यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 14, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
NJDG: SC डेटा अब राष्ट्रीय न्यायिक डेटा ग्रिड पर होगा उपलब्ध, CJI चंद्रचूड़ ने की घोषणा
भारत के मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ ने गुरुवार को घोषणा की कि सुप्रीम कोर्ट को जल्द ही राष्ट्रीय न्यायिक डेटा ग्रिड (NJDG) से जोड़ा जाएगा जो तालुक ...और पढ़ें

HighLights
- SC को जल्द NJDG से जोड़ा जाएगा- चंद्रचूड़
- वास्तविक समय के आधार पर NJDG पर अपलोड होगा डेटा
- न्यायिक क्षेत्र में पारदर्शिता आएगी- चंद्रचूड़
नई दिल्ली, एजेंसी। सुप्रीम कोर्ट को जल्द ही NJDG से जोड़ा जाएगा। जिससे लोगों को लंबित मामलों और निपटान दर से संबंधित डेटा आसानी से मिल सकेगा।
भारत के मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ ने गुरुवार को घोषणा की कि सुप्रीम कोर्ट को जल्द ही राष्ट्रीय न्यायिक डेटा ग्रिड (NJDG) से जोड़ा जाएगा, जो तालुका स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक अदालतों में लंबित मामलों और निपटान दर से संबंधित डेटा का भंडार है।
वास्तविक समय के अनुसार अपलोड होगा डेटा
वर्तमान में पोर्टल केवल उच्च न्यायालय स्तर तक का डेटा दिखाता है। जैसे ही CJI ने शीर्ष अदालत में दिन की कार्यवाही शुरू की, उन्होंने कहा कि शीर्ष अदालत का डेटा वास्तविक समय के आधार पर NJDG पर अपलोड किया जाएगा।
CJI ने कहा, एक छोटी सी घोषणा। यह एक ऐतिहासिक दिन है। यह एक अनूठा और सूचनाप्रद मंच है जिसे NIC और सुप्रीम कोर्ट की इन-हाउस टीम द्वारा विकसित किया गया है। अब एक बटन के क्लिक पर आप लंबित मामलों और निपटान (pendency and disposal of cases), वर्ष-वार, पंजीकृत और अपंजीकृत मामलों की कुल लंबितता (total pendency of registered and unregistered cases), कोरम-वार तय किए गए मामलों की संख्या पर वास्तविक समय की जानकारी देख सकते हैं।
न्यायिक क्षेत्र में आएगी पारदर्शिता
CJI ने कहा कि NJDG पर डेटा अपलोड करने से न्यायिक क्षेत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित होगी।
NJDG 18,735 जिला और अधीनस्थ अदालतों और उच्च न्यायालयों के आदेशों, निर्णयों और मामले के विवरण का एक डेटाबेस है जिसे ईकोर्ट प्रोजेक्ट के तहत एक ऑनलाइन मंच के रूप में बनाया गया है। डेटा को कनेक्टेड जिला और तालुका अदालतों द्वारा लगभग वास्तविक समय के आधार पर अपडेट किया जाता है।
खबरें और भी
यह देश के सभी कम्प्यूटरीकृत जिला और अधीनस्थ न्यायालयों की न्यायिक कार्यवाही और निर्णयों से संबंधित डेटा प्रदान करता है। सभी उच्च न्यायालय भी वेब सेवाओं के माध्यम से एनजेडीजी में शामिल हो गए हैं, जिससे मुकदमेबाज जनता को आसान पहुंच की सुविधा मिल रही है।