ओडिशा में LPG पर सख्ती: खुले बाजार में बिक्री और 5kg के सिलिंडर पर बैन, गैस कनेक्शन के नियम भी बदले
ओडिशा सरकार ने घरेलू रसोई गैस की कालाबाजारी रोकने के लिए कड़े कदम उठाए हैं। अब राज्य में खुले बाजार में गैस सिलेंडरों की बिक्री और 5 किलो वाले सिलेंडर ...और पढ़ें

ओडिशा में सिलिंडर बिक्री के बदले नियम। फोटो पीटीआई

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जागरण संवाददाता, भुवनेश्वर। ओडिशा सरकार ने घरेलू रसोई गैस की कालाबाजारी पर लगाम कसने के लिए बड़ा कदम उठाया है। अब राज्य में खुले बाजार में गैस सिलेंडर की बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित कर दी गई है, जबकि छोटे 5 किलो वाले सिलिंडरों की बिक्री पर भी रोक लगा दी गई है। इसके साथ ही सभी गैस कनेक्शनों के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य कर दिया गया है।
सरकारी अधिकारियों ने रविवार को स्पष्ट किया कि घरेलू गैस की अवैध खरीद-बिक्री और जमाखोरी के खिलाफ सख्त निगरानी शुरू कर दी गई है। जो भी व्यक्ति या एजेंसी नियमों का उल्लंघन करते हुए सिलिंडरों की अनधिकृत बिक्री या वितरण में शामिल पाए जाएंगे, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
ई-केवाईसी से फर्जी कनेक्शनों पर लगेगी रोक
नई व्यवस्था के तहत अब हर उपभोक्ता को अपने एलपीजी कनेक्शन के लिए ई-केवाईसी प्रक्रिया पूरी करनी होगी। सरकार का मानना है कि इससे डुप्लीकेट और फर्जी कनेक्शनों की पहचान आसान होगी और केवल वास्तविक लाभार्थियों तक ही गैस की आपूर्ति सुनिश्चित हो सकेगी। यह कदम वितरण प्रणाली को पारदर्शी और प्रभावी बनाने में मदद करेगा।
5 किलो सिलिंडर पर पूरी तरह बैन
अधिकारियों ने कहा कि छोटे 5 किलो सिलिंडरों का खुले में इस्तेमाल और बिक्री कालाबाजारी का बड़ा जरिया बन गया था। इसी वजह से इस पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया गया है। सरकार का लक्ष्य उन खामियों को बंद करना है, जिनका फायदा उठाकर अवैध कारोबारी मुनाफा कमा रहे थे।
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घबराने की जरूरत नहीं, पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध
सरकार ने जनता को आश्वस्त किया है कि राज्य में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की कोई कमी नहीं है। सभी डिपो और वितरण केंद्रों पर पर्याप्त भंडार मौजूद है और आपूर्ति व्यवस्था सुचारु रूप से चल रही है। लोगों से अपील की गई है कि वे घबराकर खरीदारी न करें।
पारदर्शिता और निष्पक्ष वितरण पर जोर
राज्य सरकार ने दोहराया कि उसका उद्देश्य ईंधन वितरण प्रणाली को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाना है। कड़े नियमों और निगरानी के जरिए सरकार आम लोगों तक आवश्यक संसाधनों की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करना चाहती है, साथ ही अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
ब्लैक मार्केटिंग करने वालों के खिलाफ सख्त कर रहे हैं सख्त कार्रवाई: मंत्री
ब्लैक मार्केटिंग करने वालों के खिलाफ हम सख्त कार्रवाई कर रहे हैं। हम कहीं भी कालाबाजारी की अनुमति नहीं देते। गैस की आपूर्ति सही तरीके से और पर्याप्त मात्रा में की जा रही है।
हमारा नियम है कि शहरी क्षेत्रों में 25 दिनों के भीतर और ग्रामीण क्षेत्रों में 45 दिनों के भीतर गैस उपलब्ध कराई जाएगी। यह व्यवस्था अब लागू है। लेकिन पहले की तरह अब खुले में गैस की बिक्री नहीं होगी, उक्त बातें खाद्य आपूर्ति एवं उपभोक्ता कल्याण मंत्री कृष्ण चंद्र पात्र ने कही है।
सड़क किनारे नहीं मिलेगी गैस
उन्होंने कहा कि हमने लोगों से ई-केवाईसी कराने के लिए भी कहा है। इसका मतलब है कि जिस व्यक्ति के नाम पर गैस कनेक्शन पंजीकृत है, वही उसका उपयोग करेगा। अब सड़क किनारे, घाटों पर या बाजारों में गैस उपलब्ध नहीं होगी।
केवल वही लोग गैस प्राप्त करेंगे जिन्होंने बुकिंग की है और ई-केवाईसी पूरा कर लिया है, मंत्री पात्र ने मीडिया से बातचीत के दौरान यह बात कही है।
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