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    यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 21, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

    'अमृतपाल और उसके साथी CM मान की जान के लिए खतरा', पंजाब पुलिस ने हाई कोर्ट में दी जानकारी

    Updated: Sat, 21 Sep 2024 08:10 PM (IST)

    पंजाब पुलिस ने हाई कोर्ट में दायर एक हलफनामे में जानकारी दी है कि अमृतपाल और उसके साथी मुख्यमंत्री भगवंत मान की जान के लिए खतरा हैं। पुलिस ने अमृतपाल ...और पढ़ें

    अमृतपाल भगवंत मान की जान के लिए भी खतरा- पंजाब पुलिस
    अमृतपाल भगवंत मान की जान के लिए भी खतरा- पंजाब पुलिस

    HighLights

    1. पंजाब पुलिस ने हाई कोर्ट में दायर हलफनामे में दी जानकारी।
    2. पुलिस ने अमृतपाल के कुछ वीडियो क्लिप का दिया है हवाला।

    दयानंद शर्मा , चंडीगढ़। पंजाब पुलिस ने दावा किया है कि राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (एनएसए) के तहत हिरासत में लिए गए कट्टरपंथी अमृतपाल और उसके साथी न केवल राज्य की कानून-व्यवस्था के लिए गंभीर खतरा हैं, बल्कि राज्य के मुख्यमंत्री भगवंत मान की जान के लिए भी खतरा हैं।

    अपने दावे के समर्थन में राज्य पुलिस ने अमृतपाल के कुछ वीडियो क्लिप का हवाला दिया है, जिसमें वह यह कहते हुए दिखाई दे रहे हैं कि पंजाब के मुख्यमंत्री इस तरह से काम कर रहे हैं कि उनका भी वही हश्र हो, जो पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह का हुआ था, जिसकी हत्या मानव बम से की गई थी।

    एसएसपी के हलफनामे के माध्यम से किया दावा

    राज्य पुलिस ने यह दावा अमृतसर के एसएसपी (ग्रामीण) चरणजीत सिंह के माध्यम से दायर हलफनामे के माध्यम से किया है, जो अमृतपाल सिंह के सहयोगियों द्वारा एनएसए के तहत उनकी ताजा हिरासत के आदेश को चुनौती देने वाली कई याचिकाओं के जवाब में किया गया है।

    एसएसपी द्वारा दायर किए गए हलफनामे के अनुसार, फरवरी 2023 में अजनाला पुलिस स्टेशन की घटना के बाद, अमृतपाल का पुलिस स्टेशन अजनाला के ठीक बाहर वीडियो टेप किया था, जिसमें वह यह आरोप लगा रहा था कि पंजाब के सीएम इस तरह से काम कर रहे हैं कि यह सुनिश्चित हो कि उनका वही हश्र हो जो पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय बेअंत सिंह का हुआ था, जिनकी मानव बम से हत्या कर दी गई थी।

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    वीडियो में अमृतपाल ने सीएम मान के लिए कही ये बात

    एसएसपी के अनुसार, उक्त वीडियो क्लिप में अमृतपाल को यह कहते हुए देखा और सुना जा सकता है, "हमने सीएम मान को सीएम बेअंत सिंह के रास्ते पर न चलने की चेतावनी दी थी। सीएम मान अभी भी बेअंत सिंह द्वारा पहले अपनाए गए रास्ते पर आगे बढ़ रहे हैं। दिलावर ने मानव बम के रूप में काम किया और सीएम बेअंत सिंह को उड़ा दिया। सीएम मान ने यह सुनिश्चित किया है कि आज इस भीड़ में से कई दिलावर पैदा हुए हैं।"

    अमृतपाल ने की थी भड़काऊ बातें

    राज्य पुलिस के अनुसार, याचिकाकर्ता की मौजूदगी में अमृतपाल सिंह द्वारा की गई उपरोक्त भड़काऊ बातें पंजाब राज्य के युवाओं को गुमराह करने की प्रवृत्ति रखती थीं, जिसमें दिलावर सिंह जैसे मानव बम के रूप में कार्य करना और राज्य के लोकतांत्रिक रूप से निर्वाचित मुख्यमंत्री की हत्या करना वीरतापूर्ण कार्य था।

    'अमृतपाल और उसके समर्थक कानून हाथ में ले सकते हैं'

    राज्य पुलिस ने अपने विस्तृत जवाब में दावा किया है कि यह आशंका थी कि अमृतपाल सिंह और उसके समर्थक भविष्य में भी, उनके अपने कट्टरपंथी और चरम विचारों के विपरीत कोई भी विचार व्यक्त करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ गंभीर अवैधानिकताएं करने की संभावना रखते हैं।

    वह कानून को अपने हाथों में ले सकते है और उन सभी को नुकसान पहुंचाते हैं जो उनकी विचारधारा से सहमत नहीं हो सकते हैं, जैसा कि उन्होंने हाल के दिनों में किया है। राज्य में कानून और व्यवस्था, सार्वजनिक व्यवस्था के रखरखाव और राज्य की सुरक्षा की गंभीर और प्रतिकूल स्थिति पैदा होने की सबसे अधिक संभावना थी।

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    सरकार ने अमृतपाल के करीबियों के याचिकाओं पर दाखिल किया जवाब

    राज्य सरकार की ओर से यह जवाब अमृतपाल के करीबी सहयोगी सरबजीत सिंह कलसी और गुरमीत सिंह गिल उर्फ गुरमीत भुक्कनवाला द्वारा दायर कई याचिकाओं के जवाब में दाखिल किया गया है, जो असम की डिब्रूगढ़ जेल में एनएसए के तहत बंद हैं। कलसी और भुक्कनवाला दोनों ने इस साल मार्च में पंजाब सरकार द्वारा पारित अपने नए हिरासत आदेशों को चुनौती दी है।

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