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    ग्वालियर: RPF में SI की नौकरी का झांसा देकर भाई-बहन से 14 लाख की ठगी, फर्जी नियुक्ति पत्र से खुली पोल

    Updated: Sun, 12 Jul 2026 07:18 PM (IST)

    ग्वालियर में रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) में उप निरीक्षक की नौकरी दिलाने का झांसा देकर एक परिवार से 14 लाख रुपये की ठगी की गई। जिला न्यायालय के आदेश पर ...और पढ़ें

    नौकरी के नाम पर धोखाधड़ी (प्रतीकात्मक चित्र)

    नौकरी के नाम पर धोखाधड़ी (प्रतीकात्मक चित्र)

    HighLights

    1. ग्वालियर में आरपीएफ नौकरी दिलाने का झांसा देकर ठगी।

    2. परिवार से 14 लाख रुपये ऐंठे, दिए फर्जी नियुक्ति पत्र।

    3. कोर्ट के आदेश पर तीन आरोपितों पर एफआईआर दर्ज।

    डिजिटल डेस्क, ग्वालियर। रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) में उप निरीक्षक (एसआई) की नौकरी दिलाने का झांसा देकर ग्वालियर के एक परिवार से 14 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। करीब तीन साल पुराने इस मामले में जिला न्यायालय के आदेश के बाद पुलिस ने तीन आरोपितों विक्रम राणा, अनूप और जितेंद्र के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि आरोपितों की जल्द गिरफ्तारी की जाएगी।

    प्रभावशाली होने का दावा कर फंसाया परिवार

    पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपित विक्रम राणा की अगस्त 2023 में थाटीपुर स्थित सिविल डिस्पेंसरी में पदस्थ नर्सिंग ऑफिसर चंद्रलेखा सिंह से पहचान हुई थी। विक्रम ने खुद को प्रभावशाली बताते हुए उनकी बेटी स्वाती और भांजे सिद्धार्थ की आरपीएफ में एसआई पद पर नौकरी लगवाने का भरोसा दिलाया।

    बाद में उसने अपने साथियों अनूप और जितेंद्र के साथ मिलकर परिवार से 14 लाख रुपये ले लिए और नौकरी के नाम पर फर्जी नियुक्ति पत्र सौंप दिए।

    ज्वाइनिंग के वक्त खुला फर्जीवाड़ा

    नियुक्ति पत्र मिलने के बाद स्वाती और सिद्धार्थ ज्वाइनिंग के लिए बिहार के दानापुर रेलवे मुख्यालय पहुंचे। वहां दस्तावेजों की जांच के दौरान पता चला कि नियुक्ति पत्र पूरी तरह फर्जी हैं। इसके बाद परिवार को ठगी का एहसास हुआ।

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    रुपये मांगने पर मिली धमकी

    पीड़ित परिवार का आरोप है कि जब उन्होंने आरोपितों से अपने पैसे वापस मांगे तो उन्हें धमकियां दी गईं। परिवार ने पुलिस से शिकायत भी की, लेकिन मामला दर्ज नहीं किया गया। इसके बाद उन्होंने जिला न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट के निर्देश पर पुलिस ने अब तीनों आरोपितों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है।

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    थाना प्रभारी विपेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है और आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई की जा रही है।