JPSC में चल क्या रहा? पहले प्रश्नपत्र, अब आंसर शीट में त्रुटियां; आयोग ने संशोधित उत्तर जारी किया
झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) ने संयुक्त सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा का मॉडल उत्तर जारी कर त्रुटियों के कारण हटा लिया। 19 अप्रैल को हुई परीक्षा के बाद ...और पढ़ें

सहायक वन रक्षक के बाद जेपीएससी मुख्य परीक्षा के पेपर में गलतियों से सवालों के घेरे में संस्थान।
HighLights
जेपीएससी ने प्रारंभिक परीक्षा का मॉडल उत्तर जारी किया।
त्रुटियों के कारण आयोग ने इसे हटाकर संशोधित किया।
अभ्यर्थियों से 24 अप्रैल तक आपत्तियां आमंत्रित की गईं।
राज्य ब्यूरो, रांची : झारखंड लोक सेवा आयोग ने संयुक्त सिविल सेवा प्रारंभिक प्रतियोगिता परीक्षा का माॅडल उत्तर परीक्षा संपन्न होने के अगले दिन ही जारी कर दिया था।
यह परीक्षा 19 अप्रैल को आयोजित हुई थी, जबकि आयोग ने अगले दिन 20 अप्रैल को देर शाम दोनों पत्रों का माॅडल उत्तर वेबसाइट पर जारी कर दिया। लेकिन उस माॅडल उत्तर में कई त्रुटियां रह गई थीं।
मामला संज्ञान में आने के बाद आयोग ने आनन-फानन में मंगलवार सुबह माॅडल उत्तर वेबसाइट से हटा लिया। आयोग द्वारा इस संबंध में कोई सूचना भी प्रकाशित नहीं की गई।
हालांकि आयोग ने मंगलवार को ही शाम में दोबारा माॅडल उत्तर कुछ संशोधन के साथ जारी किया। आयाेग ने जारी माॅडल उत्तर पर अभ्यर्थियों से 24 अप्रैल शाम पांच बजे तक आपत्ति और सुझाव आमंत्रित किए हैं।
आयोग द्वारा माॅडल उत्तर जारी कर वेबसाइट से हटाने पर इंटरनेट मीडिया पर तरह-तरह के सवाल उठते रहे। इधर, आजसू पार्टी के महासचिव संजय कुमार मेहता ने कहा कि आयोग द्वारा वेबसाइट पर अपलोड किए गए माडल उत्तर में कई त्रुटियां थीं।
पार्टी ने सोमवार को देर रात आयोग को इससे अवगत कराया, जिसके बाद आयोग ने उक्त माडल उत्तर वेबसाइट से हटा लिया। उन्होंने कहा कि यह आयोग के ग़ैर जिम्मेदाराना रवैये को दर्शाता है।
बताते चलें कि इस परीक्षा में पूछे गए प्रश्नों में कई शाब्दिक त्रुटियों को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं। इससे पहले सहायक वन रक्षक परीक्षा में भी कई सवाल में शाब्दिक गलतियां थी। इससे इंटरनेट मीडिया में जेपीएससी का मजाम बन रहा था।
अगले माह के प्रथम सप्ताह में जारी हो सकता है परीक्षा का परिणाम
जेपीएससी की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम अगले माह प्रथम या द्वितीय सप्ताह में जारी हो सकता है। अभ्यर्थियों से प्राप्त आपत्तियों की समीक्षा के बाद आयोग संशोधित माडल उत्तर जारी करेगा, जिसके आधार पर परिणाम जारी किया जाएगा।