Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Mar 03, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Ranchi Jail: रांची जेल से अपराधी अब फोन पर नहीं कर पाएंगे 'हैलो-हाय', हेमंत सरकार ने ले लिया बड़ा फैसला

    Updated: Mon, 03 Mar 2025 11:31 PM (IST)

    रांची जेल समेत झारखंड की जेलों में बंद अपराधी अब कारोबारियों से रंगदारी नहीं मांग पाएंगे। सभी जेलों में हाईटेक जैमर लगाए जाएंगे जिससे अपराधी अपने गैंग ...और पढ़ें

    प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर
    प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर

    HighLights

    1. गिरोह के सरगना अपने गैंग के सदस्यों तक नहीं दे पाएंग सूचना
    2. हाईटेक जैमर लगाए जाने से पुलिस को मिलेगा लाभ

    जागरण संवाददाता, रांची। रांची जेल समेत झारखंड के जेलों में बंद अपराधी अब कारोबारियों से रंगदारी की मांग नहीं कर पाएंगे। सभी जेल में हाईटेक जैमर लगेगा।

    इस बार के बजट में जैमर लगाने के लिए पैसा देने की अनुमति मिली है। जेल में बद अपराधी अपने गैंग के भी सदस्यों से संपर्क नहीं कर पाएंगे।

    रिटायर्ड डीएसपी अरविंद कुमार सिन्हा का कहना है कि यह सरकार की अच्छी पहल है। इसे पहले ही लागू कर देना चाहिए था। हाईटेक जैमर लगाने से अपराधियों पर पूरी तरह से नकेल लग जाएगी।

    जेल में बंद अपराधी मोबाइल के अलावा और भी इलेक्ट्रोनिक सामान का इस्तेमाल करते है। अब सभी इलेक्ट्रोनिक उपकरण कोई काम नहीं करेगा।

    अभी जेल में मौजूद है टू जी जैमर

    • पुलिस के लिए जेल में बंद अपराधी सिरदर्द बने हुए थे। इस वजह से उन्हें एक जेल से दूसरे जेल में बार बार शिफ्ट करना पड़ता था। अब पुलिस को ऐसा नहीं करना होगा। अभी जेल में टू जी जैमर लगा हुआ है।
    • अपराधी फोर जी, फाइव जी मोबाइल का इस्तेमाल कर रहे थे। इस वजह से जैमर होने के बाद भी वह किसी काम का नहीं था। जेल में बंद अपराधी आसानी से कारोबारियों से रंगदारी की मांग करते थे।
    • रंगदारी नहीं देने पर उनपर हमला भी करा देते थे। इससे कारोबारियों में दहशत का माहौल बना रहता था। पुलिस अपराधियों को रोक नहीं पाती थी।
    • अब कारोबारियों को डरने की जरुरत नहीं है। अपराधी हाइटेक उपकरण से पुलिस पर भारी पड़ रहे थे। लेकिन अब पुलिस अपराधियों पर भारी पड़ेगी।

    बिना अनुमति के फिल्म फेस्टिवल कराने के मामले में हुई प्राथमिकी

    रांची के लालपुर थाना में बिना मोरहाबादी मैदान में फिल्म फेस्टिवल कराने के मामले में जिफा के संस्थापक अध्यक्ष ऋषि प्रकाश मिश्रा के खिलाफ केस हुआ है। केस मजिस्ट्रेट के बयान पर हुआ है।

    लालपुर थाना की पुलिस का कहना है बिना आदेश मिले कार्यकम का आयोजन हो रहा था। रविवार को कई बड़े एक्टर रांची पहुंचे थे। उन्हें कार्यक्रम में शामिल होना था।

    कार्यक्रम नहीं होने की वजह से सभी एक्टर वापस लौट गए थे। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है। जांच पूरी हो जाने के बाद दोषी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

    वहीं ऋषि प्रकाश ने रविवार को कहा था कि दो दिवसीय आयोजन के दूसरे दिन मोराबादी मैदान से जिला प्रशासन द्वारा जबरन कार्यक्रम बंद करा दिया गया।

    10 मार्च तक झारक्राफ्ट को मैदान आवंटित किया गया था जिनके संयुक्त तत्वाधान में जिफा का आयोजन किया गया था ।

    कार्यक्रम में भारत रत्न लत मंगेशकर की बहन प्रसिद्ध गायिका उषा मंगेशकर, गदर के निर्देशक अनिल शर्मा और प्रसिद्ध निर्देशक राकेश रोशन तक को शामिल होना था ।

    प्रशासन का कहना है कि कोई भी हो बिना आदेश के मोरहाबादी में कार्यक्रम नहीं करा सकता है। ऐसा जो भी करेगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

    यह भी पढ़ें-

    दूर होगी डॉक्टरों और बड़े अस्पतालों की कमी, हेमंत सरकार ने झारखंडवासियों को दे दी एक और सौगात

    'डंके की चोट पर केंद्र से लेंगे 1.36 लाख करोड़ का सूद', वित्त मंत्री ने सरयू राय के सवाल पर दिया जवाब