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ओडिशा: 20000 रुपये रिश्वत लेते ASI और उसका सहयोगी रंगेहाथ गिरफ्तार, विजिलेंस ने कसा शिकंजा

Published: Sun, 30 Aug 2026 12:04 AM (IST)

ओडिशा विजिलेंस ने सुंदरगढ़ के लहुनीपाड़ा पुलिस स्टेशन के एएसआई मदन मोहन प्रधान और उनके सहयोगी मनदीप कुमार दासमोदक को 20,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया।

एएसआई मदन मोहन प्रधान और सहयोगी मनदीप कुमार दासमोदक। (जागरण)

एएसआई मदन मोहन प्रधान और सहयोगी मनदीप कुमार दासमोदक। (जागरण)

HighLights

  1. एएसआई मदन मोहन प्रधान 20 हजार रिश्वत लेते गिरफ्तार।

  2. ढाबा मालिक से आबकारी मामले में मदद के लिए रिश्वत।

  3. विजिलेंस ने जाल बिछाकर रंगेहाथ पकड़ा, जांच जारी।

जागरण संवाददाता, राउरकेला। ओडिशा विजिलेंस ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए सुंदरगढ़ जिले के लहुनीपाड़ा पुलिस स्टेशन में तैनात सहायक उप-निरीक्षक (एएसआई) मदन मोहन प्रधान और उनके एक निजी सहयोगी मनदीप कुमार दासमोदक को 20,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ गिरफ्तार किया है।

यह रिश्वत एक ढाबा (भोजनालय) मालिक से आबकारी मामले में मदद करने और उसे गिरफ्तार न करने के एवज में ली जा रही थी।

जानकारी के अनुसार, आरोपी एएसआई मदन मोहन प्रधान ने ढाबा मालिक को धमकाया था कि यदि उसने 20 हजार रुपये की रिश्वत नहीं दी, तो वह उसे तुरंत गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश कर देगा।

दरअसल, पीड़ित ढाबा मालिक और उसके छोटे भाई के खिलाफ एक आबकारी मामला दर्ज था, जिसमें गिरफ्तारी से बचाने के नाम पर यह वसूली की जा रही थी।

पुलिस अधिकारी की धमकियों से परेशान होकर पीड़ित ने कोई अन्य विकल्प न देख ओडिशा विजिलेंस के अधिकारियों से संपर्क किया और मामले की शिकायत दर्ज कराई।

विजिलेंस ने बिछाया जाल

शिकायत का सत्यापन होने के बाद विजिलेंस टीम ने जाल बिछाया। आज (29 अगस्त 2026) जैसे ही एएसआई प्रधान और उनके सहयोगी मनदीप ने शिकायतकर्ता से 20,000 रुपये की घूस ली, विजिलेंस टीम ने उन्हें मौके पर ही धर दबोचा। अधिकारियों ने आरोपियों के पास से रिश्वत की पूरी रकम बरामद कर उसे तुरंत जब्त कर लिया है।

इस कार्रवाई के तुरंत बाद, आय से अधिक संपत्ति (डीए) के एंगल से एएसआई मदन मोहन प्रधान से जुड़े तीन अलग-अलग ठिकानों पर विजिलेंस की टीम द्वारा एक साथ सघन छापेमारी की जा रही है।

इस संबंध में राउरकेला विजिलेंस थाने में भ्रष्टाचार निवारण (संशोधन) अधिनियम 2018 की धारा 7 के तहत मामला (कांड संख्या 10, दिनांक 29.08.2026) दर्ज कर लिया गया है। आरोपी एएसआई और उसके सहयोगी के खिलाफ विजिलेंस की विस्तृत जांच जारी है।

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