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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 17, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    खाड़ी क्षेत्रों में ऑपरेशन को अंजाम देना होगा आसान, भारतीय सेना को मिलेंगे आठ लैंडिंग अटैक क्राफ्ट साइट

    By AgencyEdited By: Devshanker Chovdhary
    Updated: Tue, 17 Oct 2023 06:20 PM (IST)

    भारतीय सेना देश के खाड़ी क्षेत्रों और नदी घाटियों में खोज व बचाव अभियान के लिए आठ लैंडिंग क्राफ्ट बनाएगी करेगी जिसे हासिल करने की प्रक्रिया शुरू हो चु ...और पढ़ें

    खाड़ी क्षेत्रों में ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए भारतीय सेना बनाएगी लैंडिंग अटैक क्राफ्ट। (फाइल फोटो)
    खाड़ी क्षेत्रों में ऑपरेशन को अंजाम देने के लिए भारतीय सेना बनाएगी लैंडिंग अटैक क्राफ्ट। (फाइल फोटो)

    एएनआई, नई दिल्ली। भारतीय सेना देश के खाड़ी क्षेत्रों और नदी घाटियों में खोज व बचाव अभियान के लिए आठ लैंडिंग क्राफ्ट बनाएगी करेगी, जिसे हासिल करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।

    भारतीय सेना के अधिकारियों ने कहा कि मेक इन इंडिया इन डिफेंस कार्यक्रम के तहत छह गश्ती नौकाएं खरीदी जाएंगी। उन्होंने कहा कि गश्ती नौकाएं खरीदने की योजना पर बातचीत जारी है।

    'चाणक्य डिफेंस डायलॉग' की होगी शुरुआत

    इसी दौरान, भारतीय सेना एक संवाद कार्यक्रम शुरू करने जा रही है, जिसका नाम 'चाणक्य डिफेंस डायलॉग' रखने की योजना है। समाचार एजेंसी एएनआई ने सूत्रों के हवाले से बताया कि 25 या 26 अक्टूबर को इस कार्यक्रम का उद्घाटन हो सकता है। उद्घाटन कार्यक्रम में सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे भी शामिल हो सकते हैं।

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    कार्यक्रम में जुटेंगे विश्व के सैन्य एक्सपर्ट

    सैन्य अधिकारियों ने कहा कि इस प्लेटफार्म का उद्देश्य वैश्विक सुरक्षा और रणनीति को लेकर चर्चा करना है, जहां दुनियाभर के रक्षा एक्सपर्ट और अधिकारी जुटेंगे। इस कार्यक्रम का संचालन करने के लिए भारतीय सेना सेंटर फॉर लैंड एंड वारफेयर स्टडीज (CLAWS) थिंक टैंक के साथ काम कर रही है।

    इसमें ऑस्ट्रेलिया, फ्रांस, जापान और अमेरिका सहित कई देशों के प्रतिभागी शामिल होंगे। दो दिनों तक चलने वाले इस कार्यक्रम में सैन्य रणनीतिकार, राजदूत, रक्षा एक्सपर्ट सहित सैन्य वक्ता शामिल होंगे। इस कार्यक्रम का मुख्य फोकस दक्षिण एशिया और हिंद महासागर के महत्वपूर्ण क्षेत्रों में सुरक्षा चुनौतियों और रणनीतियों पर चर्चा करना है।

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