Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    जरूरत से ज्यादा प्रोटीन शरीर में फैट बनकर बढ़ाता है वजन, स्वस्थ किडनी के लिए नेचुरल डाइट लेना है जरूरी

    Updated: Tue, 16 Jun 2026 05:00 PM (IST)

    मांसपेशियों की मजबूती, शारीरिक विकास व प्रतिरोधी क्षमता आदि के लिए दैनिक आहार में प्रोटीन आवश्यक है, पर इसकी पूर्ति बाजार में उपलब्ध प्रोटीन बार, ड्रि ...और पढ़ें

    प्रोटीन की अधिक मात्रा बढ़ा सकती है वजन (Picture Credit- AI Generated)

    प्रोटीन की अधिक मात्रा बढ़ा सकती है वजन (Picture Credit- AI Generated)

    HighLights

    1. अत्यधिक प्रोटीन सेवन से शरीर में फैट बढ़कर वजन बढ़ता है

    2. किडनी रोगियों को प्रोटीन की मात्रा पर विशेष ध्यान देना चाहिए

    3. प्राकृतिक प्रोटीन स्रोत सप्लीमेंट्स की तुलना में अधिक फायदेमंद हैं

    लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। क्या आप भी इंटरनेट मीडिया पर किसी फिटनेस इंफ्लुएंशर की बातों से प्रेरित होकर बाजार से आकर्षक पैकेज में उपलब्ध प्रोटीन पाउडर मंगाई है। क्या पैकेट खोलकर देखते हैं तो आपका मन आशंकाओं से भर उठता है? मसलन, आपको वह प्रोटीन पाउडर का प्रयोग करना चाहिए या नहीं? 

    नाश्ते में लें या इसके बाद प्रयोग करें आदि बातें सोचकर परेशान हैं? तो आप इकलौते ऐसे नहीं। जिस तरह से टीवी, इंटरनेट मीडिया में विज्ञापनों के जरिये प्रोटीन के महत्व को बताया जा रहा है, इसके महत्व को लेकर लोग सजग हो गए हैं।

    डॉ. स्वप्ना चतुर्वेदी (वरिष्ठ डायटीशियन, एम्स, नई दिल्ली) बताती हैं कि बाजार में प्रोटीन बार, प्रोटीन पाउडर, स्नैक, शेक आदि के नाम से प्रोटीन उत्पादों की भरमार होने लगी है। बिना किसी उधेड़बुन में फंसने के आपको इनका प्रयोग करने से पूर्व स्वयं से यह प्रश्न करना चाहिए कि क्या सचमुच आपको इनकी आवश्यकता है? बता दें कि इंटरनेट मीडिया पर बतायी जाने वाली जानकारी अक्सर विरोधाभासी होती है। ये सेहत के लिए सही हों, यह आवश्यक नहीं। 

    न भूलें कि प्रोटीन कोई चमत्कारी चीज नहीं, बल्कि शरीर के लिए एक जरूरी पोषक तत्व है। ऐसे में प्रोटीन की कम या अधिक मात्रा दोनों नुकसानदेह हो सकती है। सबसे जरूरी है इसके प्रयोग का सही तरीका क्या है? उदाहरण के लिए यदि आप एक ही प्रोटीन शेक से रोजाना प्रोटीन की अधिक मात्रा ले रहे हैं तो यह सही तरीका नहीं हो सकता। रोजाना प्रोटीन लेने का लक्ष्य पूरा करने के लिए दिन भर में कई समान अंतराल पर इसकी खुराक बांट लेनी चाहिए।

    खबरें और भी

    इन बातों का रहे ध्यान

    • किसे कितना प्रोटीन चाहिए यह उम्र, लिंग, गतिविधि स्तर और समग्र सेहत के कारकों पर निर्भर करता है।
    • वजन घटाने के साथ यदि आप मांसपेशियों के निर्माण के लिए प्रोटीन का सेवन करना चाहते हैं तो आपको अपने फिटनेस कोच की मदद से इसकी मात्रा, गुणवत्ता आदि पर विचार जरूर करना चाहिए।
    • उच्च वसा युक्त या अधिक कार्ब युक्त खाद्य पदार्थों नट्स, नट बटर, बींस, बसा युक्त मीट आदि से प्राप्त प्रोटीन सही नहीं। यह अचानक कैलोरी बढ़ा सकता है और वजन प्रबंधन के लक्ष्य को कठिन बना सकता है।
    • दैनिक आहार में प्रोटीन आवश्यकता से अधिक लेते हैं तो शरीर इसे ग्लूकोज में बदल देता है। यह बसा के रूप में शरीर में संग्रहित होने लगता है। कैलोरी अधिक हो जाए तो वही प्रोटीन वजन बढ़ा सकता है।
    • लंबे समय तक अधिक प्रोटीन का सेवन करने से पाचन संबंधी समस्याएं हो सकती हैं, डिहाइड्रेशन हो सकता है और पोषक तत्वों में असंतुलन भी हो सकता है। वास्तव में केवल प्रोटीन ही लेते रहें तो दूसरे पोषक तत्व लेने में लापरवाही हो सकती है।
    • अगर आप अधिक ऊर्जा खपत वाले कार्य या हाई स्ट्रेंथ ट्रेनिंग वाले एक्सरसाइज नहीं कर रहे हैं तो उच्च मात्रा में प्रोटीन डायट नुकसानदेह है।  
    • प्रोटीन को अन्य पोषक तत्वों के साथ संतुलित करें। लीन प्रोटीन मुर्गी, मछली, अंडे, फलियां व पौधे आधारित प्रोटीन का करें चुनाव।

    वजन प्रबंधन में क्या है भूमिका?

    कार्बोहाइड्रेट, बसा की तुलना में प्रोटीन से पेट अधिक भरा हुआ महसूस होता है। घ्रेलीन हार्मोन जो कि भूख बढ़ाने का कार्य करता है उसके उचित उत्पादन व प्रबंधन में भी प्रोटीन की भूमिका होती है। इसका प्रयोग करें तो भूख कम लगती है।

    किडनी के मरीज रखें ध्यान?

    प्रोटीन मेटाबोलिज्म प्रक्रिया यानी शरीर जिस प्रोटीन को ग्रहण करता है उसके ऊर्जा में बदलने के बाद जो अपशिष्ट बचता है वह यूरिया होता है। यह अधिक बढ़ जाए तो किडनी पर अतिरिक्त भार पड़ सकता है। बता दें कि किडनी का कार्य अपशिष्ट को बाहर निकालना है पर अधिक लंबे समय तक ऐसा नहीं कर पाए तो उसकी कार्यक्षमता प्रभावित हो सकती है। यदि पहले से किडनी की समस्या है तो यह और भी परेशान कर सकता है।

    प्रोटीन डाइट, ड्रिंक या पाउडर?

    अगर आप दैनिक स्तर पर प्रोटीन की उचित मात्रा लेना चाहते हैं तो उक्त तीनों सही नहीं है। प्रोटीन की आपूर्ति प्रोटीन युक्त आहार से ही लें क्योंकि बाजार में मौजूद अधिकांश उत्पाद शुगर और कृत्रिम गंध व उच्च कैलोरी युक्त पदार्थ से तैयार होते हैं जो न केवल वजन बढ़ा सकते हैं बल्कि सेहत पर विपरीत असर डाल सकते हैं।