यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 03, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Defamation Case: मानहानि केस में राहुल गांधी को जमानत, सजा पर रोक के लिए 13 अप्रैल को सुनवाई
Defamation Case मानहानि केस में राहुल गांधी को जमानत मिल गई है। सूरत कोर्ट से मिली दो साल की सजा के खिलाफ राहुल गांधी ने अपील दायर की है। सजा पर रोक क ...और पढ़ें

नई दिल्ली, ऑनलाइन डेस्क। चार साल पुराने मानहानि के एक मामले में कांग्रेस नेता राहुल गांधी को जमानत मिल गई है। राहुल गांधी ने सूरत मजिस्ट्रेट कोर्ट के फैसले के खिलाफ सेशंस कोर्ट में अपील दायर की थी। राहुल को अदालत से राहत मिली है। अब मामले में अगली सुनवाई 13 अप्रैल को होगी। सूरत की अदालत ने सभी पक्षों से राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि मामले में 10 अप्रैल तक जवाब दाखिल करने को कहा है।
राहुल गांधी के साथ कई नेता भी पहुंचे
राहुल गांधी सूरत कोर्ट में अपील दायर करने के लिए सोमवार दोपहर दिल्ली से रवाना हो गए थे। राहुल गांधी के साथ उनकी बहन प्रियंका गांधी भी आई थीं। साथ ही छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल, हिमाचल प्रदेश के सीएम सुखविंदर सुक्खू और राजस्थान के सीएम अशोक गहलोत भी थे।
#WATCH Congress leader Rahul Gandhi along with his sister and party leader Priyanka Gandhi Vadra as they were on their way to Surat District Court today
(Video source: Congress) pic.twitter.com/VQ2zdFChPA
— ANI (@ANI) April 3, 2023
हिरासत में कांग्रेस के कई कार्यकर्ता
कांग्रेस नेता राहुल गांधी के समर्थन में भरूच से सूरत जा रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पुलिस ने रोका और हिरासत में ले लिया। सूरत की सेशन कोर्ट के बाहर भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं का जमावड़ा लगा हुआ था। कांग्रेस कार्यकर्ता ने राहुल गांधी के समर्थन में हाथों में पोस्टर लिए हुए थे।
अन्याय के खिलाफ लड़ेंगे: खरगे
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि हम कोर्ट के निर्णय पर बहस नहीं करेंगे, लेकिन अन्याय के खिलाफ लड़ेंगे। यह गुजरात में शक्ति प्रदर्शन नहीं है। वह हमारे नेता हैं और अपने नेता के साथ खड़े होने के लिए छत्तीसगढ़, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जा रहे हैं।
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बीजेपी का हमला जारी
केंद्रीय मंत्री अनुराग ठाकुर ने कहा कि राहुल गांधी ने एक बार नहीं, बल्कि कई बार पिछड़ों का अपमान करने का काम किया है। दुख इस बात का है कि कांग्रेस ने माफी मांगना तो दूर, दबाव बनाने और डराने का काम कर रही है। जब तीन वर्ष थे तब तो इनके साथ कोई नहीं गया। अब राज्य के मुख्यमंत्रियों को कामकाज छुड़ाकर, इस काम पर लगाया है।
23 मार्च को सुनाई गई थी सजा
बता दें कि सूरत के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट एचएच वर्मा की अदालत ने 23 मार्च को राहुल गांधी को मोदी सरनेम को लेकर मानहानि के मुकदमे में दोषी ठहराया था। अदालत ने राहुल को दो साल की सजा सुनाई है। इस वजह से वायनाड से लोकसभा की उनकी सदस्यता रद कर दी गई।