यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 22, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
शरीर में हो गई है Calcium की कमी, तो खाना शुरू कर दें ये सफेद बीज; हड्डियों में भर जाएगी फौलाद सी ताकत
हड्डियों को मजबूत बनाए रखने के लिए डाइट का ध्यान रखना जरूरी है। नहीं तो उम्र बढ़ने के साथ-साथ हड्डियां कमजोर होनी शुरू हो जाती हैं। हड्डियों को मजबूत ...और पढ़ें

HighLights
- सफेद तिल हड्डियों के लिए काफी फायदेमंद हो सकते हैं
- इनमें कैल्शियम समेत कई जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं
- इन्हें डाइट में शामिल करने से बोन डेंसिटी बनाए रखने में मदद मिलती है
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। हड्डियों को मजबूत बनाए रखने के लिए पोषक तत्वों से भरपूर फूड्स को डाइट में शामिल करना जरूरी है। सफेद तिल (White Sesame Seeds) कैल्शियम, मैग्नीशियम, फॉस्फोरस और अन्य जरूरी मिनरल्स से भरपूर (White Sesame Seeds Benefits) होता है।
ये न केवल हड्डियों के स्वास्थ्य को बढ़ावा देते हैं (White Sesame Seeds For Bones), बल्कि ऑस्टियोपोरोसिस (हड्डियों का कमजोर होना) जैसी बीमारियों से बचाव में भी मदद करते हैं। आइए जानते हैं कि सफेद तिल हड्डियों को मजबूत बनाने (Seeds for Strong Bones) में कैसे सहायक है।
कैल्शियम का बेहतरीन सोर्स
हड्डियों की मजबूती के लिए कैल्शियम सबसे जरूरी पोषक तत्व है। सफेद तिल में भरपूर मात्रा में कैल्शियम पाया जाता है। लगभग 100 ग्राम सफेद तिल में 975 मिलीग्राम कैल्शियम होता है, जो दूध से भी ज्यादा है। नियमित रूप से तिल को डाइट में शामिल करने से हड्डियों की डेंसिटी बढ़ती है और फ्रैक्चर का खतरा कम होता है।
मैग्नीशियम और फॉस्फोरस भी मिलता है
कैल्शियम के अलावा, हड्डियों के स्वास्थ्य के लिए मैग्नीशियम और फॉस्फोरस भी जरूरी हैं। मैग्नीशियम कैल्शियम के अब्जॉर्प्शन में मदद करता है, जबकि फॉस्फोरस हड्डियों के ढांचे को मजबूत बनाता है। सफेद तिल में ये दोनों मिनरल्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं, जो हड्डियों को लंबे समय तक स्वस्थ रखने में मददगार होते हैं।
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जिंक और कॉपर भी हैं मौजूद
सफेद तिल में जिंक और कॉपर भी पाया जाता है, जो हड्डियों के लिए फायदेमंद है। जिंक हड्डियों के निर्माण और मरम्मत में मदद करता है, जबकि कॉपर कोलेजन के निर्माण में मददगार होता है, जो हड्डियों की फ्लेक्सिबिलिटी बनाए रखने में मदद करता है।
एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण
तिल में सेसमिन और सेसामोलिन जैसे एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं, जो शरीर में सूजन को कम करते हैं। हड्डियों से जुड़ी बीमारियां जैसे आर्थराइटिस (Arthritis) में सूजन एक मुख्य समस्या है। तिल खाने से इन समस्याओं को कम करने में मदद मिल सकती है।
प्रोटीन और हेल्दी फैट्स
हड्डियों को मजबूत बनाए रखने के लिए प्रोटीन भी जरूरी है, क्योंकि यह हड्डियों के टिश्यू के निर्माण में मदद करता है। सफेद तिल में प्रोटीन और हेल्दी फैट्स (जैसे ओमेगा-3 और ओमेगा-6) होते हैं, जो हड्डियों के साथ-साथ पूरे स्वास्थ्य के लिए भी लाभदायक हैं।
सफेद तिल को कैसे करें डाइट में शामिल?
- तिल के लड्डू- गुड़ या शहद के साथ तिल के लड्डू बनाकर खाएं।
- तिल की चिक्की- मूंगफली और गुड़ के साथ तिल की चिक्की एक हेल्दी नाश्ता है।
- सलाद में छिड़कें- सलाद या सूप पर भुने हुए तिल छिड़ककर खाएं।
- तिल का तेल- तिल के तेल की मालिश से भी हड्डियों को मजबूती मिलती है।
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Disclaimer: लेख में उल्लिखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।