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PU में 26 वर्षों में पांचवीं बार हरियाणा का प्रधान, जींद के अंकित बिढान की CM सैनी ने थपथपाई पीठ

Published: Thu, 03 Sep 2026 03:44 PM (IST)

पंजाब यूनिवर्सिटी छात्र परिषद के अध्यक्ष पद पर 26 वर्षों में हरियाणा के किसी छात्र की पांचवीं जीत है। प्रधान ...और पढ़ें

सीएम आवास पर पीयू के अध्यक्ष अंकित बिढान और उनकी टीम का मुंह मीठा करवाते मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी।

सीएम आवास पर पीयू के अध्यक्ष अंकित बिढान और उनकी टीम का मुंह मीठा करवाते मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी।

HighLights

  1. जींद जिले से तीन युवा बन चुके पीयू के प्रधान।

  2. 2000 में भूपेंद्र भूरा ने सबसे पहले जीत दर्ज की थी।

  3. पीयू छात्र राजनीति में बढ़ रहा हरियाणा का दबदबा।

मोहित पांडेय, चंडीगढ़। हरियाणा के जींद जिले के अंकित बिढान ने पंजाब यूनिवर्सिटी में छात्र परिषद के प्रधान पद पर जीत हासिल की है। 26 वर्षों में यह पांचवां मौका है, जब पीयू में हरियाणा से कोई प्रधान बना हो।

मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के ऑफिशियल एक्स अकाउंट हैंडल पर अंकित और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) की पूरी टीम के साथ एक फोटो खूब वायरल हो रही है। अंकित बिढान और उसकी टीम चंडीगढ़ में सीएम आवास पर मुख्यमंत्री नायब सैनी से मिलने गए थे।

पीयू में एबीवीपी की जीत, हरियाणा के गबरू का प्रधान बनना और केसरिया पगड़ी पहन सीएम सैनी का मिठाई खिलाना, तस्वीर के अलग-अलग मायने निकाले जा रहे हैं। 

कुछ भी हो यह हरियाणा के लिए गर्व की बात है, जिसकी नींव 26 साल पहले वर्ष जींद के ही भूपेंद्र बूरा उर्फ भूप्पी ने रखी थी। पीयू के आज तक के इतिहास में हरियाणा से पांच अध्यक्ष बने, जिनमें से तीन का संबंध जींद जिले से है।

2000 में भूप्पी का अध्यक्ष चुना जाना इसलिए भी बड़ी उपलब्धि था क्योंकि पीयू की छात्र राजनीति में पंजाब के छात्र संगठनों का मजबूत प्रभाव माना जाता था। तब भूप्पी को किसी राजनीतिक दल का प्रत्यक्ष समर्थन हासिल नहीं था।

उन्होंने छात्र इकाइयों के समर्थन से जीत हासिल की और पीयू में हरियाणा का परचम लहराया। इससे हरियाणा के विद्यार्थियों में यह विश्वास पैदा किया कि ग्रामीण व छोटे शहरों से आने वाले युवा देश के प्रतिष्ठित विश्वविद्यालय की छात्र राजनीति में मजबूत पहचान बना सकते हैं। 

अब तक 35 अध्यक्ष, 5 हरियाणा से

पंजाब यूनिवर्सिटी छात्र परिषद की छात्र राजनीति में वर्ष 1997 से अब तक कुल 35 अध्यक्ष बने हैं। इनमें पांच अध्यक्ष हरियाणा से रहे हैं। वर्ष 2000-01 में भूपेंद्र बूरा के बाद वर्ष 2015-16 में दिव्यांशु बुद्धिराजा एनएसयूआई की ओर से अध्यक्ष बने। इसके बाद 2022-23 में आयुष खटकड़ आम आदमी पार्टी के समर्थन से अध्यक्ष चुने गए।

वर्ष 2024-25 में अनुराग दलाल ने अध्यक्ष पद पर जीत दर्ज की। अब अंकित बिढान ने एबीवीपी के उम्मीदवार के रूप में जीत हासिल कर हरियाणा के अध्यक्षों की सूची में अपना नाम दर्ज कराया है। भूपेंद्र बूरा, आयुष खटकड़ और अंकित बिढान का संबंध जींद जिले से हैं। ऐसे में पीयू की छात्र राजनीति में हरियाणा का दबदबा बढ़ रहा है।

पीयू के अब तक के अध्यक्ष

सत्र पीयू छात्र परिषद अध्यक्ष
1977-78 बीपी सिंह खोसा
1978-79 सुधीर वालिया
1979-80 सनी मान
1980-81 अश्वनी सेखड़ी
1981-82 अनमोल आरएस सिद्धू
1982-83 राजिंदर के दीपा
1983-84 राजिंदर के दीपा
1997-98 मुनिश आनंद
1998-99 डीपीएस रंधावा
1999-2000 डीपीएस रंधावा
2000-01 भूपिंदर सिंह
2001-02 संतोकविंदर सिंह नाभा
2002-03 मलविंदर सिंह कंग
2003-04 मलविंदर सिंह कंग
2004-05 राजविंदर सिंह लकी
2006-07 दलवीर सिंह खंगूरा
2007-08 परमिंदर जसवाल
2009-10 अमित भाटिया
2010-11 गुरिंदर सिंह औलख
2011-12 पुष्पिंदर शर्मा
2012-13 सतिंदर सिंह धाली
2013-14 चंदन राणा
2014-15 दिव्यांशु बुधिराजा
2015-16 जस्मीन
2017-18 जशन कम्बोज
2018-19 कनुप्रिया
2019-20 चेतन चौधरी
2022-23 आयुष खटकड़
2023-24 जतिंदर सिंह
2024-25 अनुराग दलाल
2025-26 गौरव वीर सोहल
2026-27 अंकित बिढान

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