Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 02, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Jharkhand में जमीन का दाखिल खारिज हुआ अब आसान, नहीं काटने होंगे दफ्तरों के चक्‍कर, जानें कैसे

    By Jagran NewsEdited By: Arijita Sen
    Updated: Fri, 02 Dec 2022 02:09 PM (IST)

    राज्‍य में अब तक जमीन के दाखिल खारिज (म्यूटेशन) के लिए लोगों को कर्मचारी या अंचल अधिकारी के कार्यालयों के कई दफा चक्‍कर काटने पड़ते थे लेकिन मुख्‍यमंत ...और पढ़ें

    Jharkhand में जमीन का दाखिल खारिज हुआ अब आसान
    Jharkhand में जमीन का दाखिल खारिज हुआ अब आसान

    रांची, राज्‍य ब्‍यूराे। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन (Hemant Soren) ने गुरुवार को प्रोजेक्ट भवन सचिवालय के सभागार में सुओ मोटो आनलाइन म्यूटेशन प्रक्रिया (Suo Moto Online Mutation) का शुभारंभ किया और इसी के साथ अब रैयतों को जमीन के दाखिल खारिज (म्यूटेशन) के लिए कर्मचारी या अंचल अधिकारी के कार्यालयों के चक्‍कर नहीं काटने पड़ेंगे और न ही इसके लिए अलग से आवेदन देना होगा। अब जमीन के रजिस्‍ट्रेशन (Land Registration) के साथ ही इसकी आनलाइन प्रक्रिया स्वत: शुरू हो जाएगी।

    राज्‍य में जमीन की खरीद बिक्री में पारदर्शिता लाने की पहल

    इस खास अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जमीन की खरीद-बिक्री में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार ने कई कदम उठाए हैं। सुओ-मोटो आनलाइन म्युटेशन प्रक्रिया का शुभारंभ भी उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।

    जैसा की सभी जानते हैं, जमीन खरीद-बिक्री हेतु रजिस्‍ट्रेशन, दाखिल-खारिज, रसीद कटने से लेकर रजिस्टर पंजी-2 तक की प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है। कई बार ये प्रक्रियाएं आम जनता के लिए काफी जटिल हो जाती हैं। राज्य सरकार का प्रयास आम जनता को सरल और सुलभ व्यवस्था उपलब्ध कराना है।

    Poornia News: जमीन के दाखिले में कर्मचारियों की कमी बताकर तालमेल से चल रहा खेल, चढ़ावे के भरोसे लटका काम

    शुरुआत में दिक्‍कत आने पर परेशान न हो लोग

    मौके पर मुख्यमंत्री ने वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े जिला एवं प्रखंडस्तरीय अधिकारियों (District and Block Level Officers) को संबोधित करते हुए कहा कि हो सकता है कि शुरुआती 15 से 20 दिन कुछ तकनीकी समस्याएं (Technical Fault) आए, जिस पर संबंधित अधिकारी लगातार नजर बनाए रखेंगे।

    खबरें और भी

    इस स्थिति में लोग विभाग के साथ समन्वय स्थापित करें ताकि समस्याओं का तत्काल निराकरण किया जा सके। उन्होंने इसका व्यापक प्रचार-प्रसार करने के भी निर्देश दिए। इस अवसर पर तीन लाभुकों ने अपने अनुभव भी शेयर किए।

    मौके पर कई गणमान्‍य रहे उपस्थित

    इस मौके पर ग्रामीण विकास मंत्री आलमगीर आलम, श्रम मंत्री सत्यानंद भोक्ता, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव राजीव अरुण एक्का, मुख्यमंत्री के सचिव विनय कुमार चौबे, राजस्व निबंधन एवं भूमि सुधार विभाग के सचिव केके सोन, निदेशक उमाशंकर सिंह सहित कई अफसर मौजूद थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस पारदर्शी प्रक्रिया से ग्रामीण लोगों को बिचौलियों से भी मुक्ति मिल सकेगी।

    सरकार को है बुजुर्गों का भी ख्‍याल

    उन्‍होंने यह भी कहा कि सरकार एक कार्य योजना तैयार कर रही है जिसके तहत बुजुर्गों को कचहरी का चक्‍कर न काटना पड़े इस दिशा में काम किया जाएगा।

    झारखंड: आवासीय स्‍कूलों में शिक्षक नियुक्ति में महिलाओं को 50 फीसदी आरक्षण, इन विद्यार्थियों को मिलेगी साइकिल