टी लवर्स के लिए जरूरी खबर: डॉक्टर ने बताया क्यों चाय को बार-बार या ज्यादा देर उबालना है खतरनाक
चाय न सिर्फ हमारी थकान दूर करके हमें तरोताजा रखती है, बल्कि इसके कई शानदार फायदे भी हैं। ...और पढ़ें

ज्यादा देर चाय उबालने के छिपे हुए खतरे (Image Source: AI-Generated)

समय कम है?
जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। क्या आप जानते हैं कि चाय पीने से हमारे शरीर में 'हैप्पी हार्मोन' रिलीज होते हैं, जो हमें खुशी का एहसास कराते हैं? इसके अलावा, चाय में भरपूर मात्रा में एंटीऑक्सीडेंट्स भी पाए जाते हैं।
डॉ. बृजपाल त्यागी के मुताबिक, ये एंटीऑक्सीडेंट्स हमारे शरीर से खराब कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद करते हैं और एजिंग को भी धीमा करते हैं... लेकिन इन सभी फायदों को पूरी तरह से पाने के लिए, चाय बनाने का तरीका बिल्कुल सही होना चाहिए।

(Image Source: Freepik)
दूध वाली चाय बनाने का सही तरीका
डॉ. बृजपाल त्यागी का कहना है कि जब हम दूध वाली चाय बनाते हैं, तो सबसे पहले पानी और दूध को अच्छी तरह उबाल लेना चाहिए। फिर इसमें चायपत्ती डालें और इसे कुछ देर के लिए ऐसे ही छोड़ दें। इसके बाद इसे छानकर पी लें। इस आसान तरीके से चाय में मौजूद सभी फायदेमंद एंटीऑक्सीडेंट्स सुरक्षित रहते हैं। एक बात का हमेशा ध्यान रखें कि चाय को जितना ज्यादा उबाला जाएगा, उसके एंटीऑक्सीडेंट्स उतने ही ज्यादा नष्ट होंगे।
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ब्लैक टी के लिए डॉक्टर की सलाह
अगर आप ब्लैक टी पीना पसंद करते हैं, तो डॉक्टर की सलाह है कि इसके लिए हमेशा असली चाय की पत्तियों का ही इस्तेमाल करें। इसके लिए बाजार में मिलने वाली सीटीसी या किसी अन्य प्रकार की चायपत्ती का उपयोग बिल्कुल नहीं करना चाहिए। पानी में असली पत्तियों को डालकर कुछ देर के लिए छोड़ देना चाहिए।
चाय बनाने का सबसे बेहतरीन नियम
डॉक्टर के अनुसार, चाय बनाने का सबसे सही तरीका यह है कि इसे सिर्फ 2 मिनट के लिए ही ब्रू करें (गर्म पानी में रखें या पकाएं)। 2 मिनट पूरे होते ही इसे तुरंत छान लें और पी लें।
चाय को बार-बार क्यों नहीं उबालना चाहिए?
कभी भी चाय को बार-बार नहीं उबालना चाहिए। चाय को कई बार उबालने से यह हमारे शरीर को नुकसान पहुंचा सकती है क्योंकि इसके सारे एंटीऑक्सीडेंट्स खत्म हो जाते हैं। इसके साथ ही, ज्यादा उबालने से चाय में 'टैनिन' नाम के तत्व की मात्रा बहुत ज्यादा बढ़ जाती है, जो सेहत के लिए अच्छा नहीं है।