यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 31, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Hemant Soren: ED के खिलाफ दर्ज FIR में बड़ी गड़बड़ी... ये पुलिस विभाग की जल्दबाजी या वजह कुछ और?
झारखंड में सियासी हलचल तेज है। मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी ने राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को हिरासत में ले लिया है। वहीं हेमंत सोरेन ने भी ईडी क ...और पढ़ें

डिजिटल डेस्क, रांची। Hemant Soren ED FIR झारखंड में सियासी हलचल तेज है। मनी लॉन्ड्रिंग मामले में ईडी ने राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को हिरासत में ले लिया है। वहीं, हेमंत सोरेन ने भी ईडी के अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करा दी है। हालांकि, अब इस प्राथमिकी को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
ऐसा दावा किया जा रहा है कि इस प्राथमिकी में कई गलतियां हैं। एक सबसे बड़ी गलती तो हेमंत सोरेन के विधानसभा क्षेत्र को लेकर है।

दरअसल, हेमंत सोरेन बरहेट विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं। हालांकि, उनके द्वारा दर्ज करवाई गई एफआईआर में उनका विधानसभा क्षेत्र साहिबगंज बता दिया गया है। जबकि साहिबगंज तो कोई विधानसभा सीट ही नहीं है।
बड़ी बात तो यह है कि गोंदा थाना ने इस प्राथमिकी को अप्रूव भी कर दिया है और इसके लिए आईओ तक बहाल कर दिया गया है।
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हेमंत सोरेन ने दिया इस्तीफा
बता दें कि हेमंत सोरेन ने बुधवार को झारखंड के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया। सत्तारूढ़ झामुमो के नेतृत्व वाले गठबंधन ने नए राज्य प्रमुख के रूप में वरिष्ठ नेता चंपई सोरेन का नाम प्रस्तावित किया गया है।
भूमि घोटाले से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में प्रवर्तन निदेशालय द्वारा लगभग सात घंटे की पूछताछ के बाद सोरेन ने राजभवन में राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन को अपना इस्तीफा सौंप दिया।
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