ला-नीना इफेक्ट के कारण इस साल बढ़ेगी ठंड, सर्दी के कारण मन, नींद और एनर्जी पर होगा असर
इस साल ला-नीना इफेक्ट देखने को मिलेगा, जिसके कारण ज्यादा ठंड पड़ सकती है। यह एक नेचुरल क्लाइमेटिक कंडीशन है, जो प्रशांत महासागर में बदलाव की वजह से हो ...और पढ़ें

सर्दी कैसे करती है हमारे मूड को प्रभावित? (Picture Courtesy: Freepik)
HighLights
इस साल ला-नीना इफेक्ट के कारण ज्यादा ठंड पड़ सकती है
ठंड के कारण मूड प्रभावित होता है
धूप की कमी की वजह से सार्केडियन रिदम बिगड़ जाता है
लाइफस्टाइल डेस्क, नई दिल्ली। ठंड का मौसम सिर्फ तापमान नहीं बदलता, बल्कि हमारे मन और शरीर की गति भी बदल देता है। इस साल ला-नीना इफेक्ट के चलते सर्दी और ज्यादा बढ़ने की संभावना है, जिसका सीधा असर हमारे मूड, नींद के पैटर्न और ऊर्जा के स्तर पर पड़ेगा।
जैसे-जैसे दिन छोटे होते हैं और धूप कम होती है, हमारे शरीर का इंटरनल क्लॉक यानी सर्केडियन रिदम गड़बड़ा जाता है। इससे न केवल सोने और जागने की साइकिल प्रभावित होती है, बल्कि शरीर में 'फील-गुड' हार्मोन सेरोटोनिन का स्तर भी घटने लगता है, जिससे उदासी और सुस्ती महसूस हो सकती है। आइए समझें इस बारे में।
सर्दी में मन और नींद पर क्यों पड़ता है असर?
वैज्ञानिक शोध बताते हैं कि मौसम का बदलाव हमारे दिमाग के केमिकल्स को प्रभावित करता है। ठंड के महीनों में धूप की कमी से मेलाटोनिन हार्मोन का संतुलन बिगड़ सकता है, जो नींद को कंट्रोल करता है। नतीजा ये होता है कि कई लोगों को नींद न आने की समस्या या फिर दिनभर थकान महसूस होती है। हार्वर्ड और फ्लिंडर्स यूनिवर्सिटी की एक स्टडी के अनुसार, सर्दियों में लोगों की नींद की गुणवत्ता में गिरावट आती है, जिसका सीधा असर उनकी काम करने की क्षमता और मानसिक स्वास्थ्य पर पड़ता है।

ला-नीना इस साल क्यों लाएगा ज्यादा ठंड?
ला-नीना एक नेचुरल क्लाइमेटिक पैटर्न है, जो प्रशांत महासागर के सतही जल के तापमान में बदलाव से पैदा होता है। इसके कारण इस साल उत्तर भारत में सामान्य से ज्यादा ठंड पड़ने की संभावना है। लंबे समय तक रहने वाली यह ठंड न केवल शारीरिक स्वास्थ्य, बल्कि मानसिक स्थिति को भी प्रभावित कर सकती है। ऐसे में, खुद की सेहत का ध्यान रखना बेहद जरूरी है।
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एनर्जी कैसे बनाए रखें?
- सुबह की धूप है जरूरी- रोजाना कम से कम 20-30 मिनट सुबह की धूप में बैठें। इससे शरीर को भरपूर मात्रा में विटामिन-डी मिलेगा, जो न केवल हड्डियों के लिए फायदेमंद है, बल्कि मूड को भी ठीक रखता है।
- फिजिकली एक्टिविटी रहें - ठंड में अक्सर लोग शारीरिक एक्टिविटी से दूर भागते हैं, लेकिन हल्की स्ट्रेचिंग, योग या घर के अंदर की एक्सरसाइज एनर्जी के स्तर को बनाए रखने में मदद कर सकती है।
- स्लीप रूटीन फिक्स रखें- रोज एक फिक्स समय पर सोने और उठने की कोशिश करें। इससे शरीर की बायोलॉजिकल क्लॉक स्थिर रहेगी और नींद की गुणवत्ता में सुधार होगा।
- सही डाइट लें- ठंड में गर्म और पौष्टिक डाइट लेनी जरूरी है। विटामिन-सी और डी से भरपूर फूड्स इम्यून सिस्टम को मजबूत रखने के साथ-साथ मूड को भी बेहतर बनाते हैं।