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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 02, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    इस साल जनवरी से मई की बीच टीबी से 44,900 मौतें, राज्य स्वास्थ्य मंत्री ने राज्यसभा में बताएं आंकड़ें

    By Jagran NewsEdited By: Jagran News Network
    Updated: Wed, 02 Aug 2023 07:28 AM (IST)

    इस साल (2023) जनवरी से मई के बीच टीबी से 44800 मौतें हुईं। इस दौरान टीबी के 10.3 लाख से अधिक मामलों की जानकारी मिली। स्वास्थ्य राज्य मंत्री भारती प्रव ...और पढ़ें

    Health News: इस साल जनवरी से मई की बीच टीबी से 44,900 मौतें
    Health News: इस साल जनवरी से मई की बीच टीबी से 44,900 मौतें

    HighLights

    1. जनवरी से मई के बीच टीबी से 44,800 मौतें हुईं।
    2. इस दौरान टीबी के 10.3 लाख से अधिक मामलों की जानकारी मिली।
    3. 2023 में अब तक राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने 7,107 अंग प्रत्यारोपण की जानकारी दी है।

    संसद प्रश्नोत्तर ----------------- इस दौरान टीबी के 10.3 लाख से अधिक मामले मिले-------------------------नई

    दिल्ली, प्रेट्र। इस साल जनवरी से मई के बीच टीबी से 44,800 मौतें हुईं। इस दौरान टीबी के 10.3 लाख से अधिक मामलों की जानकारी मिली। स्वास्थ्य राज्य मंत्री भारती प्रवीण पवार ने मंगलवार को प्रश्न के लिखित उत्तर में राज्यसभा को बताया कि सरकार ने 2025 तक टीबी से संबंधित सतत विकास लक्ष्यों (एसडीजी) को प्राप्त करने के लक्ष्य के साथ राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन कार्यक्रम (एनटीईपी) लागू किया है।

    कोरोना के बाद अंग प्रत्यारोपण में हुई वृद्धि राष्ट्रीय अंग एवं ऊतक प्रत्यारोपण संगठन के आंकड़ों के अनुसार कोरोना के बाद अंग प्रत्यारोपण में वृद्धि हुई है। 2023 में अब तक राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों ने 7,107 अंग प्रत्यारोपण की जानकारी दी है।

    स्वास्थ्य राज्य मंत्री एसपी ¨सह बघेल ने राज्यसभा में एक लिखित उत्तर में कहा कि 2022 में अंग प्रत्यारोपण 16,041 तक पहुंच गया जो 2021 की तुलना में 31 प्रतिशत अधिक था।

    ई-संजीवनी के तहत दिए गए 14.17 करोड़ से अधिक टेली-परामर्श केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री मनसुख मांडविया ने मंगलवार को कहा कि ई-स्वास्थ्य पहल ई-संजीवनी के तहत अप्रैल 2021 से इस साल 26 जुलाई तक 14.17 करोड़ से अधिक टेली-परामर्श दिए गए हैं।मांडविया ने एक प्रश्न के उत्तर में राज्यसभा में कहा कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने टेलीमेडिसिन एप ई-संजीवनी विकसित की है जिसमें डाक्टर दूसरे डाक्टर से सलाह दे सकते हैं। इसके साथ ही मरीज भी डाक्टर से सलाह ले सकता है। इस एप की शुरूआत अप्रैल 2021 में की गई थी।