंत्री के काफिले की गाड़ी पलटी, हादसे में पांच पुलिसकर्मी हुए घायल; दो रेफर

    Bihar News: पति से दूध को लेकर हुआ झगड़ा, पंखे से लटक कर लगा ली फांसी, परिवार में मचा कोहराम