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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 23, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    Diabetic Neuropathy: दिमाग के लिए बेहद घातक है डायबिटीज का यह रूप, शरीर बर्बाद होने से पहले हो जाएं सावधान

    Updated: Wed, 23 Oct 2024 02:47 PM (IST)

    डायबिटीज के मरीजों को अक्सर खून में शक्कर का स्तर बढ़ने की समस्या होती है. अगर इस समस्या को लंबे समय तक नियंत्रित न किया जाए तो यह बहुत खतरनाक हो सकती ...और पढ़ें

    शुगर के मरीज वक्त रहते हो जाएं अलर्ट, Diabetic Neuropathy के ये लक्षण हो सकते हैं खतरनाक (Image Source: Freepik)
    शुगर के मरीज वक्त रहते हो जाएं अलर्ट, Diabetic Neuropathy के ये लक्षण हो सकते हैं खतरनाक (Image Source: Freepik)

    HighLights

    1. नसें हमारे शरीर के अलग-अलग हिस्सों में संदेश ले जाती हैं।
    2. जब ये नसें खराब हो जाती हैं तो ये संदेश नहीं पहुंच पाते हैं।
    3. ऐसे में, पैरों का दर्द, झुनझुनी या सुन्नपन महसूस हो सकता है।

    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। डायबिटीज (Diabetes) होने पर शरीर में शुगर की मात्रा बढ़ जाती है। क्या आप जानते हैं कि अगर इसे ठीक से कंट्रोल न किया जाए तो नसें खराब होने लगती हैं? जी हां, दरअसल इस बीमारी को डायबिटिक न्यूरोपैथी (Diabetic Neuropathy) कहते हैं। नसें खराब होने (Diabetic neuropathy symptoms) से शरीर के अंग ठीक से काम नहीं करते और कई बार जान भी जा सकती है। इसलिए डायबिटीज के इस रूप को बहुत गंभीरता से लेना चाहिए और डॉक्टर की सलाह का पालन करना चाहिए। आइए इस आर्टिकल में आपको इससे जुड़े लक्षणों के बारे में आसान भाषा में समझाते हैं।

    क्या कहती है CDC की रिपोर्ट?

    क्या आप जानते हैं कि डायबिटीज के लगभग आधे मरीजों को नर्व डैमेज यानी न्यूरोपैथी का सामना करना पड़ता है? यह डरावना लग सकता है, लेकिन सच्चाई यह है कि अगर समय रहते इस समस्या की पहचान कर ली जाए तो इसे काफी हद तक रोका जा सकता है।

    CDC (सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रीवेंशन) की रिपोर्ट के अनुसार, डायबिटिक न्यूरोपैथी एक गंभीर जटिलता है जो लंबे समय तक उच्च ब्लड शुगर के स्तर के कारण होती है। यह आपके शरीर की नसों को नुकसान पहुंचाती है और विभिन्न प्रकार के लक्षण पैदा कर सकती है।

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    डायबिटिक न्यूरोपैथी के कुछ सामान्य लक्षण

    डायबिटिक न्यूरोपैथी के शुरुआती लक्षणों को पहचानना बहुत जरूरी है क्योंकि समय पर इलाज से आप गंभीर जटिलताओं से बच सकते हैं।

    • हाथ-पैरों में सुन्नता या चुभन: यह सबसे आम लक्षण है।
    • फुट अल्सर: पैरों में घाव जो ठीक नहीं होते।
    • जोड़ों में दर्द: विशेषकर पैरों और हाथों में।
    • पाचन संबंधी समस्याएं: मतली, उल्टी, दस्त, भूख न लगना।
    • मूत्र संबंधी समस्याएं: पेशाब करने में दिक्कत।
    • यौन समस्याएं: पुरुषों में नपुंसकता और महिलाओं में योनि में सूखापन।
    • दर्द: कूल्हे में तेज दर्द, आंखों के पीछे दर्द।
    • दृष्टि संबंधी समस्याएं: धुंधला दिखाई देना।

    लक्षण दिखाई दें तो क्या करें?

    • अपने ब्लड शुगर की नियमित रूप से जांच करें
    • अगर आपको लगता है कि आपका ब्लड शुगर कंट्रोल से बाहर जा रहा है या आपको कुछ लक्षण दिखाई दे रहे हैं, तो तुरंत अपने डॉक्टर से संपर्क करें।
    • डायबिटिक न्यूरोपैथी को पूरी तरह से ठीक नहीं किया जा सकता है, लेकिन समय पर इलाज से इसे बढ़ने से जरूर रोका जा सकता है।

    ब्लड शुगर को किस तरह करें कंट्रोल?

    • डायबिटीज के मरीजों को एक संतुलित आहार लेना चाहिए जिसमें फाइबर, विटामिन और खनिज भरपूर मात्रा में हों।
    • नियमित रूप से एक्सरसाइज करने से ब्लड शुगर को नियंत्रित करने में मदद मिलती है।
    • ज्यादा वजन या मोटापा डायबिटीज को और खराब कर सकता है। इसलिए, अपना वजन कंट्रोल रखना बहुत जरूरी है।
    • हाई ब्लड प्रेशर डायबिटीज के लिए एक जोखिम कारक है। इसलिए, ब्लड प्रेशर को नियंत्रित रखना काफी जरूरी है।
    • शराब और धूम्रपान डायबिटीज के लिए हानिकारक होते हैं। ऐसे में, इससे भी परहेज करें।
    • डॉक्टर द्वारा बताई गई दवाओं को समय पर लेना बहुत जरूरी है।
    • अपने ब्लड शुगर को नियमित रूप से जांचते रहें और शरीर को हाइड्रेटेड रखने के लिए पर्याप्त पानी पिएं।

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    Disclaimer: लेख में उल्लेखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो, तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।