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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 15, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    ओरल कैंसर का खतरा बढ़ाती हैं 5 आदतें, इन लक्षणों से वक्त रहते करें इसकी पहचान

    Updated: Tue, 15 Jul 2025 09:19 AM (IST)

    मुंह का कैंसर (Oral Cancer) काफी खतरनाक साबित हो सकता है। इसके कारण होंठ जीभ गाल और गले के टिश्यू प्रभावित होते हैं। क्या आप जानते हैं कि तंबाकू के अल ...और पढ़ें

    किन वजहों से बढ़ता है ओरल कैंसर का रिस्क? (Picture Courtesy: Freepik)
    किन वजहों से बढ़ता है ओरल कैंसर का रिस्क? (Picture Courtesy: Freepik)

    HighLights

    1. ओरल कैंसर मुंह के अंदरूनी हिस्सों, होंठ और गले को प्रभावित करता है
    2. तंबाकू के अलावा इसके और भी कई कारण हैं
    3. कुछ लक्षणों की मदद से इसका जल्दी पता लगाया जा सकता है

    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। ओरल कैंसर, जिसे मुंह का कैंसर भी कहते हैं, एक गंभीर बीमारी है जो होंठ, जीभ, मसूड़ों, गालों के अंदरूनी हिस्से, तालू और गले के टिश्यू को प्रभावित करती है। तंबाकू और सिगरेट इसके सबसे अहम कारण माने जाते गहैं, लेकिन इसके और भी कई कारण (Oral Cancer Causes) हो सकते हैं, जिनपर लोग कम ध्यान देते हैं।

    स्मोकिंग के अलावा, अनहेल्दी लाइफस्टाइल भी इसका कारण बन सकती है। आइए जानें किन आदतों से ओरल कैंसर का खतरा बढ़ता है और इसकी पहचान (Oral Cancer Symptoms) कैसे कर सकते हैं।

    ओरल कैंसर का खतरा बढ़ाने वाली 5 आदतें

    तंबाकू और स्मोकिंग

    तंबाकू चबाना, गुटखा, पान मसाला और सिगरेट पीना ओरल कैंसर का सबसे बड़ा कारण है। तंबाकू में मौजूद निकोटिन और कार्सिनोजेनिक तत्व मुंह के टिश्यू को नुकसान पहुंचाते हैं, जिससे कैंसर सेल्स विकसित होने लगती हैं।

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    शराब पीना

    अल्कोहल भी ओरल कैंसर के खतरे को बढ़ाता है। जो लोग शराब और तंबाकू दोनों का ही इस्तेमाल करते हैं, उनमें इसका खतरा और भी ज्यादा हो जाता है।

    अनहेल्दी डाइट और पोषक तत्वों की कमी

    फल और सब्जियां कम खाने से शरीर में एंटीऑक्सीडेंट्स और विटामिन्स की कमी हो जाती है, जो सेल्स को डैमेज होने से बचाते हैं। विटामिन-ए, सी और ई की कमी ओरल कैंसर के रिस्क को बढ़ा सकती है।

    मुंह की साफ-सफाई की अनदेखी

    दांतों और मुंह की सही तरीके से सफाई न करने से बैक्टीरिया पनपते हैं और इन्फेक्शन फैलाते हैं, जो लंबे समय में ओरल कैंसर का कारण बन सकते हैं।

    HPV इन्फेक्शन

    कुछ प्रकार के HPV वायरस ओरल कैंसर का कारण बनते हैं। यह वायरस असुरक्षित सेक्स या इन्फेक्टेड व्यक्ति के कॉन्टेक्ट में आने से फैल सकता है।

    ओरल कैंसर के लक्षण कैसे होते हैं?

    • मुंह में लंबे समय तक रहने वाला छाला या घाव जो ठीक नहीं होता।
    • मुंह या गले में लगातार दर्द होना।
    • गले या मुंह में सफेद या लाल चकत्ते।
    • निगलने या चबाने में दिक्कत होना।
    • आवाज में बदलाव या गले में खराश बने रहना।
    • मुंह से खून आना या दांतों का ढीला होना।
    • गर्दन या जबड़े में सूजन होना।

    ओरल कैंसर का रिस्क कम करने के लिए क्या करें?

    • तंबाकू और स्मोकिंग से पूरी तरह परहेज करें।
    • शराब बिल्कुल न पिएं। इसकी थोड़ी मात्रा भी सेहत के लिए हानिकारक है।
    • बैलेंस्ड डाइट लें, जिसमें फल और हरी सब्जियां शामिल हों।
    • नियमित रूप से डेंटल चेकअप करवाएं और मुंह की सफाई का ध्यान रखें।
    • HPV वैक्सीन लगवाकर इसके इन्फेक्शन से बचें।

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    Source: 

    NIH: https://pmc.ncbi.nlm.nih.gov/articles/PMC8000242/

    Cleveland Clinic: https://my.clevelandclinic.org/health/diseases/11184-oral-cancer