Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    डायबिटीज में फिजिकल एक्टिविटी की कमी है हार्ट फेलियर की असली वजह; 23 लाख लोगों पर हुई स्टडी में खुलासा

    Updated: Sat, 14 Feb 2026 08:21 AM (IST)

    अक्सर यह माना जाता है कि डायबिटीज के साथ गंभीर बीमारियां होना तय है, लेकिन हाल ही में हुए एक शोध ने इस धारणा को बदल दिया है। 'जर्नल ऑफ स्पोर्ट एंड हेल ...और पढ़ें

    डायबिटीज नहीं, आपकी 'सुस्ती' है असली दुश्मन (Image Source: Freepik)

    डायबिटीज नहीं, आपकी 'सुस्ती' है असली दुश्मन (Image Source: Freepik)

    HighLights

    1. डायबिटीज में फिजिकल एक्टिविटी की कमी से बचें

    2. 23 लाख मरीजों पर शोध ने जोखिम की पुष्टि की

    3. नियमित व्यायाम से गंभीर बीमारियों को रोका जा सकता है

    प्रेट्र, नई दिल्ली। क्या आप जानते हैं कि डायबिटीज के मरीजों में हार्ट फेलियर और दिल की अन्य बीमारियों का एक बहुत बड़ा कारण केवल 'शारीरिक निष्क्रियता' है? हाल ही में हुए एक शोध ने इस बात की पुष्टि की है कि अगर डायबिटीज के मरीज फिजिकली एक्टिव नहीं रहते हैं, तो उनके लिए जानलेवा जोखिम काफी बढ़ जाते हैं।

    heart failure

    (Image Source: AI-Generated)

    भारत के लिए चिंताजनक आंकड़े

    'जर्नल ऑफ स्पोर्ट एंड हेल्थ साइंस' में प्रकाशित एक नए शोध के अनुसार, भारत में डायबिटीज के मरीजों में हार्ट फेलियर के 13 प्रतिशत से भी ज्यादा मामलों के पीछे मुख्य वजह शारीरिक गतिविधि की कमी है।

    यह शोध बताता है कि भारत में डायबिटीज पीड़ितों में:

    कोरोनरी हृदय रोग के 9.6 प्रतिशत मामले, और हृदय संबंधी अन्य जटिलताओं के 9.4 प्रतिशत मामले केवल इसलिए होते हैं क्योंकि मरीज पर्याप्त शारीरिक व्यायाम या गतिविधि नहीं करते।

    विशेषज्ञों की क्या है राय?

    ब्राजील के रियो ग्रांडे डो सुल संघीय विश्वविद्यालय की शोधकर्ता जेन फेटर ने इस विषय पर महत्वपूर्ण जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि अक्सर लोग यह मान लेते हैं कि डायबिटीज होने के बाद अन्य जटिल बीमारियां होना तय है, लेकिन यह सच नहीं है।

    जेन फेटर के अनुसार, "हमारे निष्कर्ष इस पुरानी धारणा को चुनौती देते हैं। यह साफ है कि अगर डायबिटीज के मरीज अपनी शारीरिक गतिविधि को उचित तरीके से बढ़ा लें, तो इन गंभीर बीमारियों के एक बड़े हिस्से को रोका जा सकता है।"

    खबरें और भी

    Diabetes and heart failure risk

    (Image Source: Freepik)

    23 लाख लोगों पर हुआ शोध

    शोधकर्ताओं ने इस अध्ययन के लिए दक्षिण एशिया सहित दुनिया भर के अलग-अलग क्षेत्रों से 23 लाख से अधिक वयस्क डायबिटीज मरीजों के डेटा का विश्लेषण किया। इसमें पाया गया कि वैश्विक स्तर पर भी बड़ी रक्त वाहिकाओं की समस्याओं और आंखों की बीमारी के दस में से एक मामले का कारण निष्क्रियता ही है।

    बीमारियों का खतरा कितना ज्यादा?

    विश्लेषण में यह बात सामने आई कि शारीरिक निष्क्रियता के कारण डायबिटीज मरीजों में कई गंभीर रोगों का खतरा बढ़ जाता है:

    • स्ट्रोक: 10 प्रतिशत से अधिक मामले
    • डायबिटिक रेटिनोपैथी : 9.7 प्रतिशत
    • हार्ट फेलियर: 7.3 प्रतिशत
    • कोरोनरी हार्ट डिजीज: लगभग 5 से 7 प्रतिशत

    क्या है बचाव का रास्ता?

    इस खतरे को कम करने का उपाय बहुत ही सरल है- व्यायाम। विश्व स्वास्थ्य संगठन की सलाह है कि हर व्यक्ति को प्रति सप्ताह कम से कम 150 मिनट मध्यम से तीव्र शारीरिक गतिविधि जरूर करनी चाहिए। थोड़ी-सी सक्रियता डायबिटीज के मरीजों को हार्ट फेलियर और स्ट्रोक जैसे बड़े खतरों से बचा सकती है।

    यह भी पढ़ें- डायबिटीज के मरीज ध्यान दें: रूटीन चेकअप में शामिल करें यह एक टेस्ट, हार्ट अटैक से रहेंगे सुरक्षित

    यह भी पढ़ें- डायबिटीज के आर्थिक बोझ तले दब रहा भारत, डॉक्टर बोले- फास्ट फूड और सुस्ती बन रही है वजह