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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 23, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    'मक्खी मारने के लिए बैठक में नहीं आएं', हेमंत की मंत्री ने अफसरों को क्यों हड़काया? तेवर देखकर विभाग में हड़कंप

    Updated: Mon, 23 Dec 2024 06:49 PM (IST)

    Jharkhand News In Hindi विभागीय सचिव अबुबकर सिद्दीख ने कहा कि कार्यशाला का उद्देश्य किसानों को रबी फसल की जानकारी देना और उन्नत कृषि की ओर कदम बढ़ाना ...और पढ़ें

    हेमंत की मंत्री ने अफसरों को क्यों हड़काया?
    हेमंत की मंत्री ने अफसरों को क्यों हड़काया?

    HighLights

    1. कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने जिला कृषि पदाधिकारियों से पूछे सवाल
    2. रबी फसल पर राज्यस्तरीय कार्यशाला में पहुंची थीं मंत्री

    राज्य ब्यूरो, रांची। कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने रबी फसल की राज्यस्तरीय कार्यशाला के दौरान जिला कृषि पदाधिकारियों को जमकर क्लास लगा दी।

    योजनाओं के बारे में संतोषजनक जवाब नहीं देने पर उन्होंने कहा कि जब विभाग की योजना और लाभुकों के बारे में सटीक जानकारी नहीं है, तो अधिकारी मक्खी मारने के लिए बैठक में नहीं आएं। उनके पास संबंधित डाटा हो तभी वे बैठक में उपस्थित रहें।

    गोड्डा के कृषि पदाधिकारी के बैठक से अनुपस्थित होने पर स्पष्टीकरण मांगा गया है। हेसाग में रबी फसल पर राज्यस्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया था। कृषि मंत्री ने जिला कृषि पदाधिकारी से विभाग की कल्याणकारी योजनाओं के बारे में सवाल पूछना शुरू किया।

    उन्होंने बोकारो जिला कृषि पदाधिकारी से पूछा कि जिले में विभाग की कौन-कौन सी योजनाएं चल रही हैं। इन योजना के जरिए कितने किसानों को लाभ मिला है। लेकिन उनकी ओर से कोई जवाब नहीं दिया गया। इसपर कृषि मंत्री शिल्पा नेहा तिर्की ने अधिकारी की जमकर क्लास लगाई।

    उन्होंने कहा कि जब तक उनके पास डाटा नहीं हो, तब तक वह इस तरह की बैठक में नहीं आएं। यह कार्यक्रम महज खानापूर्ति के लिए नहीं है। इसके बाद कृषि मंत्री ने सिमडेगा, धनबाद, दुमका सहित कई जिलों से विभागीय योजना के बारे में सवाल पूछा।

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    किसी के पास सवाल का संतोषजनक जवाब नहीं था। उन्होंने विभागीय अधिकारियों को स्पष्ट किया कि वो जब भी कार्यशाला में आए, तो पूरी तैयारी के साथ आए।

    किसानों को दिलाएं योजना का लाभ : कृषि सचिव

    • विभागीय सचिव अबुबकर सिद्दीख ने कहा कि कार्यशाला का उद्देश्य किसानों को रबी फसल की सही जानकारी देना और उन्नत कृषि की ओर कदम बढ़ाना है। किसानों से मिलकर जमीनी हकीकत को जानकर किसानों को योजना का लाभ दिया जा सकता है।
    • बीएयू ने राज्य के पर्यावरण अनुसार बीज तैयार किए है। जिसका लाभ किसानों को दिया जा सकता है। मंत्री के आदेश के तहत विभागीय अधिकारियों को सप्ताह में दो दिन क्षेत्र का दौरान करने के लक्ष्य को हर हाल में पूरा करना है। 3 जनवरी तक योजनाओं के लाभुकों की रिपोर्ट कृषि निदेशक को भेजने का निर्देश दिया गया।

    दुमका के एफपीओ की मांगी रिपोर्ट

    सरकार एफपीओ (किसान उत्पादक संघ) को मजबूत बनाना चाहती है, लेकिन पता चला है कि गांव के कुछ लोगों को आगे करके इसके पीछे खेल चल रहा है। अब से एफपीओं को दी जाने वाली राशि के क्रियान्वयन पर विभाग की नजर रहेगी। पूरी जांच के बाद ही एफपीओ को पैसे दिए जाएंगे। इस दौरान उन्होंने दुमका के एफपीओ के संबंध में जिला सहकारिता पदाधिकारी से रिपोर्ट मांगी है।- कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की

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