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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 17, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

ठंड में क्‍यों बढ़ जाता है Stroke का खतरा? Brain को हेल्‍दी रखने के लिए लाइफस्‍टाइल में करें ये बदलाव

Published: Sun, 17 Nov 2024 04:54 PM (IST)Updated: Sun, 17 Nov 2024 04:56 PM (IST)

हर कोई चाहता है क‍ि वो फिट एंड फाइन रहे। लेक‍िन सर्दियां अपने साथ कई बीमारियां लेकर आती हैं। इन्‍हीं ...और पढ़ें

ठंड शुरू हाेते ही बढ़ जाता है ब्रेन स्‍ट्रोक का खतरा।
ठंड शुरू हाेते ही बढ़ जाता है ब्रेन स्‍ट्रोक का खतरा।

HighLights

  1. ब्रेन स्‍ट्रोक के खतरे को कम कर देती हैं ये आदतें।
  2. शुगर और हार्ट के मरीजों को ब्रेन स्‍ट्रोक का खतरा ज्‍यादा।
  3. बुजुर्गों में ज्‍यादा होता है ब्रेन स्‍ट्रोक का खतरा।

लाइफस्‍टाइल डेस्‍क, नई दिल्‍ली। ठंड के दिनों में शरीर की नसें सिकुड़ने लगती हैं, जिससे ब्लड सर्कुलेशन पर असर पड़ता है। ऐसे में ब्रेन स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है, खासकर उन लोगों के लिए जो पहले से ही हाई ब्लड प्रेशर, मधुमेह, मोटापा या दिल से जुड़ी किसी बीमारी से जूझ रहे हैं। दरअसल, सर्दियों में तापमान में गिरावट के कारण शरीर की गर्मी को बनाए रखना मुश्किल होने लगता है। जिससे खून गाढ़ा होने लगता है। इससे रक्‍त प्रवाह में दिक्‍कत आने लगती है और ये ब्रेन स्ट्रोक का कारण बन जाता है।

अगर आप खुद को इससे बचाना चाहते हैं तो अपनी लाइफस्‍टसाल में कुछ बदलाव कर खतरे को कम कर सकते हैं। आप नियमित रूप से व्यायाम करें, पोषक तत्वों से भरपूर भोजन करें। वहीं पूरी नींद लेने से भी ब्रेन स्‍ट्रोक से बचाव क‍िया जा सकता है।

क्‍या हैं ब्रेन स्‍ट्रोक के लक्षण

  • चेहरे, हाथ और पैर में अचानक से कमजोरी आना
  • बोलने में कठिनाई होना
  • क‍िसी चीज को देर से समझना
  • आंखों से दिखाई न देना
  • अचानक सिर में तेज दर्द होना

यह भी पढ़ें: समझें ब्रेन स्ट्रोक और ब्रेन हेमरेज में अंतर और जानें सर्दियों में क्यों बढ़ जाते हैं ब्रेन स्ट्रोक केे मामले

इन्‍हें होता है ब्रेन स्ट्रोक का ज्यादा खतरा

  • सीनियर सिटीजन्स
  • शुगर के मरीजों को
  • स्मोकर्स को
  • हार्ट के मरीजों को
  • हाई बीपी वाले मरीजों को
  • ब्रेन स्ट्रोक की फैमिली हिस्ट्री

ब्रेन स्‍ट्रोक से बचने के लिए करें ये बदलाव

स‍िगरेट से बना लें दूरी: जिन लोगों को स्‍मोक करने की आदत होती है, उनके दिमाग में सही तरह से ब्‍लड सर्कुलेट नहीं हो पाता। इससे ब्रेन स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। बचाव के लिए स्‍मोकिंग तुरंत छोड़ देना ही समझदारी है।

वजन मेंटेन रखें: स्ट्रोक के खतरे को कम करने के लिए वजन मेंटेन रखना जरूरी है। मोटापा स्ट्रोक के लिए खतरा होता है। ज्यादा वजन होने से उच्च रक्तचाप और मधुमेह जैसी कई बीमारियों का खतरा बढ़ता हैं। जिससे स्‍ट्रोक के चांस बढ़ जाते हैं।

न लें तनाव: अगर आप हमेशा तनाव में रहते हैं तो ये आपके लिए खतरे से खाली नहीं है। क्‍योंक‍ि तनाव बीपी को हाई कर देता है। जो स्ट्रोक का कारण बनता है। तनाव को दूर करने के लिए मेडिटेशन, व्यायाम व योग करें।

हेल्‍दी डाइट लें: स्‍ट्रोक से बचने के लिए हेल्दी डाइट लेना भी जरूरी है। अलसी, अखरोट और सोयाबीन को अपनी डाइड का हिस्‍सा बना लें। इन चीजों में हेल्दी फैट होता है जो कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करने में मदद करते हैं। चीनी का सेवन कम से कम करें। डाइट में ताजे फल, हरी सब्जियों, साबुत अनाज की मात्रा बढ़ा दें।

यह भी पढ़ें: Stroke: बढ़ते तापमान में आसानी से बन सकते हैं ब्रेन स्ट्रोक का शिकार, एक्सपर्ट से जानें कैसे करें इससे बचाव

Disclaimer: लेख में उल्लेखित सलाह और सुझाव सिर्फ सामान्य सूचना के उद्देश्य के लिए हैं और इन्हें पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए। कोई भी सवाल या परेशानी हो, तो हमेशा अपने डॉक्टर से सलाह लें।