यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 29, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Jharkhand Politics: निशिकांत दुबे पर FIR दर्ज होने पर आगबबूला हुआ बाबूलाल मरांडी, कहा- मनमानी कर रही है यह सरकार
बाबूलाल मरांडी ने गोड्डा के भाजपा सांसद डॉ. निशिकांत दुबे के खिलाफ दर्ज एफआईआर का विरोध किया है। उन्होंने कहा कि समझ में नहीं आता सरकार किस प्रकार मनम ...और पढ़ें

राज्य ब्यूरो, रांची। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने गोड्डा के भाजपा सांसद डॉ. निशिकांत दुबे के खिलाफ दर्ज एफआईआर का विरोध किया है। उन्होंने कहा कि देवघर जिले में गौ तस्करों को बांग्लादेश ले जा रहे सैकड़ों पशुधन के साथ पुलिस से पकड़वाने वाले सांसद निशिकांत दुबे पर गुरुवार को एफआईआर किया गया। शुक्रवार को किसी गिरफ्तार अपराधी का फोटो खींचने वाले पत्रकार पर देवघर में एफआईआर किया गया है।
उन्होंने कहा कि समझ में नहीं आता सरकार किस प्रकार मनमाने तरीके से फैसले ले रही है। चार साल में विरोधियों को सताने और चुप कराने के लिये दो-ढाई सौ फर्जी मुकदमा किया गया। ऐसा करने वाले सरकार का भला नहीं चाहते हैं।
सरकार के 4 साल पूरा पर आयोजित समारोहों पर जताई आपत्ति
भाजपा ने हेमंत सोरेन सरकार के चार वर्ष का कार्यकाल पूरा होने पर जश्न मनाने को लेकर आपत्ति जताई है। प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने कहा कि सरकार हर मोर्चे पर विफल है। कानून व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो चुका है। किसानों का लोन माफी करने का वादा झूठा साबित हुआ।
आदिवासियों के चेहरे पर छाई निराशा: भाजपा
प्रतुल शाहदेव ने कहा कि आदिवासी-मूलवासियों के चेहरे पर निराशा है, फिर किस बात का जश्न मनाया जा रहा है? जिसे हक देने की बात कर रहे हैं, उसे ही लाठी-डंडों से पीटा जा रहा है। संगीन के साये में मन रहे जश्न का क्या औचित्य है। सरकार में ईमानदार अफसरों की कोई पूछ नही होती है।
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जेल अधीक्षक के ट्रांसफर पर उठाए सवाल
उन्होंने जेल अधीक्षक रॉबर्ट निशांत बेसरा के ट्रांसफर पर सवाल उठाए। कहा कि पहले ही भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने ट्वीट कर यह आशंका व्यक्त की थी कि सरकार कोई न कोई बहाना या झूठा आरोप लगाकर उसका तबादला करेगी। उन्होंने दावा किया कि वे जेल में सख्ती बरत रहे थे।
भाजपा की सरकार आएगी तो...
उन्होंने कहा कि सरकारे आती है, जाती है। जब भाजपा की सरकार आएगी तो इस तरह जेल से चलने वाली सरकार की जांच की सीबीआई जांच की अनुशंसा की जाएगी, तब दूध का दूध और पानी का पानी होगा।
चार वर्षों का जश्न इसलिए मनाया जा रहा है कि 70 हजार करोड़ का घपला-घोटाला हुआ है। रिकार्ड संख्या में ट्रांसफर पोस्टिंग हुई है। मुख्यमंत्री कानून का पालन नही करते। संवैधानिक मशीनरी ध्वस्त हो चुकी है।
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