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पोषण आहार वितरण में गड़बड़ी का आरोप, कांग्रेस विधायक फूलसिंह बरैया ने CM मोहन को लिखा पत्र; EOW पर भी उठाए सवाल

Published: Mon, 24 Aug 2026 06:37 PM (IST)

कांग्रेस विधायक फूलसिंह बरैया ने मध्य प्रदेश में पोषण आहार वितरण में कथित अनियमितताओं और ईओडब्ल्यू द्वारा चालान पेश न ...और पढ़ें

कांग्रेस विधायक फूलसिंह बरैया व सीएम डॉ. मोहन यादव।

कांग्रेस विधायक फूलसिंह बरैया व सीएम डॉ. मोहन यादव।

HighLights

  1. कांग्रेस विधायक फूलसिंह बरैया ने सीएम मोहन यादव को पत्र लिखा।

  2. पोषण आहार वितरण में गड़बड़ी और ईओडब्ल्यू की निष्क्रियता पर सवाल।

  3. गर्भवती महिलाओं, बच्चों पर पड़ रहे असर की उच्च स्तरीय जांच की मांग।

राज्य ब्यूरो, भोपाल। मध्य प्रदेश में स्वसहायता समूहों द्वारा संचालित पोषण आहार संयंत्रों के बंद होने और वितरण व्यवस्था में कथित अनियमितताओं को लेकर कांग्रेस ने मोर्चा खोल दिया है। पार्टी के वरिष्ठ नेता और भांडेर विधायक फूलसिंह बरैया ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को पत्र लिखकर पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है।

बरैया ने अपने पत्र में आरोप लगाया कि आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (ईओडब्ल्यू) ने मामले में एफआईआर दर्ज होने के दो वर्ष बाद भी चालान पेश नहीं किया, जिससे जांच की प्रक्रिया लंबित है और दोषियों पर कार्रवाई नहीं हो पा रही है।

गर्भवती महिलाओं और बच्चों पर पड़ रहा असर

कांग्रेस विधायक ने कहा कि पोषण आहार संयंत्रों में अनियमितताओं का सीधा असर गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं और छोटे बच्चों पर पड़ रहा है। समय पर पोषण आहार नहीं मिलने से सरकार की महत्वपूर्ण योजनाएं प्रभावित हो रही हैं। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाएं अपनी जिम्मेदारियां निभा रही हैं, लेकिन पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत संचालित आजीविका मिशन की व्यवस्था में गड़बड़ियों का खामियाजा हितग्राहियों को भुगतना पड़ रहा है।

पूर्व अधिकारियों के कार्यकाल की जांच की मांग

फूलसिंह बरैया ने पत्र में पूर्व मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस और आजीविका मिशन के पूर्व मुख्य कार्यपालन अधिकारी ललित मोहन बेलबाल के कार्यकाल में हुई व्यवस्थाओं की भी जांच कराने की मांग उठाई है।

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उन्होंने आरोप लगाया कि मामले में जिम्मेदार अधिकारियों को बचाने की कोशिश की जा रही है। बरैया के मुताबिक, यही वजह है कि एफआईआर दर्ज होने के बावजूद अब तक ईओडब्ल्यू ने अदालत में चालान पेश नहीं किया।

कांग्रेस ने मुख्यमंत्री से पूरे मामले की निष्पक्ष और समयबद्ध जांच कराकर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने की मांग की है।