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इंदौर में पांच दिन में स्वाइन फ्लू का दूसरा केस, 62 वर्षीय महिला संक्रमित; स्वास्थ्य विभाग अलर्ट

Updated: Sat, 22 Aug 2026 11:46 PM (IST)

इंदौर में पांच दिन के भीतर स्वाइन फ्लू का दूसरा मामला सामने आया है, जिसमें 62 वर्षीय महिला संक्रमित पाई ...और पढ़ें

-प्रतीकात्मक चित्र।

-प्रतीकात्मक चित्र।

HighLights

  1. इंदौर में पांच दिन में स्वाइन फ्लू का दूसरा मामला सामने आया।

  2. 62 वर्षीय महिला संक्रमित, निजी अस्पताल में उपचार, हालत स्थिर।

  3. स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी बढ़ाई, वायरल फीवर के मरीज भी बढ़े।

डिजिटल डेस्क, इंदौर। इंदौर में वायरल संक्रमण के बीच स्वाइन फ्लू ने भी दस्तक दे दी है। शहर में पांच दिन के भीतर स्वाइन फ्लू का दूसरा मामला सामने आया है। 62 वर्षीय महिला की जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। महिला की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है और निजी अस्पताल में उसका उपचार चल रहा है।

महिला को सर्दी-खांसी और बुखार की शिकायत थी। लक्षण बढ़ने पर चिकित्सकीय जांच कराई गई, जिसमें स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई। इसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया।

चार दिन पहले उज्जैन की महिला मिली थी संक्रमित

गौरतलब है कि करीब चार दिन पहले उज्जैन निवासी एक महिला में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हुई थी। उसका इंदौर के निजी अस्पताल में उपचार चल रहा था। उपचार के दौरान स्वजन उसे इंदौर से उज्जैन स्थित घर ले गए थे, जहां उसकी मौत हो गई।

लगातार सामने आ रहे मामलों के बाद स्वास्थ्य विभाग ने निगरानी बढ़ा दी है। अधिकारियों ने शहर के अस्पतालों के साथ स्वाइन फ्लू को लेकर बैठक आयोजित करने की तैयारी शुरू कर दी है।

वायरल फीवर के मरीज 20 प्रतिशत बढ़े

इंदौर में पिछले दो सप्ताह से वायरल संक्रमण के मामले भी तेजी से बढ़ रहे हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक वायरल फीवर के मरीजों की संख्या में करीब 20 प्रतिशत तक वृद्धि हुई है। परिवार में एक सदस्य के संक्रमित होने पर दूसरे सदस्यों में भी संक्रमण फैलने की आशंका रहती है।

ये लक्षण दिखें तो रहें सतर्क

स्वाइन फ्लू में सामान्यतः तेज बुखार, ठंड लगना, लगातार खांसी, गले में खराश, सिरदर्द, अत्यधिक थकान और शरीर व मांसपेशियों में दर्द जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं। नाक बहना या बंद होना भी इसके लक्षणों में शामिल है।

विशेषज्ञों के अनुसार 60 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों, मधुमेह और किडनी के मरीजों तथा ऐसी दवाएं लेने वाले लोगों में संक्रमण के दौरान जटिलताओं का खतरा अधिक हो सकता है, जो प्रतिरोधक क्षमता को प्रभावित करती हैं।

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पर्याप्त पानी पिएं, ठंडी चीजों से बचें

इस मौसम में पर्याप्त मात्रा में पानी पीने और साफ-सफाई का ध्यान रखने की सलाह दी जा रही है। एलर्जी या वायरल संक्रमण की समस्या होने पर चिकित्सकीय सलाह लेना बेहतर है। बर्फ, कोल्ड ड्रिंक और आइसक्रीम जैसे ठंडे पदार्थों से फिलहाल दूरी रखने की सलाह दी गई है।

हर बुखार स्वाइन फ्लू नहीं, लक्षण देखकर कराएं जांच

एमडी मेडिसिन डॉ. योगेश शाह के अनुसार, इस समय सामान्य वायरल फीवर के मरीज भी बड़ी संख्या में सामने आ रहे हैं। बुखार के साथ सर्दी-खांसी और सांस लेने में अधिक परेशानी होने पर स्वाइन फ्लू की जांच कराना उचित है। उन्होंने कहा कि स्वाइन फ्लू का उपचार संभव है और मरीजों को घबराने की जरूरत नहीं है।

वायरल फीवर में बुखार, सर्दी-खांसी, बदन दर्द और कुछ मामलों में हाथ-पैर पर दाने जैसी शिकायतें भी हो सकती हैं। ऐसे मामलों में बिना चिकित्सकीय सलाह के एंटीबायोटिक नहीं लेना चाहिए। यदि किसी मरीज में प्लेटलेट्स कम पाए जाते हैं तो चिकित्सक की सलाह से डेंगू की जांच भी कराई जानी चाहिए।