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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 26, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    मायानगरी मुंबई बन रही है अपहरण नगरी, NCRB की रिपोर्ट से मिली जानकारी

    By Rahul SharmaEdited By:
    Updated: Mon, 26 Dec 2016 11:23 AM (IST)

    साल 2014 में जहां नाबालिगों द्वारा अपहरण के ऐसे 11 मामले सामने आए थे, वहीं 2015 में ऐसे मामलों की संख्या 27 थी। ...और पढ़ें

    सांकेतिक तस्वीर
    सांकेतिक तस्वीर

    मुंबई, जेएनएन। मुंबई में नाबालिगों द्वारा अपहरण के मामले में साल 2015 में 150 % की बढ़ोतरी दर्ज की गई थी। साल 2014 में जहां ऐसे 11 मामले सामने आए थे तो पिछले साल ऐसे मामलों की संख्या 27 थी। अपहरण के अलावा हत्या जैसे संगीन मामलों में भी 50% की बढ़ोतरी देखी गई है। राष्ट्रीय अपराध रिकार्ड ब्यूरो की रिपोर्ट के मुताबिक साल 2014 में नाबालिगों द्वारा किए गए अपराधों की संख्या 856 थी तो साल 2015 इनकी संख्या 873 थी।

    बढ़ते अपराध के पीछे है कई वजहें

    एक अंग्रेजी दैनिक के मुताबिक इन अपराधों में अप्राकृतिक अपराध समेत , डकैती, धोखाधड़ी, अपहरण, हत्या, चोरी जैसे अपराधों के मामले में शामिल हैं। नाबालिग अपराधों की बढ़ती संख्या पर विशेषज्ञों और जांचकर्ताओं का कहना है नाबालिगों में कानून का डर ना होना , बुरी संगत, शराब या नशीले पदार्थों और तेजी से पैसा बनाने की इच्छाओं आदि के कारण ऐसे अपराधों में बढ़ोतरी देखी जा रही है।

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    रविवार को दो नाबालिगों ने की थी 3 साल की बच्ची की हत्या

    विशेषज्ञों ने बताया कि बुरी संगत और तेजी से पैसा बनाने की इच्छा के कारण रविवार को दो लड़कों द्वारा एक तीन साल की बच्ची का अपहरण कर उसकी हत्या कर देने का मामला सामने आया है। एक वरिष्ठ आईपीएस के अधिकारी ने कहा कि ज्यादातर किशोरों को संपत्ति अपराधों के लिए बुक किया जा रहा है और मुंबई जैसे अमीर शहर में ऐसे अपराध काफी देखने को मिल रहे हैं।

    विभिन्न मोर्चों पर इस समस्या से निपटने की है जरूरत

    पूर्व आईपीएस अधिकारी जूलियो रिबेरो ने कहा कि सरकार को विभिन्न मोर्चों पर इस समस्या से निपटने की जरूरत है। जो बेहतर स्कूल , बेहतर शिक्षक-छात्र अनुपात,सामाजिक कल्याण के उपायों और परामर्श के अलावा बच्चों के मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करने के लिए गैर सरकारी संगठनों को प्रोत्साहित करना आदि शामिल हैं।

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