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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 16, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    हैदराबाद लाया गया अमेरिका में मृत पाए गए भारतीय छात्र का शव, 7 मार्च से लापता था अब्दुल अरफात

    By Agency Edited By: Prateek Jain
    Updated: Tue, 16 Apr 2024 02:30 PM (IST)

    इसी साल अप्रैल महीने की शुरुआत में यूएस के क्लीवलैंड में मृत पाए गए भारतीय छात्र मोहम्मद अब्दुल अरफात का शव मंगलवार को हैदराबाद में उनके आवास पर लाया ...और पढ़ें

    भारतीय छात्र मोहम्मद अब्दुल अरफात का शव मंगलवार को हैदराबाद में उनके आवास पर लाया गया।
    भारतीय छात्र मोहम्मद अब्दुल अरफात का शव मंगलवार को हैदराबाद में उनके आवास पर लाया गया।

    HighLights

    1. 2023 में क्लीवलैंड स्टेट यूनिवर्सिटी में मास्टर डिग्री के लिए अमेरिका गया था छात्र
    2. पिता ने दावा किय था कि अरफात का अपहरण कर लिया गया था

    एएनआई, हैदराबाद। इसी साल अप्रैल महीने की शुरुआत में यूएस के क्लीवलैंड में मृत पाए गए भारतीय छात्र मोहम्मद अब्दुल अरफात का शव मंगलवार को हैदराबाद में उनके आवास पर लाया गया।

    अरफात कथित तौर पर 7 मार्च से लापता था और 2023 में क्लीवलैंड स्टेट यूनिवर्सिटी में मास्टर डिग्री के लिए संयुक्त राज्य अमेरिका गया था।

    मृतक अरफात के पिता ने सरकार से आग्रह किया था कि उनके बेटे की मौत के बाद उसका शव भारत वापस लाया जाए। न्यूयॉर्क में भारत के महावाणिज्य दूतावास ने कहा कि वह मोहम्मद अब्दुल अरफात की मौत के बारे में जानकर दुखी हैं और उनकी मौत की गहन जांच सुनिश्चित करने के लिए स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में है।

    भारतीय दूतावास ने जताया दुख

    न्यूयॉर्क में भारत के महावाणिज्य दूतावास ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा,

    यह जानकर दुख हुआ कि मोहम्मद अब्दुल अरफात, जिनके लिए खोज अभियान चल रहा था, ओहियो के क्लीवलैंड में मृत पाए गए। मोहम्मद अरफात के परिवार के प्रति हमारी गहरी संवेदना है।

    इसमें कहा गया कि उनके पार्थिव शरीर को भारत लाने के लिए शोक संतप्त परिवार को हर संभव सहायता दी जा रही है। 25 वर्षीय मोहम्मद अरफात मई 2023 में अमेरिका गए थे, लेकिन इस साल 7 मार्च से लापता थे।

    अरफात के पिता मोहम्मद सलीम ने कहा था कि दस दिनों के बाद, उन्हें एक अज्ञात व्यक्ति का फोन आया था, जिसने दावा किया कि अराफात का अपहरण कर लिया गया है और उनकी रिहाई के लिए 1200 अमेरिकी डॉलर की फिरौती मांगी गई थी। 

    कई भारतीय छात्रों की मौत और हमले के मामले भी आए सामने

    हाल ही में भारतीय समुदाय ने ऐसी त्रासदियों में वृद्धि देखी है। इससे पहले अप्रैल में ओहियो के क्लीवलैंड में एक भारतीय छात्र उमा सत्य साई गड्डे की मृत्यु हो गई थी, जिसकी पुलिस जांच चल रही है।

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    वही, इस साल फरवरी की शुरुआत में एक भारतीय छात्र को शिकागो में क्रूर हमले का सामना करना पड़ा। हमले के बाद शिकागो में भारतीय वाणिज्य दूतावास ने कहा कि वह पीड़ित सैयद मजाहिर अली के साथ-साथ भारत में उनकी पत्नी के संपर्क में है।