Trending

    विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    'सत्ता में बैठे लोगों को...', रेल मंत्री के इस्तीफे की मांग पर पवार ने लाल बहादुर शास्त्री का दिया उदाहरण

    By AgencyEdited By: Devshanker Chovdhary
    Updated: Sun, 04 Jun 2023 12:23 AM (IST)

    एनसीपी के प्रमुख शरद पवार ने ओडिशा के बालेश्वर ट्रेन हादसे की जांच कराए जाने की मांग की है। अश्विनी वैष्णव के इस्तीफे की मांग पर शरद पवार ने एक रेल दु ...और पढ़ें

    रेल मंत्री के इस्तीफे की मांग पर पवार ने लाल बहादुर शास्त्री का दिया उदाहरण।
    रेल मंत्री के इस्तीफे की मांग पर पवार ने लाल बहादुर शास्त्री का दिया उदाहरण।

    पुणे, पीटीआई। ओडिशा ट्रेन हादसे के बाद रेल मंत्री के इस्तीफे की मांग जोर पकड़ती जा रही है। देशभर के कई नेताओं ने रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से इस्तीफे की मांग की है। इसी बीच, एनसीपी के प्रमुख शरद पवार ने ओडिशा के बालेश्वर ट्रेन हादसे की जांच कराए जाने की मांग की है।

    बता दें कि इस भीषण रेल हादसे में अब तक कम से कम 288 लोगों के मरने और 1000 से अधिक लोगों के घायल होने की खबर है।

    अश्विनी वैष्णव के इस्तीफे की मांग पर क्या बोले शरद पवार?

    हादसे के बाद नैतिक आधार पर रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के इस्तीफे की मांग के बारे में सवाल किए जाने पर शरद पवार ने एक रेल दुर्घटना के बाद तत्कालीन रेल मंत्री लाल बहादुर शास्त्री के इस्तीफे का उदाहरण दिया।

    शरद पवार ने लाल बहादुर शास्त्री के इस्तीफे का उदाहरण देते हुए कहा

    सत्ता में बैठे लोगों को, जो उचित हो, वह करना चाहिए।

    जानकारी के मुताबिक, बेंगलुरु-हावड़ा सुपरफास्ट एक्सप्रेस, कोरोमंडल एक्सप्रेस और एक मालगाड़ी के आपस में टक्कर के कारण हुए इस भीषण हादसे में कम से कम 2,000 यात्री प्रभावित हुए हैं।

    पवार ने पत्रकारों से कहा

    यह एक हादसा है और सभी ने जांच की मांग की है। तथ्यों को सामने आने दें, उसके बाद ही कोई सलाह दी जा सकती है।


    पवार ने लाल बहादुर शास्त्री का दिया उदाहरण

    कुछ राजनीतिक दलों द्वारा रेल मंत्री वैष्णव का इस्तीफा मांगे जाने पर एनसीपी प्रमुख ने कहा

    जब लाल बहादुर शास्त्री रेल मंत्री थे, एक दुर्घटना हुई थी। उस वक्त प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू इस्तीफा देने के उनके फैसले क खिलाफ थे, लेकिन शास्त्री जी को लगा कि पद छोड़ना उनका नैतिक दायित्व है।

    पवार ने कहा कि पूरा देश इस उदाहरण को जानता है और सत्ता में मौजूद लोगों को जो उचित लगता है वही करना चाहिए।

    खबरें और भी