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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 11, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    भारत के आगे झुका ब्रिटेन, 'खालिस्तान समर्थक उग्रवाद' से निपटने के लिए 95 हजार पाउंड की फंडिंग का किया एलान

    By AgencyEdited By: Achyut Kumar
    Updated: Fri, 11 Aug 2023 12:13 PM (IST)

    ब्रिटेन के सुरक्षा मंत्री टॉम तुगेंदहाट ने खालिस्तान समर्थक उग्रवाद से निपटने के लिए ब्रिटेन की क्षमता बढ़ाने के लिए 95 हजार पाउंड की फंडिंग की घोषणा ...और पढ़ें

    ब्रिटेन ने 'खालिस्तानी समर्थक उग्रवाद' से निपटने के लिए नई फंडिंग की घोषणा की
    ब्रिटेन ने 'खालिस्तानी समर्थक उग्रवाद' से निपटने के लिए नई फंडिंग की घोषणा की

    HighLights

    1. ब्रिटेन ने 'खालिस्तानी समर्थक उग्रवाद' से निपटने के लिए नई फंडिंग की घोषणा की
    2. सुरक्षा मंत्री ने 95 हजार पाउंड के फंडिंग की घोषणा की
    3. ब्रिटेन में खालिस्तानी समर्थक तत्वों की बढ़ती गतिविधियों पर भारत की चिंताओं के बीच लिया गया फैेसला

    नई दिल्ली, पीटीआई। ब्रिटेन के सुरक्षा मंत्री टॉम तुगेंदहाट (Tom Tugendhat) ने 'खालिस्तान समर्थक उग्रवाद' से निपटने के लिए ब्रिटेन की क्षमता बढ़ाने के लिए 95,000 पाउंड (लगभग एक करोड़ रुपये) की नई फंडिंग की घोषणा की है। ब्रिटिश उच्चायोग ने गुरुवार से शुरू हुई तुगेंदहाट की तीन दिवसीय भारत यात्रा पर एक रीडआउट में यह बात कही।

    भारत की चिंताओं के बीच ब्रिटेन ने की फंडिंग की घोषणा

    ब्रिटेन में खालिस्तानी समर्थक तत्वों की बढ़ती गतिविधियों पर भारत में बढ़ती चिंताओं के बीच नई फंडिंग की घोषणा की गई है। सुरक्षा पहल पर द्विपक्षीय सहयोग को बढ़ावा देने और जी-20 की भ्रष्टाचार विरोधी मंत्रिस्तरीय बैठक में भाग लेने के लिए तुगेंदहाट भारत में हैं। उच्चायोग ने कहा,

    गुरुवार को नई दिल्ली में भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ एक बैठक के दौरान तुगेंदहाट ने खालिस्तान समर्थक चरमपंथ से निपटने के लिए ब्रिटेन की क्षमता बढ़ाने के लिए नई फंडिंग की घोषणा की। 95 हजार पाउंड का निवेश 'खालिस्तान समर्थक चरमपंथ' से उत्पन्न खतरे के बारे में सरकार की समझ को बढ़ाएगा, जो संयुक्त चरमपंथ टास्क फोर्स के माध्यम से यूके और भारत के बीच पहले से चल रहे संयुक्त कार्य का पूरक होगा।

    ब्रिटेन के सुरक्षा मंत्री तुगेंदहाट ने कहा कि भारत और ब्रिटेन के बीच जीवंत पुल हमारी गहरी और स्थायी दोस्ती को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि दुनिया के सबसे पुराने और सबसे बड़े लोकतंत्र के रूप में, हमारे पास दुनिया को एक सुरक्षित और अधिक समृद्ध स्थान बनाने के लिए कई साझा अवसर हैं।

    तुगेंदहाट ने कहा कि भारत और ब्रिटेन के बीच गहरी साझेदारी का मतलब है कि हम उन सुरक्षा खतरों से अधिक प्रभावी ढंग से निपट सकते हैं जिनका हम दोनों सामना कर रहे हैं। मैं चरमपंथ के खिलाफ हमारी समझ और क्षमताओं को बढ़ाने के लिए मिलकर काम करने के लिए प्रतिबद्ध हूं - चाहे वह कोई भी रूप ले।" 

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    'जी-20 बैठक में शामिल होकर खुश हूं'

    तुगेंदहाट ने कहा कि वह जी-20 बैठक में शामिल होकर खुश हैं। उन्होंने कहा,

    भ्रष्टाचार हमारी समृद्धि को भी नुकसान पहुंचाता है, हमारे समाज को नुकसान पहुंचाता है और हमारी राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरे में डालता है। मुझे वैश्विक लचीलेपन को मजबूत करने और इसके संक्षारक प्रभाव पर नकेल कसने के लिए भारत की अध्यक्षता में जी20 भ्रष्टाचार विरोधी मंत्रिस्तरीय बैठक में भाग लेने पर खुशी हो रही है।

    सीबीआई मुख्यालय जाएंगे तुगेंदहाट

    शनिवार को होने वाली जी20 बैठक के लिए कोलकाता जाने से पहले, तुगेंदहाट का बाल यौन शोषण और दुर्व्यवहार तथा धोखाधड़ी से उत्पन्न संयुक्त चुनौतियों पर चर्चा करने के लिए केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) के मुख्यालय का दौरा करने का कार्यक्रम है। उच्चायोग ने कहा कि वह राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल से भी मुलाकात करेंगे।