Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    भोपाल में फर्जी ‘NSG कमांडो’ बनकर रचा प्रेम जाल, डेढ़ साल तक करता रहा युवती का शारीरिक शोषण

    Updated: Tue, 17 Mar 2026 11:08 PM (IST)

    युवक ने शादी का झांसा दिया, जिसके लिए फर्जी दस्तावेज भी दिखाए। बाद में पता चला कि वह शादीशुदा है और कमांडो भी नहीं। पुलिस आरोपित की तलाश कर रही है। ...और पढ़ें

    युवती से दुष्कर्म (प्रतीकात्मक चित्र)

    युवती से दुष्कर्म (प्रतीकात्मक चित्र)

    timer icon

    समय कम है?

    जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

    संक्षेप में पढ़ें

    डिजिटल डेस्क, भोपाल। राजधानी भोपाल के कोलार थाना क्षेत्र में धोखाधड़ी और शोषण का चौंकाने वाला मामला सामने आया है। एक युवक ने खुद को एनएसजी कमांडो बताकर युवती को प्रेम जाल में फंसाया और करीब डेढ़ साल तक उसका शारीरिक शोषण करता रहा। पुलिस ने पीड़िता की शिकायत पर मामला दर्ज कर आरोपित की तलाश शुरू कर दी है।

    स्पा सेंटर से शुरू हुई कहानी

    पुलिस के अनुसार, बैतूल निवासी 27 वर्षीय युवती शहर के एक स्पा सेंटर में काम करती है। करीब डेढ़ साल पहले उसकी मुलाकात बलराम नाम के युवक से हुई, जो अक्सर वहां आता-जाता था। खुद को प्रभावशाली दिखाने के लिए उसने सेना की वर्दी में अपनी तस्वीरें दिखाईं और खुद को एनएसजी कमांडो बताया।

    शादी का झांसा, फर्जी दस्तावेज का सहारा

    आरोपित ने युवती को शादी का प्रस्ताव दिया, जिस पर उसने भरोसा कर लिया और दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ गईं। अपनी बात को सच साबित करने के लिए उसने फर्जी आधार कार्ड और पैन कार्ड भी दिखाए। इसी भरोसे का फायदा उठाकर वह पिछले 18 महीनों से युवती का शोषण करता रहा।

    सच सामने आते ही टूटा भ्रम

    कुछ समय बाद युवक ने दूरी बनानी शुरू कर दी और शादी से इंकार कर दिया। संदेह होने पर जब युवती ने जांच की, तो पता चला कि वह न तो एनएसजी कमांडो है और न ही अविवाहित। वह पहले से शादीशुदा निकला और उसके सभी दस्तावेज भी फर्जी पाए गए।

    खबरें और भी

    यह भी पढ़ें- MP में अब ‘स्मार्ट पुलिस ट्रेनिंग’ की तैयारी : AI से होगी संदिग्धों की पहचान, वर्चुअल फायरिंग से मिलेगा रियल अनुभव

    पुलिस ने शुरू की तलाश

    कोलार थाना पुलिस के मुताबिक, आरोपित ने गलत पहचान और फर्जी दस्तावेजों का इस्तेमाल कर गंभीर अपराध किया है। कोलार थाना पुलिस के मुताबिक, चौंकाने वाली बात यह है कि पीड़िता को आरोपित के असली पते और काम के बारे में जानकारी ही नहीं है, क्योंकि जो पता बताता था, वह गलत निकला है। फिलहाल पुलिस मोबाइल नंबर और स्पा सेंटर के रिकॉर्ड समेत अन्य सुरागों के आधार पर उसकी तलाश में जुटी है।