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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 05, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    सुप्रीम कोर्ट पहुंचा सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद के चुनाव का मामला, 11 नवंबर को होनी है सुनवाई

    By Jagran NewsEdited By: Amit Singh
    Updated: Sat, 05 Nov 2022 11:36 PM (IST)

    उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले की सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद का मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर कानूनी सवाल उ ...और पढ़ें

    सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद के चुनाव का मामला पहुंचा SC
    सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद के चुनाव का मामला पहुंचा SC

    जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के महाराजगंज जिले की सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद का मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल कर कानूनी सवाल उठाया गया है कि सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद के गत मार्च में हुए चुनाव को उपचुनाव माना जाएगा या नहीं। सुप्रीम कोर्ट में इलाहाबाद हाई कोर्ट के गत 12 अक्टूबर के फैसले को चुनौती दी गई है जिसमें हाई कोर्ट ने प्रदेश की अन्य नगरपालिकाओं के साथ सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद का चुनाव कराने के लिए परिसीमन की प्रक्रिया शुरू करने की अधिसूचना रद कर दी थी।

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    सुप्रीम कोर्ट 11 नवंबर को करेगा सुनवाई

    हाई कोर्ट ने सिसवां बाजार नगरपालिका के चुनाव का कार्यकाल पांच साल का माना है। सुप्रीम कोर्ट मामले पर 11 नवंबर को सुनवाई करेगा। हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती देते हुए अभिमंती सिंह ने वकील राजीव दुबे के जरिये सुप्रीम कोर्ट में दाखिल याचिका में कहा है कि सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद का गत मार्च में हुआ चुनाव उपचुनाव था इसलिए अब प्रदेश में नगरपालिका परिषद के नवंबर में होने वाले आम चुनाव के साथ सिसवां बाजार नगर पालिका परिषद का चुनाव भी होना चाहिए। हाई कोर्ट का उस चुनाव को बाई इलेक्शन न मानने का आदेश ठीक नहीं है।

    नगर पंचायत को भंग कर हुआ परिषद का गठन

    कहा गया है कि सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद का गठन नगर पंचायत को भंग कर उपचुनाव के जरिए हुआ है। ऐसे में उसका कार्यकाल सिर्फ नगरपंचायत के बचे हुए कार्यकाल दिसंबर 2022 तक का ही होगा और उसका चुनाव भी अन्य नगरपालिका परिषदों के आम चुनाव के साथ होना चाहिए। इस मामले में हाई कोर्ट ने सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद की चेयरमैन शकुंतला देवी की याचिका स्वीकार करते हुए चुनाव प्रक्रिया शुरु करने के लिए परिसीमन कराने की अधिसूचना रद कर दी थी।

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    हाई कोर्ट ने कहा था कि 13 मार्च 2022 को हुए सिसवां बाजार नगर पालिका परिषद का कार्यकाल पहली बैठक से पांच साल का होगा और इस नगरपालिका परिषद को पांच साल का कार्यकाल पूरा करने का हक है। इसका कार्यकाल नवंबर 2022 को समाप्त नहीं होगा। हाई कोर्ट ने कहा था कि उन्होंने पाया है कि 13 मार्च को सिसिवां बाजार नगरपालिका परिषद का जो चुनाव हुआ वह आम चुनाव की तरह सभी विधायी मंजूरियों और प्रक्रियाओं का पालन करते हुए हुआ था। इसलिए उन्हें यह घोषित करने में कोई हिचक नहीं है कि इस नगरपालिका परिषद का कार्यकाल पांच साल का होगा।

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    हाई कोर्ट का कहना था कि उस समय हुए चुनाव में चुनाव अधिसूचना में सिर्फ बाई इलेक्शन शब्द का प्रयोग होने के अलावा उन्हें उस चुनाव कोई गुणवत्ता पूर्ण अंतर नहीं नजर आता। मालूम हो कि सिसवां बाजार नगरपालिका परिषद नव गठित हुई है उसके पहले नगरपंचायत थी। कोर्ट के आदेश पर ही नवगठित नगर पालिका परिषद के गत मार्च में चुनाव कराए गए थे।