जमशेदपुर एफसी के आईएसएल छोड़ने पर सुनील छेत्री ने जताई निराशा, टाटा समूह से की फैसले पर पुनर्विचार की अपील
भारतीय फुटबॉल के दिग्गज सुनील छेत्री ने जमशेदपुर एफसी के आईएसएल से हटने पर गहरी निराशा व्यक्त की है। उन्होंने टाटा समूह से इस फैसले पर पुनर्विचार करने ...और पढ़ें

भारतीय फुटबॉल के दिग्गज सुनील छेत्री।
HighLights
सुनील छेत्री ने जमशेदपुर एफसी के हटने पर निराशा जताई।
टाटा समूह से फैसले पर पुनर्विचार करने की अपील की।
भारतीय फुटबाल को टाटा की सबसे ज्यादा जरूरत है।
डिजिटल डेस्क, नई दिल्ली। भारतीय फुटबॉल के दिग्गज खिलाड़ी सुनील छेत्री ने इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) से जमशेदपुर एफसी के हटने के फैसले पर गहरी निराशा जताते हुए इसे दिल पर जोरदार चोट करार दिया है। उन्होंने टाटा समूह से इस फैसले पर पुनर्विचार करने की अपील करते हुए कहा कि भारतीय फुटबाल को इस समय उनकी सबसे अधिक जरूरत है।
आईएसएल 2021-22 की ‘विनर्स शील्ड’ विजेता जमशेदपुर एफसी ने 31 जुलाई को आगामी सत्र में भागीदारी शुल्क जमा करने की समयसीमा चूकने के कुछ घंटे बाद 2026-27 सत्र से लीग से हटने की घोषणा की थी।
क्लब ने जारी बयान की पुष्टि की
क्लब ने इंस्टाग्राम पर जारी बयान में पुष्टि की कि वह आगामी सत्र से आइएसएल का हिस्सा नहीं होगा। इसके साथ ही चार सितंबर से शुरू होने वाले नए सत्र में अब 13 टीमें ही खेलेंगी।
भारत के सर्वकालिक सर्वाधिक गोल करने वाले और सबसे अधिक अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने वाले खिलाड़ी छेत्री ने इंटरनेट मीडिया पर लिखा कि यह जानकर कि जमशेदपुर ने अपनी सीनियर टीम का संचालन बंद कर दिया है, दिल पर गहरी चोट लगी है। खिलाड़ी और सहयोगी स्टाफ क्लब के बिना हो जाएंगे।
छेत्री ने आगे कहा कि हो सकता है कि उन्हें बाद में कोई नया क्लब मिल जाए। लीग एक टीम कम के साथ आगे बढ़ जाएगी, लेकिन शीर्ष स्तर के भारतीय फुटबाल में टाटा समूह का नहीं होना एक ऐसी त्रासदी की तरह होगी, जिसकी कोई भरपाई नहीं हो सकती।