यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 25, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
डेमोग्राफी चेंज पर गरमाई झारखंड की राजनीति, अब विवाद में कूदे विधानसभा स्पीकर
झारखंड में डेमोग्राफी चेंज में बदलाव का मामला तूल पकड़ लिया है। पक्ष-विपक्ष के बीच लगातार बयानबाजी हो रही है। इसी विवाद में अब विधानसभा स्पीकर रबीन्द् ...और पढ़ें

HighLights
- स्पीकर रबीन्द्रनाथ महतो का डेमोग्राफी में बदलाव से इनकार
- सीमा की सुरक्षा का मामला केंद्र का- स्पीकर रबीन्द्रनाथ महतो
- CM हिमंत सरमा के झारखंड दौरे पर स्पीकर ने उठाया सवाल
राज्य ब्यूरो, रांची। झारखंड में डेमोग्राफी (जनसांख्यिकी) में बदलाव का मुद्दा जोर पकड़ रहा है। इसे लेकर पक्ष-विपक्ष में आरोप-प्रत्यारोप का दौर भी चरम पर है। गुरुवार को झारखंड विधानसभा के अध्यक्ष रबीन्द्रनाथ महतो भी इस विवाद में कूद पड़े।
उन्होंने इसे राजनीतिक मुद्दा बताते हुए असम के सीएम के राज्य में हो रहे दौरे पर भी सवाल उठाया। विधानसभा में पत्रकारों से बातचीत में रबीन्द्रनाथ महतो ने डेमोग्राफी में बदलाव से स्पष्ट इनकार किया। स्पीकर ने कहा कि यह राजनीतिक मुद्दा है। चुनाव जीतने के लिए पता नहीं ये कौन-कौन सा मुद्दा उठाते रहते हैं। सीमा की सुरक्षा का मामला केंद्र सरकार का है।
उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि अगर ऐसा हुआ तो क्या यह चार साल के भीतर हुआ? किस सरकार में डेमोग्राफी चेंज हुआ है, इसका भी पता लगाना चाहिए। रबीन्द्रनाथ महतो ने असम सीएम हिमंत बिस्व सरमा पर निशाना साधते हुए कहा कि वे देश के पहले मुख्यमंत्री हैं, जो अपने राज्य का काम छोड़कर दूसरे राज्य में घूम रहे हैं।
भाजपा ने किया पलटवार
भाजपा ने स्पीकर के बयान पर पलटवार किया है। प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने कहा कि डेमोग्राफी को लेकर स्पीकर का बयान न्यायालय की अवमानना है। यह उच्च न्यायालय में विचाराधीन है। न्यायालय ने सीमावर्ती छह जिलों के उपायुक्तो को इस मुद्दे पर शपथपत्र दाखिल करने कहा है।
जनगणना के आधिकारिक आंकड़ों में 1951 से 2011 के बीच संताल के इलाके में आदिवासियों की आबादी 16% घटी है और मुसलमान की आबादी 13% बढ़ी है। स्पीकर का पद संवैधानिक और राजनीति से ऊपर है। वे एक राजनीतिक दल के प्रवक्ता की तरह बयान दे रहे हैं। स्पीकर का असम के मुख्यमंत्री के दौरों पर भी टिप्पणी करना भी आपत्तिजनक है।